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लेखक: space4knews

विदेशी मुद्राओं के कल के विनिमय दर निम्नलिखित हैं

१५ चैत्र, काठमांडू । नेपाल राष्ट्र बैंक ने रविवार के लिए विदेशी मुद्राओं के विनिमय दर निर्धारित किए हैं। निर्धारित विनिमय दर के अनुसार अमेरिकी डॉलर की खरीद दर १५१ रुपये ४१ पैसे और बिक्री दर १५२ रुपये ०१ पैसे है। यूरोपीय यूरो की खरीद दर १७४ रुपये ३२ पैसे और बिक्री दर १७५ रुपये ०१ पैसे, ब्रिटिश पाउंड स्टर्लिंग की खरीद दर २०१ रुपये ४१ पैसे और बिक्री दर २०२ रुपये २० पैसे, स्विस फ्रैंक की खरीद दर १८९ रुपये ९२ पैसे और बिक्री दर १९० रुपये ६७ पैसे निर्धारित की गई है।

ऑस्ट्रेलियाई डॉलर की खरीद दर १०४ रुपये ३७ पैसे और बिक्री दर १०४ रुपये ७९ पैसे, कनाडाई डॉलर की खरीद दर १०९ रुपये ३२ पैसे और बिक्री दर १०९ रुपये ७५ पैसे, सिंगापुर डॉलर की खरीद दर ११७ रुपये ६४ पैसे और बिक्री दर ११८ रुपये १० पैसे तय की गई है। जापानी येन १० की खरीद दर ९ रुपये ४७ पैसे और बिक्री दर ९ रुपये ५१ पैसे, चीनी युआन की खरीद दर २१ रुपये ९१ पैसे और बिक्री दर २१ रुपये ९९ पैसे, सऊदी अरब रियाल की खरीद दर ४० रुपये ३५ पैसे और बिक्री दर ४० रुपये ५१ पैसे, कतर रियाल की खरीद दर ४१ रुपये ४४ पैसे और बिक्री दर ४१ रुपये ६१ पैसे निर्धारित की गई है।

केंद्रीय बैंक के अनुसार थाई बात की खरीद दर ४ रुपये ६० पैसे और बिक्री दर ४ रुपये ६२ पैसे, यूएई दिरहम की खरीद दर ४१ रुपये २३ पैसे और बिक्री दर ४१ रुपये ३९ पैसे, मलेशियन रिंगित की खरीद दर ३७ रुपये ७३ पैसे और बिक्री दर ३७ रुपये ८८ पैसे, दक्षिण कोरियाई वन १०० की खरीद दर १० रुपये ०३ पैसे और बिक्री दर १० रुपये ०७ पैसे, स्वीडिश क्रोना की खरीद दर १६ रुपये ०५ पैसे और बिक्री दर १६ रुपये ११ पैसे तथा डेनिश क्रोना की खरीद दर २३ रुपये ३३ पैसे और बिक्री दर २३ रुपये ४२ पैसे निर्धारित की गई हैं।

राष्ट्र बैंक ने हांगकांग डॉलर की खरीद दर १९ रुपये ३३ पैसे और बिक्री दर १९ रुपये ४० पैसे, कुवैती दिनार की खरीद दर ४९३ रुपये ७६ पैसे और बिक्री दर ४९५ रुपये ७१ पैसे, बहरीन दिनार की खरीद दर ४०१ रुपये ५७ पैसे और बिक्री दर ४०३ रुपये १६ पैसे, ओमानी रियाल की खरीद दर ३९३ रुपये २८ पैसे और बिक्री दर ३९४ रुपये ८४ पैसे बताई है। भारतीय रुपए की सौ की खरीद दर १६० रुपये और बिक्री दर १६० रुपये १५ पैसे निर्धारित की गई है। राष्ट्र बैंक ने आवश्यकतानुसार इन विनिमय दरों में किसी भी समय संशोधन करने का अधिकार रखा है। वाणिज्यिक बैंक द्वारा निर्धारित विनिमय दर अलग हो सकती है और अद्यतन विनिमय दर केंद्रीय बैंक की वेबसाइट पर उपलब्ध होगी।

