
७ वैशाख, विराटनगर। झापा-११ फुटबल क्लब ने ३८वें संस्करण के ‘विराट गोल्डकप’ फुटबॉल प्रतियोगिता की उपाधि जीती है। विराटनगर के शहीद रंगशाला में रविवार रात आयोजित फाइनल मैच में घरेलू टीम सम्राट स्पोर्टिंग क्लब को २-१ गोल से हराकर झापाने यह उपलब्धि हासिल की है। झापाने इससे पहले २०७१ साल में विराट गोल्डकप का खिताब अपने नाम किया था। उपाधि के साथ झापाने ११ लाख रुपये नकद पुरस्कार प्राप्त किया है, जबकि उपविजेता सम्राट स्पोर्टिंग क्लब को ५ लाख रुपये पुरस्कार दिया गया है।
झापाई जीत में राजेश दाहाल और दिवस उराउ ने गोल किए। सम्राट के पक्ष से सौरभ तामाङ ने एक सांत्वना गोल किया। प्रतिस्पर्धी फाइनल के पहले हाफ में कोई गोल नहीं हुआ और वह शून्य-शून्य हालात में समाप्त हुआ। खेल के ८१वें मिनट में झापाकी ओर से राजेश दाहाल ने गोल कर टीम को बढ़त दिलाई। इस बढ़त के ६ मिनट के अंदर दिवस उराउ ने गोल करके झापाका जीत सुनिश्चित की। खेल के इन्जुरी समय में सम्राट स्पोर्टिंग के सौरभ तामाङ ने गोल कर स्कोर २–१ कर दिया।
फाइनल मैच के ‘प्लेयर ऑफ द मैच’ का खिताब झापा के राजेश दाहाल को दिया गया। सम्राट स्पोर्टिंग के अशोक खवास को प्रतियोगिता का ‘सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी’ चुना गया, जिन्हें ५१ हजार रुपये नकद पुरस्कार मिला। विजेता एवं उपविजेता टीमों को कोशी प्रदेश के सभामुख अम्बरबहादुर विष्ट, कोशी प्रदेश के वन, पर्यटन तथा वातावरण मंत्री भिम पराजुली, विराटनगर महानगरपालिका के प्रमुख निगेश कोइराला एवं विराट गोल्डकप फुटबॉल ट्रस्ट के अध्यक्ष किशोरबहादुर शाही ने पुरस्कार वितरित किए। चैत २८ से शुरू हुई इस प्रतियोगिता में भारत की टीम समेत कुल ८ टीमें हिस्सा ले रही थीं।





