
कास्की के सूर्यदर्शन सहकारी ठगी मामले में जेल में बंद महेंद्र भोटे ५ लाख रुपये जमानत पर रिहा हुए हैं। कास्की जिला अदालत के न्यायाधीश हिमलाल बेल्बासे की अदालत ने उन्हें १७ करोड़ रुपये जुर्माना भरने की प्रतिबद्धता के साथ जमानत पर छोड़ने का आदेश दिया है। २४ जेठ, पोखरा।
महेंद्र भोटे जमानत पर रिहा होने के बाद १७ करोड़ रुपये जुर्माना भुगतान करने के समझौते के तहत ५ लाख रुपये जमानत राशि जमा कर रिहा हुए हैं। शुक्रवार को कास्की जिला अदालत के न्यायाधीश हिमलाल बेल्बासे की अदालत ने जमानत पर रिहा करने का आदेश दिया है। चूंकि कार्यालय शनिवार और रविवार को बंद रहता है, इसलिए सोमवार को उनकी रिहाई की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी।
महेंद्र नेकपा एमाले से जुड़े युवा संघ के नेता हैं। वे पिछले स्थानीय चुनाव में मादी गाउँपालिका के अध्यक्ष पद के लिए चुनाव लड़कर हार गए थे। जिला अदालत में दर्ज इस मामले में १ अरब ११ करोड़ ३४ लाख ४३ हजार ४५ रुपये जुर्माने की राशि वसूली के लिए दावा किया गया था। सहकारी ऐन, २०७४ की धारा १२२ के तहत सहकारी ठगी मामले में १९ लोगों को आरोपी बनाया गया है।
सूर्यदर्शन सहकारी से गजानन बी. राई समूह द्वारा नकली शेयरधारक और विभिन्न कंपनियों का गठन कर पैसा निकाल कर गबन करने की पुलिस की जांच रिपोर्ट में उल्लेख किया गया है। सहकारी की रकम सबसे अधिक गजानन बी. राई के भाइयों के अध्यक्ष रहते हुए गबन हुई है। २०६५ साल असार २६ से २०६८ साल मंसिर १७ तक ज्ञानबहादुर वम्जन की अध्यक्षता में १९ करोड़ २ लाख ८४ हजार रुपये का गबन पाया गया है।