कांग्रेस नेता एवं पूर्वमन्त्री दिपक खड्का पक्राउ – Online Khabar

कांग्रेस नेता एवं पूर्वमंत्री दिपक खड्का गिरफ्तार

१५ चैत, काठमाडौं। नेपाली कांग्रेस के नेता एवं पूर्व ऊर्जा मंत्री दिपक खड्का को गिरफ्तार किया गया है। संपत्ति शोधन से जुड़े मामले की जांच के दौरान उन्हें गिरफ्तार किया गया है, सूत्रों ने जानकारी दी है।

नेपाल कबड्डी लिग सिजन २ के ६ टीम मालिकों की घोषणा

नेपाल कबड्डी लिग सिजन २ के टीम मालिकों की घोषणा कर दी गई है। नेशनल इन्वेस्टमेंट होल्डिंग्स की भवानी राणा ने विराटनगर बाहुबली टीम का स्वामित्व लिया है। एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट के साथ किए गए 10 साल के समझौते का उद्देश्य नेपाल कबड्डी के व्यावसायिक विकास को बढ़ावा देना है। १५ चैत्र, काठमांडू।

आगामी जेठ २२ से शुरू हो रहे नेपाल कबड्डी लिग (एनकेएल) सिजन २ में हिस्सा लेने वाली ६ टीमों के मालिकों का उद्घाटन कर दिया गया है। एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट द्वारा होटल याक एण्ड यती में शनिवार को आयोजित कार्यक्रम में एनकेएल सिजन २ की ६ फ्रेंचाइजी टीमों के मालिकों की घोषणाएं की गईं। नेपाल उद्योग वाणिज्य महासंघ की पूर्व अध्यक्ष भवानी राणा कबड्डी लिग में शामिल हुई हैं। उनकी कंपनी नेशनल इन्वेस्टमेंट होल्डिंग्स ने विराटनगर टीम का स्वामित्व हासिल किया है। इस टीम का नाम बदलकर विराटनगर बैंडिट्स से विराटनगर बाहुबली कर दिया गया है।

पहले सत्र के विजेता जनकपुर नाइट्स का स्वामित्व नेको इन्श्योरेंस लिमिटेड के पास ही है। उपविजेता काठमाडौं मावरिक्स टीम का स्वामित्व काठमाडौं मावरिक्स प्रा. लि. के पास है। वहीं, फेवा कंस्ट्रक्सन ने पोखरा लेकर्स का स्वामित्व लिया है जबकि मोराई कॉर्पोरेशन ने बुटवल बुल्स की टीम का अधिग्रहण किया है। इसके साथ ही हिमालयन राइडर्स का नाम बदलकर बुटवल बुल्स कर दिया गया है। धनगढी वाइल्डकैट्स प्रा. लि. ने सुदूरपश्चिम प्रदेश के प्रतिनिधि टीम धनगढी वाइल्डकैट्स का स्वामित्व लिया है।

देश में लोकप्रियता हासिल करते एनकेएल की व्यावसायिक और व्यापारिक सगाई पर खुशी जताते हुए एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट के प्रमुख अमितकुमार बेगानी ने कहा, ‘पहले संस्करण को हमने भव्य रूप से आयोजित किया था। दूसरा संस्करण इससे भी बेहतर होगा। कॉर्पोरेट परिवारों की भागीदारी लिग की उत्कृष्टता को बढ़ाएगी। हमारा लक्ष्य नेपाली कबड्डी को विश्वव्यापी उत्कृष्टता की ओर ले जाना है।’ कार्यक्रम में नेपाली राष्ट्रीय स्तर पर श्रीलंकाई राजदूत रुवन्थी डेलपिटिया, अखिल नेपाल कबड्डी संघ के महासचिव अरविंदकुमार झल सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे। महासचिव झल ने बताया कि एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट के साथ नेपाल कबड्डी लिग के लिए 10 साल का समझौता हुआ है, जो देश के कबड्डी खेल के विकास में अहम भूमिका निभाएगा। एनकेएल को व्यवसायिक तरीके से संचालित करने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। जेठ २२ से शुरू होने वाले एनकेएल सिजन २ के खिलाड़ियों के ड्राफ्ट के लिए देशी खिलाड़ियों का चयन पूरा हो चुका है। इसके अतिरिक्त 15 देशों के 100 से अधिक विदेशी खिलाड़ियों ने भी नाम दर्ज कराया है, आयोजकों ने बताया।

सहकारीका साना बचतकर्ताको बचत फिर्ता सय दिनभित्रै थाल्ने सरकारको घोषणा

सरकार सहकारी के छोटे बचतकर्ताओं की राशि वापसी प्रक्रिया 100 दिनों के भीतर शुरू करने की तैयारी में

