एमाले ने संविधान संशोधन के लिए सुझावों के आधार पर प्रस्ताव बनाने का निर्णय लिया

समाचार सारांश: नेकपा एमाले ने संविधान संशोधन के लिए प्राप्त सुझावों के आधार पर प्रस्ताव तैयार करने का निर्णय लिया है। पार्टी की उपसमिति ने संघीय लोकतांत्रिक गणराज्य और शासन प्रणाली को सुदृढ़ बनाने हेतु आवश्यक सुझाव संकलन शुरू किया है। अग्निप्रसाद खरेल के संयोजन में हुई बैठक में तथ्य, तर्क और औचित्य के आधार पर संविधान संशोधन का प्रस्ताव तैयार करने पर सहमति बनी है। ६ साउन, काठमांडू।
नेकपा एमाले ने संविधान संशोधन के लिए प्राप्त सुझावों के आधार पर प्रस्ताव तैयार करने का निर्णय लिया है। एमाले ने संविधान संशोधन सुझाव कार्यदल गठित करके इस पर कार्य जारी रखा है। संविधान पुनरावलोकन संबंधित प्रस्ताव बनाने तथा सुझाव संकलन हेतु गठित उपसमिति की बैठक बुधवार को पार्टी केन्द्रीय कार्यालय च्यासल में आयोजित हुई। उपसमिति के संयोजक अग्निप्रसाद खरेल की अध्यक्षता में हुई बैठक ने संविधान संशोधन के लिए प्राप्त सुझावों के आधार पर प्रस्ताव तैयार करने का निर्णय लिया है।
संविधान संशोधन सुझाव कार्यदल के सदस्य सचिव महेश बर्तौल ने इस संबंध में जानकारी दी। उनके अनुसार बुधवार को ‘‘संविधान संशोधन के लिए प्राप्त सुझावों को विषयगत रूप से वर्गीकृत कर तथ्य, तर्क एवं औचित्य के आधार पर प्रस्ताव तैयार करने पर चर्चा हुई।’’ बैठक में संविधान कार्यान्वयन के अब तक के अनुभव, उपलब्धियां तथा व्यावहारिक चुनौतियों की समीक्षा पर भी विचार-विमर्श हुआ।
संविधान संशोधन के लिए आवश्यक विषयों की पहचान कर राजनीतिक, संवैधानिक, प्रशासनिक एवं कानूनी दृष्टिकोण से अध्ययन करने पर भी चर्चा हुई, बताया बर्तौल ने। उन्होंने कहा कि राजनीतिक दलों, संवैधानिक निकायों, विषयगत विशेषज्ञों, विधि विशेषज्ञों, प्रशासनिक क्षेत्र, नागरिक समाज और संबंधित पक्षों से सुझाव संकलन की विधि एवं प्रक्रिया पर भी चर्चा हुई। बुधवार की बैठक में उपसमिति के संयोजक खरेल, सदस्य सचिव बर्तौल के साथ रमेश बडाल, टिकराम भट्टराई, राजेन्द्र घिमिरे, अमर थापा एवं पूर्व कानून मंत्री माधवप्रसाद पौडेल भी उपस्थित थे। सदस्य सचिव बर्तौल के अनुसार संघीय लोकतांत्रिक गणराज्य और वर्तमान संविधान द्वारा अपनाई गई शासन प्रणाली को सशक्त बनाने के लिए संविधान संशोधन सुझाव संकलन का कार्य जारी है।





