Skip to main content

ताइवान संबन्धी अमेरिकी नीति स्पष्ट करने सी ने की आग्रह

चीन के राष्ट्रपति सी जिनपिंग ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प से ताइवान की स्वतंत्रता का विरोध करने और ताइवान संबंधी मामलों को सावधानीपूर्वक प्रबंधित करने का आग्रह किया है। सी ने चीन और अमेरिका के बीच कृत्रिम बुद्धिमत्ता, आर्थिक और व्यापारिक क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने और प्रतिस्पर्धा को सीमित रखने पर जोर दिया। ट्रम्प ने सी के दौरे को उत्कृष्ट बताया और व्यापार समझौते में सुधार, एआई संवाद का विस्तार तथा 2026 के एपीईसी और जी-20 सम्मेलनों में सहयोग की जानकारी दी। 9 असोज, वाशिंगटन (रासस/एएनआई)।

चीन के राष्ट्रपति सी जिनपिंग ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के साथ वार्ता में ‘ताइवान स्वतंत्रता’ के विरोध करने और ताइवान संबन्धी विषयों को सावधानीपूर्वक संभालने का अमेरिका से आग्रह किया। उन्होंने चीन और अमेरिका के बीच कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) सहित विभिन्न क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर विशेष रूप से जोर दिया। व्हाइट हाउस में हुई बैठक में सी ने दोनों देशों के बीच सहयोग को मुख्य आधार बनाकर प्रतिस्पर्धा को उचित सीमा में रखने तथा मतभेदों को व्यवस्थित करके स्थिर संबंध आगे बढ़ाने पर बल दिया। उन्होंने इस वर्ष मई में की गई सहमति को लागू करते हुए आर्थिक और व्यापारिक संबंधों को स्थिर बनाए रखने, सहयोग के क्षेत्रों का विस्तार करने और विवादों को कम करने का सुझाव दिया।

AI क्षेत्र में दोनों देशों की मजबूत क्षमता का उल्लेख करते हुए सी ने इसके जोखिम और लाभ पर निरंतर संवाद और दुरुपयोग रोकने के लिए संयुक्त प्रयास की आवश्यकता बताई। उन्होंने कहा कि AI मानव नियंत्रण में रहना चाहिए और मानव-केंद्रित दृष्टिकोण से विकसित किया जाना चाहिए। ताइवान के राष्ट्रीय एकीकरण और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा के लिए चीन की स्थिति स्पष्ट करते हुए सी ने कहा कि अमेरिका को ‘ताइवान स्वतंत्रता’ के विरोध में अपनी नीति कायम रखनी चाहिए। उनका यह मानना है कि ऐसा करने से चीन-अमेरिका रणनीतिक सहयोग और द्विपक्षीय संबंधों के विकास के लिए आधार तैयार होगा।

अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने सी के दौरे को उत्कृष्ट बताया और आर्थिक तथा व्यापारिक संवाद जारी रखने की आवश्यकता पर बल दिया। दोनों देशों की टीमों के बीच हाल की वार्ता से नए परिणाम प्राप्त होने का उल्लेख करते हुए उन्होंने व्यापार समझौतों में सुधार के लिए वार्ता को निरंतर बनाए रखने की बात कही। दोनों नेताओं ने एआई क्षेत्र में संवाद और सहयोग बढ़ाने पर भी सहमति व्यक्त की। बैठक में मध्य पूर्व, यूक्रेन संकट और कोरियाई प्रायद्वीप की स्थिति सहित अंतरराष्ट्रीय और क्षेत्रीय विषयों पर विचार-विमर्श हुआ। साथ ही, 2026 में होने वाली एपीईसी आर्थिक नेताओं की बैठक और जी-20 शिखर सम्मेलन के आयोजन में आपसी सहयोग करने पर सहमति बनी। राष्ट्रपति सी के अमेरिका के तीन दिवसीय दौरे के दौरान यह मुलाकात छह महीने से भी कम समय में दोनों नेताओं की दूसरी बैठक है।