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प्रवास में रह रहे ३ लाख से अधिक विशेषज्ञों को राष्ट्रीय विकास से जोड़ने के लिए आयोग और एनआरएन के बीच चर्चा

गैरआवासीय नेपाली संघ ने राष्ट्रीय योजना आयोग के साथ सहयोग में चौथे विश्व नेपाली ज्ञान सम्मेलन-२०२७ का आयोजन कर नेपाल के विकास में योगदान देने का लक्ष्य रखा है। एनआरएनए के उपाध्यक्ष डॉ. ज्ञानेन्द्र रेग्मी ने ज्ञान और प्रौद्योगिकी हस्तांतरण को नीतिगत प्रक्रियाओं के साथ जोड़ते हुए बताया कि इस बार का सम्मेलन समाधानमुखी मॉडल पर आधारित होगा। योजना आयोग के उपाध्यक्ष डॉ. गुणाकर भट्ट ने पूर्वाधार विकास, शिक्षा और डिजिटलीकरण में एनआरएन के साथ सहयोग करने के लिए आयोग की प्रतिबद्धता व्यक्त की। १२ साउन, काठमांडू।

गैरआवासीय नेपाली संघ (एनआरएनए) और राष्ट्रीय योजना आयोग के उपाध्यक्ष डॉ. गुणाकर भट्ट के बीच चर्चा हुई। चौथे विश्व नेपाली ज्ञान सम्मेलन-२०२७ के अवधारणापत्र को प्रस्तुत करते हुए ज्ञान, कौशल, प्रौद्योगिकी, नवाचार तथा निवेश के माध्यम से नेपाल के विकास में सहयोग पर बातचीत हुई, जो एनआरएनए ने साझा की। बैठक के दौरान एनआरएनए के उपाध्यक्ष एवं कौशल, ज्ञान तथा प्रौद्योगिकी हस्तांतरण विभाग प्रमुख डॉ. ज्ञानेन्द्र रेग्मी ने बताया कि २०१८ से चल रहे नेटवर्किंग फॉर डेवलपमेंट अवधारणा को इस बार केवल मुद्दामुखी बहस तक सीमित न रखते हुए उसे समाधानमुखी मॉडल में बदला गया है।

डॉ. रेग्मी ने कहा कि चौथे विश्व नेपाली ज्ञान सम्मेलन-२०२७ में छह विषयगत क्षेत्रों पर फोकस होगा, जो योजना आयोग की प्राथमिकताओं से सीधे मेल खाते हैं। सम्मेलन के माध्यम से विश्व भर में बसे ३ लाख से अधिक नेपाली विशेषज्ञ, शोधकर्ता, वैज्ञानिक, प्राविधिक, उद्यमी और विभिन्न पेशेवर क्षेत्रों में कार्यरत विशेषज्ञों के साथ ही नेपाल के नीति निर्माता, सरकारी निकाय, विश्वविद्यालय, अनुसंधान संस्थान और निजी क्षेत्र को एक साझा मंच पर लाकर ज्ञान, कौशल, प्रौद्योगिकी, अनुसंधान और उत्कृष्ट अंतरराष्ट्रीय अभ्यास को नेपाल के विकास से जोड़ना लक्ष्य होगा।

एनआरएनए के उपाध्यक्ष एवं गैरआवासीय नेपाली कल्याण विभाग प्रमुख तथा नागरिकता निरंतरता समिति संयोजक रोजिना प्रधान राई ने विश्व भर में बसे नेपाली विशेषज्ञों के साथ ही दूसरी पीढ़ी के नेपाली मूल के दक्ष और विभिन्न क्षेत्रों में विशेषज्ञता प्राप्त युवाओं को भी नेपाल के विकास से जोड़ना आवश्यक बताया। उन्होंने गैरआवासीय नेपाली विकास कोष, गैरआवासीय नेपाली नागरिकता के प्रभावी क्रियान्वयन और गैरआवासीय नेपाली अधिनियम संशोधन को शीघ्र पूरा करने की जरूरत पर भी बल दिया। एनआरएन डेवलपमेंट फंड लिमिटेड के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अनलराज भट्टराई ने बताया कि गैरआवासीय नेपाली विकास कोष के संचालन के लिए आवश्यक तैयारियां चल रही हैं, जिसमें विश्व भर के छोटे और बड़े गैरआवासीय नेपाली निवेशकों को नेपाल में निवेश के लिए प्रोत्साहित करने का उद्देश्य है।

एनआरएनए के उपमहासचिव कृष्ण पोखरेल ने गैरआवासीय नेपाली की निवेश और निवेश से प्राप्त लाभ को देश में वापस लाने की प्रक्रिया में मौजूद नीतिगत और व्यवहारिक कठिनाइयों के बारे में आयोग को अवगत कराया। प्रतिनिधिमंडल को सम्बोधित करते हुए राष्ट्रीय योजना आयोग के उपाध्यक्ष डॉ. गुणाकर भट्ट ने कहा कि आयोग एनआरएन के साथ सहयोग करने के लिए हमेशा सकारात्मक दृष्टिकोण रखता है। उन्होंने गैरवित्तीय क्षेत्रों के डिजिटलीकरण, उच्च शिक्षा की गुणवत्ता वृद्धि, उपत्यका के बाहर सुरंग मार्ग, यातायात तथा अन्य पूर्वाधार विकास क्षेत्रों में भी सहयोग की संभावनाएं जताईं और विश्व ज्ञान सम्मेलन के लिए आयोग की पूर्ण सहायता की प्रतिबद्धता व्यक्त की। एनआरएनए के मुख्य कार्यकारी अधिकारी राजेन्द्रकुमार राउत ने बताया कि संघ के यूरोप क्षेत्रीय सम्मेलन और एशिया–प्रशांत क्षेत्रीय सम्मेलन की तैयारियां अंतिम चरण में हैं।