सरकार सहकारी के छोटे बचतकर्ताओं की राशि वापसी प्रक्रिया 100 दिनों के भीतर शुरू करने की योजना प्रस्तुत कर चुकी है। छोटे एवं लघु उद्योगों के सहकारी समितियों में बड़ी रकम जमा है, जो अर्थव्यवस्था पर प्रभाव डाल रही है। राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी के घोषणापत्र के अनुसार यह घोषणा 100 बिंदुओं की कार्यसूची में शामिल है।

सरकार ने आपराधिक संपत्ति प्रबंधन प्रक्रिया को सरल और समरूप बनाने के लिए रोक, नियंत्रण और जब्ती से संबंधित नियमावली को दो महीने के भीतर संशोधित करने की प्रतिबद्धता भी जताई है। इससे सहकारी बचत राशि वापसी प्रक्रिया को प्रभावी बनाने में सहायता मिलने की उम्मीद है।

१४ चैत, काठमांडू।

आजका लागि फलफूल र तरकारीहरूको थोक मूल्य निर्धारण

१५ चैत, काठमाडौं । कालीमाटी फलफूल तथा तरकारी बजार विकास समितिले आजका लागि कृषिउपजहरूको थोक मूल्य निर्धारण गरेको छ । समितिका अनुसार गोलभेँडा ठूलो (भारतीय) प्रतिकिलो ८०, गोलभेँडा सानो (लोकल) प्रतिकिलो ३०, गोलभेँडा सानो (भारतीय) प्रतिकिलो ३५, गोलभेँडा सानो (तराई) प्रतिकिलो ४०, आलु रातो प्रतिकिलो २०, आलु रातो (भारतीय) प्रतिकिलो २२ र प्याज सुकेको (भारतीय) प्रतिकिलो ३६ रहेको छ । यसै गरी, गाजर (लोकल) प्रतिकिलो ३०, गाजर (तराई) प्रतिकिलो २०, बन्दा (लोकल) प्रतिकिलो ३०, बन्दा (नरिबल) प्रतिकिलो २०, काउली स्थानीय प्रतिकिलो ७०, काउली स्थानीय (ज्यापु) प्रतिकिलो ९०, काउली तराई प्रतिकिलो ६०, सेतो मूला (लोकल) प्रतिकिलो २०, सेतो मूला (हाइब्रिड) प्रतिकिलो ३०, भन्टा लाम्चो प्रतिकिलो ६० र भन्टा डल्लो प्रतिकिलो ७० कायम गरिएको छ ।

त्यसैगरी, बोडी (तने) प्रतिकिलो ९०, मटरकोसा प्रतिकिलो ६०, घिउ सिमी (लोकल) प्रतिकिलो १००, घिउ सिमी (हाइब्रिड) प्रतिकिलो ८०, घिउ सिमी (राजमा) प्रतिकिलो १००, टाटे सिमी प्रतिकिलो ८०, तिते करेला प्रतिकिलो १५०, लौका प्रतिकिलो ८०, परवर (तराई) प्रतिकिलो १००, घिरौँला प्रतिकिलो ९०, फर्सी पाकेको प्रतिकिलो ६०, हरियो फर्सी (लाम्चो) प्रतिकिलो ५०, हरियो फर्सी (डल्लो) प्रतिकिलो ४०, भिन्डी प्रतिकिलो ११०, सखरखण्ड प्रतिकिलो ७०, बरेला प्रतिकिलो ६५, पिँडालु प्रतिकिलो ६० र स्कुस प्रतिकिलो ५० कायम गरिएको छ । रायोसाग प्रतिकिलो ८०, पालुङ्गो प्रतिकिलो ११०, चमसुर प्रतिकिलो ११०, तोरीसाग प्रतिकिलो ६०, मेथी प्रतिकिलो ११०, हरियो प्याज प्रतिकिलो १००, बकुला प्रतिकिलो ५०, तरुल प्रतिकिलो ७०, च्याउ (कन्य) प्रतिकिलो १३०, च्याउ (डल्ले) प्रतिकिलो ३५०, राजा च्याउ प्रतिकिलो ३०० र सिताके च्याउ प्रतिकिलो १,००० निर्धारण गरिएको छ ।

