
सरकार ने पूर्व गृह मंत्री सुदन गुरुङ के कार्यकाल और उसके बाद उठे सार्वजनिक सरोकार के विषयों की जांच के लिए एक समिति गठित की है। मंत्रिपरिषद की २०८३ वैशाख २८ की बैठक में उच्च अदालत के पूर्व न्यायाधीश अच्युतप्रसाद भण्डारी की अध्यक्षता में समिति बनाने का फैसला लिया गया।
समिति में महालेखा नियंत्रक शोभाकांत पौडेल और सहन्यायाधीवक्ता अच्युतमणि नेउपाने सदस्य के रूप में शामिल होंगे। इस समिति को पूर्व गृह मंत्री गुरुङ से जुड़े सार्वजनिक मुद्दों की सत्यता की पड़ताल कर सरकार को राय और सुझाव सहित १५ दिनों के भीतर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का दायित्व सौंपा गया है।





