प्रधानमंत्री वलेन्द्र शाह ‘बालेन’ के नेतृत्व वाली सरकार ने अपने सौ दिन की उपलब्धियाँ शनिवार को सार्वजनिक कीं। इस अवधि में सरकार ने शिक्षा, स्वास्थ्य, वैदेशिक रोजगार, प्रशासन सहित विभिन्न क्षेत्रों में किए गए कार्यों का विवरण साझा किया। उपलब्धियाँ प्रदर्शित करते हुए सरकार के प्रवक्ता एवं शिक्षा, विज्ञान तथा प्रौद्योगिकी मंत्री ससमित पोखरेल ने कहा कि प्रशासनिक सुधार, सार्वजनिक सेवा वितरण, सुशासन, आधारभूत संरचना विकास तथा सामाजिक क्षेत्रों में प्राथमिक सुधारों को तीव्र गति से लागू किया जा रहा है।
प्रमुख उपलब्धियों में संपत्ति जांच आयोग द्वारा प्रशासनिक और संस्थागत संरचनाओं की तैयारी करते हुए अब तक 11 हजार से अधिक संपत्ति विवरण और शिकायतें एकत्रित की गई हैं। संपत्ति शुद्धिकरण अनुसंधान विभाग ने सात मामले दायर कर 101 व्यक्तियों को प्रतिवादी बनाकर 118 अरब रुपये की मांग की है। सूचना एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय ने सट्टेबाजी एप्लिकेशन और संबंधित वेबसाइटों को बंद करने के निर्णय के तहत विभिन्न सेवा प्रदाताओं से 2 लाख से अधिक डोमेन लिंक 24 घंटे के भीतर बंद कराए हैं।
निजी संपत्ति पर हमले और लूटपाट में संलग्न 13,696 व्यक्तियों को गिरफ्तार कर 6,195 मामले दर्ज किए गए हैं। औद्योगिक और व्यावसायिक सुरक्षा के लिए 77 जिलों में त्वरित प्रतिक्रिया प्रकोष्ठ स्थापित कर 15,439 सशस्त्र सुरक्षा कर्मियों को तैयार किया गया है। पुलिस ने उद्योग, बैंक और सुरक्षा एजेंसियों के साथ त्वरित संपर्क व्यवस्था स्थापित की है।
31 निकायों का खात्मा, 6 निकायों का विलय, 6 निकायों का हस्तांतरण और 18 निकायों के पुनर्गठन की प्रक्रिया आगे बढ़ाई गई है। पूर्व पदाधिकारी और प्रभावशाली लोगों द्वारा नियम विरुद्ध अवैध रूप से उपयोग की गई 672 सरकारी गाड़ियाँ और मोटरसाइकिलें जब्त कर वापस लाई गई हैं। त्रिभुवन विश्वविद्यालय के 400 प्रोफेसर जो अध्ययन अवकाश पर गए थे और वापस नहीं लौटे थे, उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए लगभग 13 करोड़ 26 लाख रुपये राजस्व के तौर पर वापस प्राप्त किए गए हैं।
