
अमेरिकी प्रतिनिधिसभा (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स) ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को इरान में अतिरिक्त सैन्य कार्रवाई करने से रोकने के लिए एक प्रस्ताव पारित किया है। इस प्रस्ताव को 215 मतों से समर्थन मिला जबकि 208 मतों के खिलाफ थे। चार रिपब्लिकन सांसदों ने डेमोक्रेटिक पार्टी के सदस्यों के साथ मिलकर फरवरी में शुरू हुए युद्ध के खिलाफ असामान्य सहमति दिखाते हुए इस प्रस्ताव को वोट दिया।
यह ट्रंप के युद्ध के अधिकारों को सीमित करने के लिए प्रतिनिधिसभा का चौथा प्रयास है। कांग्रेशनल अनुमोदन के बिना इरान के खिलाफ हो रहे सैन्य अभियान को लेकर आलोचकों द्वारा सवाल उठाए जा रहे हैं। इस प्रस्ताव को लागू करने के लिए कांग्रेस के उच्च सदन, सीनेट से भी मंजूरी मिलनी जरूरी है। सीनेट में रिपब्लिकन बहुमत में हैं, इसलिए प्रस्ताव पारित होने के बाद भी इरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई को पूरी तरह रोक पाने की संभावना कम दिखाई देती है।
ट्रंप इस प्रस्ताव को अपने विशेष अधिकार ‘वेटो’ का प्रयोग कर भी रोक सकते हैं, जिसे खारिज करने के लिए दोनों सदनों में दो-तिहाई बहुमत की आवश्यकता होती है। मई महीने में भी सीनेट ने इसी तरह का प्रस्ताव पेश किया था। बुधवार के मतदान में चार रिपब्लिकन सांसदों सहित डेमोक्रेट ने भी प्रस्ताव का समर्थन किया।
प्रतिनिधिसभा की विदेश मामलों की समिति के डेमोक्रेट सदस्य ग्रेगरी मिक्स ने सदन के मतदान को “इरान में ट्रंप के अवैध और महंगे युद्ध को समाप्त करने की दिशा में पहला कदम” बताया। मिक्स ने कहा, “ट्रंप अपने युद्ध के घोषित उद्देश्यों को प्राप्त करने में नाकाम रहे और इस युद्ध ने अमेरिका में ईंधन की कीमतें बढ़ा दी हैं। यह प्रस्ताव पारित होना एक महत्वपूर्ण मोड़ है। कई रिपब्लिकन सांसद अब मध्य पूर्व में एक और अनिश्चितकालीन युद्ध न चाहने वाले अपने मतदाताओं की आवाज सुन रहे हैं।”




