नरेन्द्र मोदी ने ब्रिक्स सम्मेलन में स्पष्ट किया कि यह किसी के विरुद्ध नहीं है

भारतीय प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने नई दिल्ली में शुरू हुए ब्रिक्स शिखर सम्मेलन के उद्घाटन सत्र में बताया कि ब्रिक्स समूह किसी के विरुद्ध नहीं है। उन्होंने कहा कि पिछले 20 वर्षों में ब्रिक्स ने वैश्विक मंच पर महत्वपूर्ण स्थान प्राप्त किया है और अब एकता एवं सहमति को वास्तविक नतीजों में बदलने का समय आ गया है।
मोदी ने विश्व शासन प्रणाली में सुधार के लिए 10 सूत्रीय रोडमैप प्रस्तुत करते हुए संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में सुधार अब और प्रतीक्षा नहीं कर सकता, यह आवश्यक हो गया है। उन्होंने कहा, “हम एक-दूसरे के दृष्टिकोण का सम्मान करते हैं और सहमति के साथ आगे बढ़ते हैं। अब हमारी एकता और सहमति को वैश्विक मंच पर ठोस परिणाम में बदलने का समय आ गया है।”
उद्घाटन समारोह में रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन, चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग, ईरानी राष्ट्रपति मसूद परेशियन, दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामाफोसा, मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम और इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो भी उपस्थित थे।
मोदी ने ग्लोबल साउथ को नियमों का पालन करने वाले मात्र नहीं, बल्कि नियम बनाने वाले पक्ष भी बनने की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा, “आज ग्लोबल साउथ वैश्विक संकट के मोर्चे पर है, लेकिन निर्णय प्रक्रिया में उसकी भागीदारी कम है।”





