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लेखक: space4knews

मनास्लु हिमाल आरोहणको ७० वर्ष पूरा – Online Khabar

मनास्लु हिमाल आरोहण के ७० वर्ष पूरे

१९ वैशाख, गोरखा । इसी वैशाख २६ अर्थात् ९ मई को मनास्लु हिमाल आरोहण के ७० वर्ष पूरे हो गए हैं। उर्केन छिरिंग शेर्पा और जापानी नागारक तोशियो इमानिशी ने सन् १९५६ के ९ मई को पहली बार मनास्लु हिमाल की सफल आरोहण की थी। विश्व का आठवां सबसे ऊंचा, ८,१६३ मीटर ऊँचा यह हिमाल सफलतापूर्वक आरोहित हुए ७०वें वर्ष को विभिन्न कार्यक्रमों के साथ धूमधाम से मनाया जाएगा। नेपाल पर्यटन बोर्ड, मनास्लु संरक्षण क्षेत्र (एमक्याप) सहित पर्यटन क्षेत्र में कार्यरत विभिन्न संघ संस्थाओं के समन्वय में चुमनुव्री गाउँपालिका यह कार्यक्रम आयोजित कर रही है।

मनास्लु हिमाल की तलहटी में स्थित सामागाउँ में यह कार्यक्रम होगा, ऐसी जानकारी शुक्रवार को पत्रकार सम्मेलन में गाउँपालिका अध्यक्ष निमा लामा ने दी। उन्होंने बताया कि पहली बार मनास्लु हिमाल आरोहण करने वाले पर्वतारोहियों सहित अन्य आरोहीयों की मूर्ति का अनावरण किया जाएगा। ‘‘हमने आरोहीयों की मूर्ति बनाई है,’’ उन्होंने कहा, ‘‘कार्यक्रम के अवसर पर इन मूर्तियों का अनावरण किया जाएगा।’’ आरोहीयों को सम्मानित करने के लिए भी कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उत्तरी गोरखा की संस्कृति और परंपरा को दर्शाने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे, उनकी जानकारी थी। वैशाख २७ को पोखरा में मनास्लु हिमाल आरोहण की तस्वीरों सहित मनास्लु पहले सफल आरोहण से संबंधित वृत्तचित्र का प्रदर्शन किया जाएगा। पोखरा स्थित अंतरराष्ट्रीय पर्वतीय संग्रहालय में बनाए गए मनास्लु हिमाल के थ्री डी मॉडल का भी उद्घाटन होगा, बताया गया है।

कञ्चनपुर में 11 वर्षीय बालक पर खरबूजा चोरी का आरोप लगाकर की गई बर्बर पिटाई

कञ्चनपुर के वेदकोट नगरपालिका–5 में 11 वर्षीय बालक को खरबूजा चोरी के आरोप में हाथ-पैर बांधकर बुरी तरह से पीटा गया। बालक के सिर पर चोट आई है और वहाँ तीन टांके लगे हैं, जबकि आरोपी भोज नाथ को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। कञ्चनपुर जिला प्रहरी कार्यालय ने बालक को प्रताड़ित करने वाले नाथ के खिलाफ जांच शुरू कर दी है। 18 वैशाख, काठमांडू।

बालक बगीचे में क्रिकेट बॉल खोजने गया था। लेकिन जब वह बॉल ढूंढ रहा था, तो उस पर खरबूजा चोरी का आरोप लगा दिया गया। इस घटना का वीडियो सामाजिक मीडिया पर वायरल होने के बाद बालक को प्रताड़ित करने वाले व्यक्ति की व्यापक निंदा हुई है। पुलिस के अनुसार, बालक का क्रिकेट बॉल खेत में खो गया था और वह उसे खोजने के लिए बाग में गया था।

आरोपी भोज नाथ 37 साल के हैं और घटना के बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने बताया कि नाथ द्वारा की गई पिटाई से बालक के सिर पर चोट आई है और तीन टांके लगे हैं। कञ्चनपुर जिला प्रहरी कार्यालय के डीएसपी हेमबहादुर शाही के अनुसार, बालक को प्रताड़ित करने वाले नाथ के खिलाफ जांच अभी जारी है। बालक के माता-पिता भारत में मजदूरी के लिए गए हैं और वह अपने दादी-दादाजी के साथ रह रहा है।

अनावश्यक डोजर नचलाउन संघ सरकारलाई सुझाव – Online Khabar

संघीय सरकार को गैरजरूरी डोजर उपयोग न करने की सिफारिश

१८ वैशाख, तेह्रथुम। तेह्रथुम के छथर गाउँपालिका की १६वीं गाउँ सभा एवं शीतकालीन अधिवेशन ने संघीय सरकार को अपनी पालिका क्षेत्र में बिना आवश्यक वजह डोजर न चलाने की सिफारिश की है। छथर–५ में स्थित ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक स्थल ताक्लुङ्गगढ़ी में सम्पन्न इस गाउँ सभा ने यह निर्णय लिया है, जिसकी जानकारी गाउँपालिका अध्यक्ष संतोष तिगेला ने दी। उन्होंने कहा, “गाउँपालिका के क्षेत्र में नेपाल सरकार के आधिकारिक नापी नक्शे के अनुसार ही घरों का निर्माण हुआ है, इसलिए वहां डोजर चलाना आवश्यक नहीं है।”

