Skip to main content

रास्वपामा रवि लामिछाने और बालेन शाह के बीच ‘दूरी बढ़ने का अंदेशा’, लेकिन दोनों पक्षों ने किया समान ‘स्पष्टीकरण’

रास्वपा सभापति रवि लामिछाने और प्रधानमंत्री वालेन्द्र शाह 'बालेन'

तस्वीर स्रोत, RSS

लगभग एक महीने से पार्टी जिम्मेदारी से दूर प्रधानमंत्री वालेन्द्र शाह ‘बालेन’ और राष्ट्रीय स्वतन्त्र पार्टी के नेतृत्व के बीच सरकार संचालन तथा पार्टी पदाधिकारियों को लेकर दूरी बढ़ने का अंदेशा जताया जा रहा है, जबकि नेताओं ने इस संबंध में प्रतिक्रिया दी है।

रास्वपा के नेताओं का दावा है कि पार्टी अध्यक्ष रवि लामिछाने और प्रधानमंत्री शाह के बीच संबंधों पर चिंतित होने की जरूरत नहीं है, लेकिन एक राजनीतिक विश्लेषक ने दोनों नेताओं के बीच “स्वार्थ समूहों की असहमति साफ नजर आने” की बात कही है।

विशेषकर सूकुम्बासी प्रबंधन में सरकार की अपनाई गई नीति पर हाल ही में रास्वपा के कुछ सांसदों ने सवाल उठाए थे। पिछले सप्ताह मीडिया में गेट पर वाहनों को रोकने के विरोध में पार्टी के कुछ नेताओं ने असंतोष व्यक्त किया, वहीं सरकार के निकट रास्वपा समर्थकों की सहभागिता की जानकारी भी सामने आई थी।

जब प्रधानमंत्री व्यवसायियों के साथ चल रही श्रंखला चर्चा में अर्थ मंत्री स्वर्णिम वाग्ले को अलग करने की बातें सामने आईं, तब वाग्ले ने अध्यक्ष से लंबी बातचीत की खबर भी सामने आई।

लेकिन रास्वपा महासचिव विपीन आचार्य का कहना है कि वाग्ले और लामिछाने की मुलाकात प्रधानमंत्री से दूरियों की चर्चा के लिए नहीं, बल्कि “छुट्टियाँ मनाने” के लिए थी। आचार्य लामिछाने के नजदीक माने जाते हैं।