‘बालेन शाह को प्रधानमंत्री बनाने के लिए पार्टी के विधान में संशोधन जरूरी नहीं’

समाचार सारांश
- राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी १३ जेठ को बालेन शाह को प्रधानमंत्री घोषित करने की तैयारी में है और महामंत्री कविंद्र बुर्लाकोटी के अनुसार विधान में संशोधन की आवश्यकता नहीं होगी।
- रास्वपा वर्तमान में २२ मंत्रालयों को घटाकर १८ मंत्रालयों में सीमित करने की तैयारी कर रही है और कुछ मंत्री दोहरी जिम्मेदारी संभाल सकते हैं।
- संसदीय दल के नेता चयन के लिए १२ जेठ को बैठक होगी और सभी मंत्री १३ तारीख को एक साथ शपथ लेंगे।
काठमांडू। राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी (रास्वपा) नई सरकार गठन के लिए व्यस्त है। बालेन शाह को प्रधानमंत्री बनाने के लिए पार्टी के विधान में संशोधन की आवश्यकता नहीं है, ऐसा रास्वपा के महामंत्री कविंद्र बुर्लाकोटी ने कहा है।
उनके अनुसार, बिना किसी विधान संशोधन के वरिष्ठ नेता बालेन शाह १३ जेठ को प्रधानमंत्री के रूप में शपथ लेंगे। उसी दिन एक छोटा आकार का मंत्रिपरिषद भी गठन किया जाएगा। वर्तमान में मौजूद २२ मंत्रालयों को घटाकर अधिकतम १८ मंत्रालयों में सीमित करने का प्रयास रास्वपा कर रही है।
इस विषय पर रास्वपा महामंत्री कविंद्र बुर्लाकोटी से बातचीत –
छोटे आकार के मंत्रिपरिषद बनाने की क्या तैयारी है? कितने मंत्रालय होंगे?
मंत्रालयों की संख्या कम करने के लिए गृहकार्य चल रहा है। हमारे वचन-पत्र में १८ मंत्रालय रखने का उल्लेख है। उसी के आसपास मंत्रालयों को समायोजित करने का काम जारी है।
मंत्रालयों को संचालित करने के लिए उन्हें छोटा बनाने या दोहरी जिम्मेदारी देने का क्या योजना है?
मंत्रालयों से जुड़े विभिन्न विभाग और कार्य क्षेत्रों को किस मंत्रालय के अधीन रखा जाए, इस पर विचार हो रहा है। अभी २२-२३ मंत्रालय हैं। उन्हें घटाकर १८ करने के बाद किन मंत्रालयों को हटाना है और उनके कार्य दूसरे मंत्रालयों को कैसे सौंपे जाएं, इस पर गृहकार्य चल रहा है।
ठीक तऱह से निर्णय नहीं हुआ है लेकिन लगभग १८ मंत्रालयों में सीमित करने की योजना है।
१५ मंत्रालय रहने की अफवाहें चल रही हैं?
कम करने का प्रयास है, लेकिन फिलहाल प्राथमिकता के अनुसार लगभग १८ मंत्रालयों में mayoría मंत्री शामिल होंगे। कुछ मंत्री दो मंत्रालयों की जिम्मेदारी भी संभाल सकते हैं, ऐसा सुझाव भी है।
दोहरी जिम्मेदारी देने पर गृहकार्य हो रहा है?
हां, इस पर सुझाव आए हैं और गृहकार्य चल रहा है। अभी अंतिम निर्णय बाकी है।
मंत्रालय की संख्या सुनिश्चित हो चुकी है?
अभी तक आधिकारिक तौर पर कोई अंतिम निर्णय नहीं हुआ है। व्यक्तिगत स्तर पर कुछ प्रस्ताव आए हैं, लेकिन पार्टी के सामूहिक निर्णय अभी बाकी हैं। व्यक्तिगत गृहकार्य समाप्त हो सकता है, लेकिन सामूहिक निर्णय अभी बाकी है।
आप कह रहे हैं कि मंत्रालयों की संख्या अभी निश्चित नहीं हुई है?
पार्टी के संयंत्र में औपचारिक रूप से कोई निर्णय नहीं लिया गया है।
क्या व्यक्तिगत जिम्मेदारियों पर निर्णय हो चुका है?
जिम्मेदारी संबंधी कोई भी अंतिम निर्णय नहीं हुआ है। निर्णय एक साथ लिया जाएगा और विस्तृत विभाजन अभी नहीं हुआ है। अभी प्रस्ताव के स्तर पर गृहकार्य चल रहा है।
क्या १३ जेठ को सभी मंत्रियों का शपथ ग्रहण एक साथ होगा?
हां, १३ तारीख को सभी एक साथ शपथ लें, ऐसी तैयारी होनी चाहिए। प्रधानमंत्री की शपथ के बाद उसी दिन सभी मंत्री भी शपथ ग्रहण करेंगे।
संसदीय दल के नेता चयन और केन्द्रीय समिति की बैठक की तैयारी कैसी है?
संसदीय दल के नेता के चयन के लिए १२ जेठ को सांसदों की शपथ के बाद बैठक आयोजित करने की तैयारी है।
क्या विधान संशोधन करने की योजना है?
राजनीतिक सहमति के कारण विधान संशोधन की आवश्यकता नहीं लग रही है। दल के नेता से संबंधित विषय के लिए संशोधन जरूरी नहीं है, लेकिन अन्य मामलों के लिए संशोधन संभव हो सकता है। राजनीतिक सहमति इसे पहले ही पार कर चुकी है और केन्द्रीय समिति ने भी इसका अनुमोदन कर दिया है। इसी आधार पर आगामी कार्य आगे बढ़ रहे हैं।