अध्यक्ष तिगेला ने बताया कि बस्ती संरक्षण और अनावश्यक भौतिक हस्तक्षेप को नियंत्रित करने के लिए संघीय सरकार को यह सुझाव दिया गया है। गाँव सभा ने शिक्षा, रोजगार, अधोसंरचना और पेयजल जैसे बुनियादी क्षेत्रों में केंद्रित विभिन्न कार्यक्रमों को प्राथमिकता देने का भी निर्णय लिया है। साथ ही, सरकारी, गैर-सरकारी, विदेशी और निजी क्षेत्रों में रोजगार न पाने वाले गाँववासियों के आंकड़े संकलित करने का भी निर्णय लिया गया है।

गाउँ सभा ने २०६३ असोज ३ के बाद जन्मे और कक्षा ८ उत्तीर्ण न करने वाले सभी बालक-बालिकाओं को अनिवार्य रूप से विद्यालय में नामांकन कराने की नीति निर्धारित की है। पेयजल संकट को सुलझाने के लिए भी गाउँ सभा ने अल्पकालिक और दीर्घकालिक रणनीतियाँ प्रस्तुत की हैं। डीप बोरिंग संचालन जारी रखने, तमोर लिफ्टिंग योजना शुरू करने हेतु बजट मांगने तथा कन्सुवा और साख्मा लिफ्टिंग योजनाओं को निरंतरता देने का निर्णय किया गया है। सड़क अधोसंरचना के क्षेत्र में, गाउँ सभा ने शुक्रबारे–शनिश्चरे–हाक्पारा सड़क का कालोपत्रे करने के लिए प्रदेश सरकार से अनुरोध करने, ओख्रे–म्याङ्लुङ, शुक्रबारे–खैरेनी, दागपा–फुलेक–वसन्तपुर, शिधुवा–आङ्दिम–शुक्रवारे, धन्कुटा–परेवादिन–फोक्चे सिरान होते हुए म्याङ्लुङ को जोड़ने वाले सड़क निर्माण के लिए भी प्रदेश सरकार से मांग-सिफारिश करने का निर्णय किया है।

राजु अर्याल का सेवा निवृत्ति, नारायणदत्त पौडेल ने सशस्त्र प्रहरी बल का नेतृत्व संभाला

१८ वैशाख, काठमाडौं । अवकाश प्राप्त सशस्त्र प्रहरी बल नेपाल के महानिरीक्षक (आईजीपी) राजु अर्याल को परंपरा के अनुसार श्रद्धापूर्वक विदाई दी गई। नए नियुक्त सशस्त्र प्रहरी महानिरीक्षक (आईजीपी) नारायणदत्त पौडेल ने शुक्रवार को प्रधान कार्यालय हल्चोक में एक विशेष समारोह का आयोजन किया और प्रेम प्रतीक के रूप में अर्याल को विदाई दी। इस अवसर पर अर्याल ने नए आईजीपी पौडेल को संगठन के प्रमुख की छड़ी और सशस्त्र प्रहरी बल नेपाल का झंडा सौंपते हुए नेतृत्व सौंपा। इसी क्रम में अर्याल ने पौडेल को संगठन की संपूर्ण जिम्मेदारी समर्पित की।

विदाई समारोह में अर्याल ने कहा कि नागरिक सुरक्षा की जिम्मेदारी निभाने वाले सुरक्षा संगठन की सर्वोच्च पदवी पर पहुंचना और सफलतापूर्वक सेवा निवृत्ति होना उनके जीवन की एक महत्वपूर्ण उपलब्धि और गर्व का विषय है। उन्होंने बताया कि सशस्त्र प्रहरी संगठन को परिवार के रूप में लेते हुए अनुशासन, त्याग और ईमानदारी के साथ नेतृत्व की सच्ची मंशा सीखने का अवसर उन्हें मिला। संगठन के सुधार प्रक्रिया केवल एक नेतृत्व की अवधि तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक निरंतर चलने वाली प्रक्रिया है। उन्होंने अपनी सेवा अवधि के दौरान मदद, सहयोग और ऊर्जा प्रदान करने वाले सभी साथियों का आभार व्यक्त किया।

