आजकल अधिकांश प्रेम संबंध सामाजिक मीडिया से शुरू होते हैं। ऐसे शुरू हुए संबंध कुछ को अच्छी तरह आगे बढ़ाते हैं तो कुछ के बीच टूट जाते हैं। कुछ संबंधों में रोचक कथाएँ दिखती हैं तो कुछ धोखाधड़ी और अपराध में परिणत होते हैं। भारत में एक ऐसी ही घटना ने फिलहाल चर्चा बटोरी है। एक युवक और ‘युवती’ के बीच सोशल मीडिया से प्रेम संबंध शुरू होता है। युवक उस व्यक्ति को सिंदूर लगाकर पत्नी भी बनाता है। कुछ समय साथ बिताने के बाद पता चलता है कि वह व्यक्ति वास्तव में पुरुष था। विवाद बढ़ने पर यह संबंध हत्या में बदल जाता है।
मृत शरीर मिलने के बाद रहस्य खुला। 25 जून को गुजरात के राजकोट के मस्कट गेट रेलवे के बल की ओर महिला के कपड़े पहने एक शव मिला था। शव सड़ चुका था। प्रारंभिक जांच में इसे किसी दुर्घटना से हुई मृत्यु माना गया था। पोस्टमार्टम में मृतक के सिर पर गंभीर चोट के प्रमाण मिले। पुलिस ने निष्कर्ष निकाला कि यह मृत्यु दुर्घटना नहीं बल्कि हत्या है। फोरेंसिक रिपोर्ट, सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय लोगों के बयान सहित जांच आगे बढ़ाई गई।
जांच के बाद राजकोट के एक फैक्ट्री में काम करने वाले 20 वर्षीय पियूष कुमार खरवार को गिरफ्तार किया गया। पूछताछ में पियूष ने अपराध स्वीकार किया। पियूष के अनुसार, हत्या किए गए व्यक्ति के साथ उनका तीन साल से संबंध था। उत्तर प्रदेश के पियूष कुमार हैदराबाद में काम के दौरान सोशल मीडिया पर एक लड़की के रूप में मिले थे। फेसबुक पर ‘निशा’ और इंस्टाग्राम पर ‘पूनम’ नाम से मौजूद उस व्यक्ति के साथ पियूष की बातचीत शुरू हुई। लेकिन उस व्यक्ति का असली नाम चंदन कुमार था, जिसने पियूष के सामने लड़की का रूप धर रखा था।
इस प्रकार संबंध आगे बढ़ा। कुछ ही समय में वे साथ रहने लगे। पियूष ने चंदन को सिंदूर लगाकर पत्नी जैसा स्वीकार किया था। शारीरिक संबंध की इच्छा रखने पर चंदन इसे धार्मिक प्रतिज्ञा बताकर टालता था। उसने एक निश्चित अवधि तक शारीरिक संबंध नहीं बनाने की बात कही और बाद में ऐसा करने का वादा किया। एक दिन पियूष ने चंदन को दाढ़ी कटाते देखा और उसकी असलियत समझी। जिसे उन्होंने सिंदूर लगाकर पत्नी बनाया था, वह समलैंगिक पुरुष था। यह जान पियूष ने दूरी बनाने की कोशिश की। पियूष ने चंदन को छोड़कर उत्तर प्रदेश भागा, लेकिन चंदन ने पीछा किया। यहां से भागकर राजस्थान और फिर राजकोट तक पहुंचने के बाद भी चंदन ने साथ नहीं छोड़ा।
राजकोट के पडवाला इलाके में पियूष कारखाने में काम करता था। 21 जून को उसी फैक्ट्री में झगड़ा हुआ। झगड़े के बाद पियूष ने चंदन को बहला-फुसलाकर रेलवे ट्रैक के पास एकांत जगह ले जाकर डंडे से सिर पर प्रहार करते हुए हत्या कर दी। हत्या के बाद शव को पत्थर के नीचे छिपाकर वह काम पर वापस चला गया। राजकोट ग्रामीण पुलिस अधीक्षक विजय सिंह गुर्जर ने बताया कि फोरेंसिक साक्ष्य, सीसीटीवी फुटेज और गवाहों के बयान के आधार पर आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। उन्होंने कहा कि आरोपी के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 302 (हत्या) के तहत मामला दर्ज किया गया है और जांच जारी है।
