
दक्षिण पश्चिमी जापान के क्यूशू द्वीप में मंगलवार को 7.1 मैग्निच्यूड का शक्तिशाली भूकंप आने के बाद जापान के मौसम विज्ञान विभाग ने सुनामी की चेतावनी जारी की है। विभाग ने एक मीटर तक ऊँची सुनामी लहरें आ सकती हैं बताते हुए शाम 5:00 बजे तक सतर्क रहने के लिए संबंधित क्षेत्र के निवासियों से अपील की है।
विश्व के सबसे भूकंपीय सक्रिय देश जापान में साल 2011 के विनाशकारी भूकंप की याद दिलाते हुए हाल के दिनों में बड़े भूकंपों का खतरा बढ़ गया है। जापान के क्यूशू द्वीप पर आए इस कंपकंपाहट को जापान के अपने “शिंडो स्केल” के अनुसार मापा गया है। सुनामी की लहरें एक मीटर तक मापी जा सकती हैं और शाम 5:00 बजे तक इसके पहुंचने का अनुमान है।
जापानी मीडिया NHK ने निर्धारित स्तर तक की लहरें पहले ही रिकॉर्ड हो चुकी होने का उल्लेख किया है। इससे पहले 25 जून को उत्तरी जापान में 7.2 मैग्निच्यूड का भूकंप आया था, लेकिन इसमें किसी व्यक्ति की मृत्यु नहीं हुई और बड़ी क्षति भी नहीं हुई थी।
प्रशांत महासागर के “रिंग ऑफ फायर” के पश्चिमी किनारे पर स्थित चार प्रमुख टेक्टोनिक प्लेटों के शीर्ष पर बसे जापान को विश्व के सबसे भूकंपीय रूप से सक्रिय देशों में से एक माना जाता है। लगभग 12 करोड़ 50 लाख लोगों का आवास होने वाले इस द्वीपसमूह में सालाना सैंकड़ों भूकंपीय झटकों का अनुभव होता है और विश्व में होने वाले भूकंपों का लगभग 18 प्रतिशत यहीं होता है।