विदाई समारोह में नए आईजीपी पौडेल ने कहा कि राष्ट्र की सुरक्षा में समर्पित जीवन कभी सेवा निवृत्त नहीं होता। “यह केवल एक अध्याय का समापन है और एक नई जिम्मेदारी की शुरुआत,” उन्होंने कहा, “सेवा से निवृत्त होने वाले सशस्त्र प्रहरी महानिरीक्षक राजु अर्याल को आने वाले जीवन के लिए सुखद, स्वस्थ, सम्मानजनक और सफल होने की शुभकामनाएं देता हूं और उनका अनुभव, मार्गदर्शन तथा दृष्टिकोण संगठन के लिए आने वाले दिनों में मार्गदर्शक का स्रोत बनेगा।” समारोह में सशस्त्र प्रहरी परिवार महिला संघ की अध्यक्ष अनिता लामिछाने तथा संघ की उपाध्यक्ष श्रीमती सावित्राकुमारी पौडेल ने फूलमालाओं के साथ अर्याल को विदाई दी।

राज्यले ढाल्दियो छानो, फाटेको छाताको ‌ओत

राज्यले छानो हटाउँदा फाटेछ छाताको सतह प्रकट भयो

काठमाडौं आएर इतिहास सुनाउँदै गर्दा, त्यहाँबाट नेपाल प्रहरीको १५/२० जनाको टोली गएको थियो। उनीहरू सबै फर्किसकेपछि कृष्णले निस्तब्ध हुँदै भने, ‘उनीहरू मानौँ पचाएर गए। हामी भने बिचल्लीमा पर्यौं।’

राष्ट्रपति के हस्ताक्षर से संपत्ति शोधन निवारण (तीसरा संशोधन) अध्यादेश जारी

राष्ट्रपति रामचन्द्र पौडेल ने मंत्रिपरिषद की सिफारिश पर संपत्ति शोधन निवारण (तीसरा संशोधन) अध्यादेश-२०८३ जारी किया है। १८ वैशाख, काठमांडू। राष्ट्रपति कार्यालय के प्रवक्ता रितेशकुमार शाक्य के अनुसार उक्त अध्यादेश जारी किया गया है। सरकार ने अब तक विभिन्न ८ अध्यादेश राष्ट्रपति कार्यालय को भेजे हैं। इनमें से सहकारी एवं सार्वजनिक खरीद संबंधी अध्यादेश जारी हो चुके हैं। अन्य अध्यादेशों का अध्ययन अभी जारी है। संविधान परिषद सहित कुछ अध्यादेशों पर राष्ट्रपति पौडेल ने पिछले गुरुवार को विधि विशेषज्ञों के साथ चर्चा भी की थी।

नयाँ इथ्नोग्राफी लेखन पुरस्कार वितरण – Online Khabar

इथ्नोग्राफी लेखन पुरस्कार वितरण समारोह सम्पन्न

दी ओपन इंस्टीट्यूट फॉर सोशल साइंसेज ने ‘इथ्नोग्राफी लेखन पुरस्कार’ का वितरण सफलतापूर्वक संपन्न किया है। सामाजिक विज्ञान के क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण और वैज्ञानिक अनुसंधान को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से आयोजित इस प्रतियोगिता में देश भर के लेखकों द्वारा प्रस्तुत उत्कृष्ट सामग्री को पुरस्कृत किया गया। प्रतियोगिता में श्रीषा बिष्ट के लेख ‘शहरी अनौपचारिक बस्ती में विद्यालय के बाहर रहने वाले बच्चों का दैनिक जीवन संसार’ ने प्रथम पुरस्कार प्राप्त करते हुए एक लाख रुपये नगद पुरस्कार हासिल किया।

इसी प्रकार, छिरिंग छोल्मो गुरुङ के “फूलमायाले कभी नहीं खोला गया दरवाजा” शीर्षक लेख ने दूसरा स्थान और युक्ता सुनुवार के “सहानुभूति के विच्छेदन के भीतर फलीभूत” शीर्षक लेख ने तृतीय स्थान प्राप्त किया, दोनों को क्रमशः २५ हजार रुपये का पुरस्कार दिया गया। संस्थान ने बताया कि हर वर्ष सैंकड़ों नेपाली विद्यार्थी उच्च शिक्षा और अवसर की खोज में विदेश जाते हैं, जिससे बड़ी मात्रा में मुद्रा बाहर जाती है। इसी संदर्भ में, पिछले सात वर्षों से संस्था नेपाल में ही अंतरराष्ट्रीय स्तर की शिक्षा प्रदान कर रही है।

संस्था ने इस प्रयास को और मजबूत बनाने के लिए नया इथ्नोग्राफी लेखन प्रतियोगिता शुरू करने की भी घोषणा की है। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता डॉ. मुक्तसिं लामा ने बताया कि इस प्रकार के पुरस्कार से सामाजिक विज्ञान के क्षेत्र में नए बहस और अनुसंधान का वातावरण उत्पन्न होगा।

काठमांडू के विभिन्न स्थानों से पिस्तौल और नशीले पदार्थ सहित चार लोग गिरफ्तार

नशीले पदार्थ नियंत्रण ब्यूरो कोटेश्वर की टीम ने काठमांडू के विभिन्न स्थानों से पिस्तौल, गोली और ट्रामाडोल सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार किए गए लोगों में बूढानीलकण्ठ नगरपालिका–५ के कबीर देउला, सबीना पोड़े, संसार सितौला और ललितपुर गोदावरी नगरपालिका–११ के सुवास शाहि शामिल हैं। गिरफ्तारियों के दौरान उनके पास से एक पिस्तौल, तीन मैगजीन, चार राउंड गोलियां, दो राउंड एसएलआर गोलियां और 16,750 ट्रामाडोल टैबलेट बरामद की गई है। १८ वैशाख, काठमांडू।

नशीले पदार्थ नियंत्रण ब्यूरो के प्रवक्ता एवं पुलिस उपरीक्षक दुर्गाराज रेग्मी ने बताया, “काठमांडू के विभिन्न स्थानों से हमारी टीम ने पिस्तौल एक, मैगजीन, गोली और नशीले पदार्थ ट्रामाडोल सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। इनकी जांच जारी है।” उन्होंने आगे बताया कि गिरफ्तार किए गए व्यक्तियों के पास से पुलिस ने एक पिस्तौल, तीन मैगजीन, चार राउंड उसी पिस्तौल की गोली, दो राउंड एसएलआर हथियार की गोली और नियंत्रित नशीला पदार्थ ट्रामाडोल की 16,750 टैबलेट बरामद की हैं। पुलिस गिरफ्तार किए गए लोगों के बारे में आवश्यक जांच जारी रखे हुए है।

क्षितिज भण्डारी र कृतिसरा अधिकारी राष्ट्रिय चेस विजेता

क्षितिज भण्डारी और कृतिसरा अधिकारी राष्ट्रीय शतरंज विजेता घोषित

काठमाडौं में सम्पन्न रामहरिकृष्ण स्मृति तीसरी राष्ट्रीय रैपिड और दूसरी राष्ट्रीय ब्लिट्ज शतरंज प्रतियोगिता में एफएम क्षितिज भण्डारी और कृतिसरा अधिकारी विजेता घोषित हुए हैं। क्षितिज भण्डारी ने रैपिड वर्ग में ८.५ अंक और ब्लिट्ज वर्ग में पूर्ण ९ अंक जोड़कर व्यक्तिगत रेटिंग में उल्लेखनीय सुधार किया है। महिला राष्ट्रीय रैपिड विजेता कृतिसरा अधिकारी ने ६ अंक जोड़ते हुए १९१० रेटिंग के साथ उत्कृष्ट प्रदर्शन दिखाया है।

राष्ट्रीय रैपिड प्रतियोगिता में २१३६ रेटिंग वाले क्षितिज भण्डारी ने ९ चरण की स्पर्धा में ८.५ अंक लेकर उपाधि अपने नाम की है। उन्होंने व्यक्तिगत रूप से ३१.४ रेटिंग बढ़ाकर २३६० का श्रेष्ठ रेटिंग प्रदर्शन किया है। वहीं, ब्लिट्ज वर्ग में मकवानपुर के क्षितिज भण्डारी ने पूर्ण ९ अंक प्राप्त कर राष्ट्रीय विजेता घोषित हुए हैं। महिला राष्ट्रीय रैपिड वर्ग में १७५९ रेटिंग वाली कृतिसरा अधिकारी ने ६ अंक हासिल कर राष्ट्रीय विजेता बनीं।

इस मौके पर राष्ट्रीय विजेता क्षितिज भण्डारी को नगद रु. ५० हजार का पुरस्कार दिया गया है जबकि महिला विजेता कृतिसरा अधिकारी को नगद रु. १५ हजार, ट्रॉफी, पदक और प्रमाणपत्र प्रदान किए गए हैं। राष्ट्रीय शतरंज प्रतियोगिता में १८० खिलाड़ियों ने विभिन्न जिलों से भाग लिया, जिनमें से ५३ खिलाड़ियों ने कुल रु. ३ लाख नगद पुरस्कार विभिन्न विधाओं में जीते। कार्यक्रम की अध्यक्षता क्लब अध्यक्ष गोपाल माली ने की, वहीं कार्यवाहक मेयर सुनिता डंगोल ने बुद्धिचाल को बौद्धिक खेल बताते हुए कहा कि काठमाडौं महानगरपालिका खेल के प्रचार-प्रसार में सहयोग करेगी।

म्याग्दी में पहाड़ टूटने से डोजर चालक की मौत

१८ वैशाख, म्याग्दी। म्याग्दी के रघुगंगा गाउँपालिका–१ बेग में शुक्रवार को पहाड़ टूटने से डोजर दबने की घटना में चालक की मौत हो गई है। बेग के भिजरा से भजने जाने वाले सड़क निर्माण के दौरान पहाड़ टूटने से रुइसे देउराली कन्ट्रक्सन प्रालिको डोजर दब गया था। इसी डोजर को चलाने वाले रघुगंगा गाउँपालिका–२ भगवती के ५१ वर्षीय पदम कार्की की मृत्यु होने की पुष्टि जिला प्रहरी कार्यालय ने की है। सडक मार्ग खोदने के दौरान मिट्टी के सूखे पहाड़ टूटने से डोजर और चालक दब गए थे। पुलिस और स्थानीय लोगों ने करीब चार घंटे की मेहनत के बाद कार्की का शव पहाड़ से निकाला। घटना स्थल पर तैनात प्रहरी निरीक्षक सागर तिमिल्सिनाले बताया कि अन्य डोजर और बैकहोहलर बुलाकर पहाड़ में दबे कार्की का शव निकालकर परीक्षण के लिए प्रदेश अस्पताल बेनी भेजा गया है।

क्रियाशील अद्यावधिकमा संस्थापन–इतर रस्साकस्सी – Online Khabar

नेपाली कांग्रेस ने नई सदस्यता प्रणाली के तहत पुराने सदस्यता रद्द करने का निर्णय लिया

नेपाली कांग्रेस ने २५ चैत को सभी पुराने सक्रिय सदस्यताओं को रद्द कर नई सदस्यता प्रणाली के तहत अपडेट करने का निर्णय लिया है। संस्थापन के विपरीत समूह ने सदस्यता अपडेट को विधान के खिलाफ और ऐतिहासिक योद्धाओं का अपमान बताते हुए विरोध जताया है। कांग्रेस ने सदस्यता अपडेट के लिए फॉर्म भरना, फोटो लेना और कांग्रेस आईडी वितरण करने की प्रक्रिया अनिवार्य कर दी है।

१८ वैशाख, काठमाडौँ। १५वें महाधिवेशन की तैयारी के दौर में नेपाली कांग्रेस के अंदर सक्रिय सदस्यता विवाद चरम पर पहुँच गया है। नेतृत्व ने पार्टी को डिजिटलीकरण और सुदृढ़ीकरण करने के लिए नई सदस्यता प्रणाली लाने का प्रयास किया तो संस्थापन विलोम समूह ने इसे विधान विरोधी और ऐतिहासिक योद्धाओं का अपमान करार देते हुए विद्रोह का संकेत दिया। अध्यक्ष गगनकुमार थापा ने २५ चैत को मधेश प्रदेश में आयोजित प्रदेशस्तरीय चुनावी समीक्षा कार्यक्रम में सभी पुराने सक्रिय सदस्यता रद्द होने की घोषणा की और कहा कि नई प्रक्रिया से सदस्यता अपडेट करनी होगी, जिससे विवाद और तेज हो गया है।

कांग्रेस केन्द्रीय कार्यसमिति ने १४वें महाधिवेशन के सभी सक्रिय सदस्यताओं को अपडेट करने के निर्णय की जानकारी देते हुए अध्यक्ष थापाले मधेश जाकर सक्रिय सदस्यता रद्द करने की घोषणा की थी। ‘‘पूर्व केन्द्रीय समिति के निर्णय के तहत हमने नेपाली कांग्रेस पार्टी के सभी सक्रिय सदस्यता रद्द कर दी हैं,’’ मधेश प्रदेश स्तरीय निर्वाचन समीक्षा कार्यक्रम में अध्यक्ष थापाले कहा था, ‘‘सभी रद्द कर दी गई हैं। अब कोई सक्रिय सदस्यता नहीं है।’’ १०–११ चैत को हुई कांग्रेस केन्द्रीय कार्यसमिति की बैठक में ‘‘पार्टी सदस्यता अभिलेख अद्यावधिक संबंधी विशेष व्यवस्था एवं अभियान’’ चलाने का निर्णय लिया गया था।

बैठक के पाँचवें निर्णय में कहा गया था, ‘‘पार्टी की वर्तमान सक्रिय सदस्यता वितरण, प्रबंधन और अभिलेखीकरण प्रणाली को सुव्यवस्थित, चुस्त और सरल बनाने हेतु अब तक पार्टी में सम्मिलित सभी सक्रिय सदस्यों को नेपाली कांग्रेस विधान २०१७ (ग्यारहौ संशोधन) के अनुसार एक बार पुनः सक्रिय सदस्यता फॉर्म भर कर सदस्यता अद्यावधिक करने का यह बैठक निर्णय करती है।’’ सदस्यता अद्यावधिक के लिए वैशाख महीने भर देहात के ७४३ सभी वार्डों में एक महीने का सदस्यता अद्यावधिक विशेष अभियान (जरामा जाऊँ अभियान) संचालित करने का भी निर्णय बैठक में लिया गया था।

सरकार की 15-दिन तलब प्रणाली: कर्मचारियों के जीवन में राहत या तनाव?

सरकार ने हाल ही में कर्मचारियों की तलब 15-15 दिन में भुगतान करने की नई प्रणाली शुरू की है। पिछले चार वर्षों में कर्मचारियों की तलब में कोई ठोस वृद्धि नहीं हुई है, जिससे महंगाई ने कर्मचारियों को गरीब वर्ग में धकेल दिया है। लेखक ने तलब वृद्धि, स्वास्थ्य और शिक्षा सुविधाओं, तथा भ्रष्टाचार नियंत्रण के लिए कड़ी कार्रवाई की आवश्यकता पर ज़ोर दिया है। देश की प्रशासनिक संरचना में कर्मचारी प्रणाली को राज्य संचालन की मेरुदंड माना जाता है। नीति निर्माण से लेकर सेवा प्रवाह तक सब कुछ कर्मचारियों की जिम्मेदारी होती है। लेकिन दुःख की बात है कि वही मेरुदंड आज आर्थिक अभाव और महंगाई के तेज दबाव में दबा हुआ है।

हाल ही में सरकार ने 15-15 दिन में तलब भुगतान करने की नई प्रणाली की शुरुआत की है। सुनने में यह प्रबंधन आधुनिक और आकर्षक लगता है, लेकिन क्या यह कर्मचारियों के जीवन में वास्तविक राहत लाएगा या केवल एक प्रशासनिक प्रयोग बनकर रह जाएगा? यह आज एक गंभीर बहस का विषय है। पिछले दशकों में नेपाल में गठबंधन सरकारें बनी थीं। एमाले, कांग्रेस और माओवादी नेतृत्व वाली सरकारों ने लगभग हर दो वर्षों में बजट के माध्यम से 10-15 प्रतिशत तक तलब वृद्धि की थी, जो एक नियमित प्रक्रिया के रूप में स्थापित हो गई थी। लेकिन पिछले चार वर्षों से कर्मचारियों की तलब में कोई ठोस वृद्धि नहीं हुई है।

15-दिन की तलब प्रणाली से कर्मचारियों के जीवन पर क्या प्रभाव पड़ेगा, यह प्रश्न उठ रहा है। 15 दिन में मिलने वाली 50 प्रतिशत तलब एक कर्मचारी की किन-किन आवश्यकताओं को पूरा कर सकेगी? घर का किराया, बैंक की किस्तें, बच्चों के महंगे स्कूल और ट्यूशन फीस जैसे खर्च काफी बड़े होते हैं। आधी तलब से सिर्फ गैस और सामान्य घरेलू खाद्य पदार्थ खरीदे जा सकते हैं। बाकी 15 दिनों की जरूरतें कैसे पूरी होंगी? यह व्यवस्था कर्मचारियों को और अधिक मानसिक तनाव में डाल रही है।

भ्रष्टाचार नियंत्रण और सुशासन की बातें आजकल फैशन की तरह हो गई हैं। जब राज्य अपने कर्मचारियों को ‘सम्मानजनक जीवन’ जीने के लिए पर्याप्त वेतन नहीं देता, तब कर्मचारी वैकल्पिक और गैरकानूनी रास्ते खोजने के लिए मजबूर होते हैं। नेपाल में स्थिति उल्टी है। सरकार सुशासन का नारा लगाती है, मगर कर्मचारियों को भुखा रखकर ईमानदारी की उम्मीद करती है। 15 दिन में तलब देने का निर्णय केवल एक तकनीकी सुधार है। लेकिन नेपाल के कर्मचारी तंत्र को केवल तकनीकी सुधार ही नहीं, आर्थिक न्याय और सम्मान की आवश्यकता है।

(लेखक शाही करनाली प्रदेश डोल्पा में कार्यरत एक निजामती कर्मचारी हैं।)

नेपाल ने यूएई को रोमांचक जीत से हराया

आज नेपाल ने यूएई को ६ रन के रोमांचक अंतर से हराते हुए महत्वपूर्ण जीत हासिल की। आईसीसी विश्वकप क्रिकेट लीग-२ के तहत, दीपेन्द्रसिंह ऐरी ने ९४ गेंदों में १०० रन बनाकर जीत में अहम भूमिका निभाई। नेपाल ने ५० ओवर में ७ विकेट खोकर २८९ रन बनाए जबकि यूएई को वर्षा के कारण डीएल मेथड के तहत ३८ ओवर में २५५ रन का लक्ष्य मिला, जिसमें उन्होंने ८ विकेट खोकर केवल २४८ रन ही बना सके।

१८ वैशाख, काठमांडू। नेपाल आईसीसी विश्वकप क्रिकेट लीग-२ के घरेलू मैदान त्रिभुवन क्रिकेट मैदान में यूएई के खिलाफ खेल रहा है। यूएई की ओर से मोहम्मद शाहदाद ने सबसे अधिक ६५ रन बनाए, लेकिन यह जीत के लिए पर्याप्त नहीं था। शाहदाद ने हर्पित सिंह के साथ तीसरे विकेट के लिए ८० रन की साझेदारी की, जिसमें सिंह ने ४१ रन जोड़े। अन्य खिलाड़ियों में आर्यशं शर्मा ने ३३, अदीब उसमानी १४, मोहम्मद जुहैब १ और कप्तान मोहम्मद वासिम बिना कोई रन बनाए आउट हुए।

खैजइमा विन तन्विर ने २६ गेंदों में ४९ रन बनाए जबकि अक्षदीप नाथ ३२ गेंदों में २६ रन बनाकर नाबाद रहे। गेंदबाजी में नेपाल के संदीप लाछिमाने ने ३ विकेट लिए, सोमपाल कामी और नंदन यादव ने दो-दो विकेट चटकाए।

पहले बैटिंग करते हुए नेपाल ने टॉस जीतकर निर्धारित ५० ओवर में ७ विकेट के नुकसान पर २८९ रन बनाए। उपकप्तान दीपेन्द्रसिंह ऐरी ने शानदार शतक जड़ा, ९४ गेंदों में 13 चौके और एक छक्का लगाया। चार साल बाद राष्ट्रीय टीम में वापसी करने वाले विनोद भंडारी ने अपने पहले मैच में ५६ रन जोड़े। गुलसन झा ने ४४, ओपनर अर्जुन कुमाल ने ११, कप्तान रोहित पौडेल ने ३९, भीम सार्की कोई रन नहीं बनाया, आरिफ शेख ने ११ रन बनाए और सोमपाल कामी ० रन पर नाबाद रहे।

यूएई के गेंदबाजों में अजय कुमार और जुनैद सिद्दीकी ने समान रूप से दो-दो विकेट लिए, जबकि हैदर अली और खैजइमा विन तन्विर ने एक-एक विकेट चटकाए। अब नेपाल अपनी चौथी मैच मंगलवार को ओमान के खिलाफ खेलेगा।

७२ वर्षीया पम्फाको चित्कार- सरकार ! म कता जाऊँ ? – Online Khabar

७२ वर्षीय पम्फाको मर्मांतक आवाज — सरकार! मैं कहाँ जाऊँ, कैसे जाऊँ?

गोठाटार सुकुमबासी बस्ती में पुलिस प्रशासन ने सुबह माइकिंग कर बस्ती खाली करने का आदेश दिया है। ७२ वर्षीय पम्फा दमाई, जो पिछले १३ वर्षों से इसी झोपड़ी में रहती हैं, तबादले के आदेश के बाद गहरी चिंता में हैं। पम्फा ने अपने जीवन संघर्ष और परिवार की स्थिति बताते हुए मदद के इंतजार में हैं। १८ वैशाख, काठमाडौं। पुलिस प्रशासन ने सुबह माइकिग कर घोषणा की, ‘बस्ती खाली कर दो।’ गोठाटार (लव डाँडा) के सुकुमबासी बस्ती की ७२ वर्षीय पम्फा दमाई दुविधा में पड़ गईं। ‘मेरी सुनवाई कम हुई है। खाली करने को कहा गया है,’ एक पड़ोसी ने उन्हें जानकारी दी। घर-ठिकाना खाली करने की प्रक्रिया शुरू हो गई। कुछ लोग अपनी छतें उतारने लगे, कुछ नये आवास की खोज में निकल पड़े। कुछ पोका-पुतुरा की तैयारी में लगे। लेकिन पम्फा की झोपड़ी केवल एक कच्चा शेड था, चारों ओर जस्ते की चादरों से घिरा हुआ। ‘कल की बारिश में कपड़े भीग गए,’ पम्फा ने बताया। वह कपड़ों को दरवाजे के बाहर सुखाने के लिए रखती हैं। सूखने के लिए अच्छा स्थान भी नहीं है। उनके पास केवल जरूरी सामान ही है। पम्फा पिछले १३ सालों से इसी झोपड़ी में रहती हैं। ‘अन्य लोग कमरे की तलाश कर रहे हैं, लेकिन मैं कहीं नहीं गई और न ही जा सकती हूँ। किराए पर घर लेने के लिए पैसा नहीं है,’ उन्होंने अपनी पीड़ा साझा की। पम्फा कपड़े सिलाने और चूल्हा जलाने का काम करती हैं। ‘मेरे पास सिलाई मशीन है और अभी भी काम कर सकती हूँ। अगर काम नहीं किया तो कौन खायेगा?’ वह थकी नहीं हैं। लेकिन झोपड़ी खाली करने का आदेश मिलने के बाद वह कहां जाएंगी, इस चिंता में हैं। ‘मैं कहीं नहीं जा सकती। झोपड़ी भी नहीं गिरवाना चाहती। यदि पुलिस आने लगे तो कहीं भी ले जाएं, चली जाऊंगी,’ उन्होंने कोई विकल्प न होने की बात कही। पिछले २१ फागुन को हुए प्रतिनिधि सभा चुनाव में उन्होंने रास्वपाका प्रत्याशी को वोट दिया था। ‘मैंने घण्टी (रास्वपाका) को मतदान किया था। अब यह मेरे साथ ऐसा कर रहा है,’ मतदाता परिचय पत्र दिखाते हुए उन्होंने अपनी शिकायत व्यक्त की। पम्फा के १६ संतान थे, लेकिन अब वह अकेली हैं। ‘१४ संतान गुजर चुकी हैं। एक बेटी और एक बेटा बाकी हैं। बेटी अगले दिन आने वाली है,’ उन्होंने बताया। उनका बेटा कूड़ा प्रबंधन में काम करता है। २०५८ साल में उन्होंने अपने पति को खो दिया था और तब से अकेलापन महसूस कर रही हैं। पम्फा का पति २०५८ साल में बीमार हुए थे। वे भक्तपुर के ठिमी के रहने वाले थे और विवाह के बाद गोठाटार आ गई थीं। उनके पास दो-तीन आना जमीन भी थी। ‘पिता की बीमारी कैंसर थी। उनके इलाज और बच्चों की पालन-पोषण में जमीन बेचनी पड़ी और कर्ज के कारण सुकुमबासी बस्ती आ गई,’ उन्होंने बताया। ‘अब मैं यहां से फिर कहां जाऊं?’ पड़ोसी बस्ती छोड़कर जाने की तैयारी कर रहे हैं। लेकिन पम्फा अकेले इसी झोपड़ी में हैं और मदद का इंतजार कर रही हैं।

रासायनिक मल वितरण में नई व्यवस्था लागू, कालाबाजारी करने वालों का लाइसेंस रद्द होगा

कृषि तथा पशुपन्छी विकास मन्त्रालय ने किसानों को रासायनिक मल सहज रूप से उपलब्ध कराने के लिए नई ‘अनुदानको मल वितरण व्यवस्थापन कार्यविधि २०८२’ लागू की है। इस कार्यविधि के तहत मल के कोटा निर्धारण से लेकर वितरण तक की पूरी प्रक्रिया को नियंत्रित करते हुए स्थानीय तहों तक कोटा वितरण की व्यवस्था की गई है। मल वितरण में अनियमितता करने वाले विक्रेताओं का प्रमाणपत्र रद्द किया जाएगा तथा पाँच स्तर की समितियाँ निगरानी और प्रबंधन करेंगी। १८ वैशाख, काठमाडौं।

किसानों को रासायनिक मल की सहज पहुँच देने के उद्देश्य से कृषि तथा पशुपन्छी विकास मन्त्रालय ने नई और कड़ी कार्यविधि जारी की है। १६ वैशाख को कृषिमन्त्री गीता चौधरी ने ‘अनुदानको मल वितरण व्यवस्थापन कार्यविधि २०८२’ के दूसरे संशोधन को मंजूरी दी। कार्यविधि लागू होने के बाद किसानों को रासायनिक मल सरलता से प्राप्त होगा और मल आपूर्ति तथा वितरण प्रणाली व्यवस्थित, पारदर्शी एवं प्रभावी होगी, ऐसी उम्मीद जताई गई है।

कार्यविधि के पूर्ण रूप से लागू होने से कृषि उत्पादन और उत्पादकता में वृद्धि के साथ ही देश की खाद्य सुरक्षा मजबूत होगी, जिससे समग्र आर्थिक समृद्धि में महत्वपूर्ण योगदान मिलेगा, मन्त्रालय का यह विश्वास है। अब सरकार लागत सहभागिता के आधार पर किसानों को अनुदान के तहत मल उपलब्ध कराएगी। मल वितरण प्रणाली को वैज्ञानिक बनाने के लिए मन्त्रालय ने कोटा निर्धारण हेतु स्पष्ट और गणितीय आधार तय किया है।

मल की कीमतों में हो रही कालाबाजारी रोकने के लिए सरकार ने आयात बिंदु पर मल की कीमत निर्धारित की है। अनुदान में दी जाने वाली मल की आयात बिंदु मूल्य यूरिया के लिए प्रति किलो १४ रुपैयाँ, डीएपी के लिए ४३ रुपैयाँ एवं पोटाश के लिए प्रति किलो ३१ रुपैयाँ निर्धारित की गई है। पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए कार्यविधि में कहा गया है, ‘‘स्थानीय तह को स्थानीय समितियों द्वारा तय की गई बिक्री कीमत को स्थानीय तह के कार्यालय और विक्रेताओं के बिक्री केंद्र पर सभी के देखने के लिए चस्पा करने की व्यवस्था करनी होगी।’’