गुल्मी में ओली गिरफ्तारी के विरोध में मसाल जुलूस प्रदर्शन

१४ चैत, गुल्मी। पूर्वप्रधानमंत्री एवं नेकपा एमाले अध्यक्ष केपी शर्मा ओली की गिरफ्तारी के विरोध में गुल्मी में मसाल जुलूस के साथ प्रदर्शन किया गया है। एमाले के नेता एवं कार्यकर्ता जिले के विभिन्न स्थानों से ताम्घास स्थित जिला प्रशासन कार्यालय तक मसाल जुलूस निकाले, जिसमें उन्होंने सरकार द्वारा किए गए कदम के खिलाफ नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने ओली की गिरफ्तारी को राजनीतिक प्रतिशोध बताया और उनकी तत्काल रिहाई की मांग की। प्रदर्शन के दौरान प्रतिभागियों ने हाथों में मसाल लेकर “लोकतंत्र की रक्षा करो” और “राजनीतिक प्रतिशोध बंद करो” जैसे नारे लगाए। उनका कहना था कि वर्तमान सरकार की नीति से लोकतंत्र के मूल्य और मान्यताओं को गंभीर चोट पहुंची है। संभावित अप्रिय घटनाओं को रोकने के लिए सुरक्षा बल भी तैनात किए गए थे।

अब सबै सार्वजनिक यातायातमा सीसीटीभी – Online Khabar

सार्वजनिक यातायात में सीसीटीवी कैमरा अनिवार्य करने की सरकार की घोषणा

१४ चैत, काठमाडौँ। सरकारले सार्वजनिक यातायातका सबै प्रकारका साधनहरूमा सीसीटीभी क्यामेरा जडान अनिवार्य गर्ने घोषणा गरेको छ। सार्वजनिक यातायातमा हुने लैङ्गिक हिंसा रोक्ने उद्देश्यले सबै सवारी साधनमा सीसीटीभी स्थापना गर्ने निर्णय लिइएको हो। यसैगरी, राइड–शेयरिङ एपहरूमा एसओएस बटन राख्न अनिवार्य गरिनेछ, साथै आकस्मिक र खतरा सूचनाहरू प्रहरीसम्म तुरुन्तै पुर्‍याउने व्यवस्था आगामी ३० दिनभित्र जिल्ला स्तरिय सरकारले कार्यान्वयन गर्ने जनाएको छ। महिला यात्रुहरूको सुरक्षित आवागमन सुनिश्चित गर्न सरकारले सातै प्रदेशमा निशुल्क ‘ब्लु बस’ सेवा सञ्चालन गर्ने योजना बनाएको छ। पहिलो चरणमा १०० दिन भित्र कम्तीमा २५ वटा बस सेवा सञ्चालनमा ल्याउने योजना तयार गरिएको छ।

कांग्रेस का स्पष्टिकरण: कोई आंदोलन तय नहीं, सरकार की निष्पक्षता की मांग कर रहे हैं

समाचार सारांश की समीक्षा की गई है। नेपाली कांग्रेस के प्रवक्ता देवराज चालिसे ने बताया कि फिलहाल कोई आंदोलन की योजना नहीं है। कांग्रेस सरकार की निष्पक्षता और व्यवहार की सुनिश्चितता मांग रही है और आवश्यकता पड़ने पर निर्णय लिया जाएगा। कांग्रेस ने आयोग की रिपोर्ट में २४ तारीख की घटना की जांच न होने पर आपत्ति जताई है और जांच की मांग की है। १४ चैत, काठमाडौं। नेपाली कांग्रेस ने साफ किया है कि वर्तमान में कोई आंदोलन कार्यक्रम निर्धारित नहीं है। शनिवार को पार्टी केन्द्रीय कार्यालय सानेपा में संसदीय सचेतना कार्यक्रम के बाद संवाददाताओं से बातचीत में कांग्रेस प्रवक्ता देवराज चालिसे ने यह जानकारी दी। ‘‘सरकार का व्यवहार सकारात्मक प्रतीत हो रहा है। हमने सड़क आंदोलन या किसी अन्य कार्यक्रम पर निर्णय नहीं किया है,’’ उन्होंने कहा। कांग्रेस प्रवक्ता चालिसे ने कहा कि वह सरकार की निष्पक्षता और व्यवहार की पुष्टि चाहते हैं। ‘‘हम सरकार की निष्पक्षता और व्यवहार की सुनिश्चितता चाहते हैं। यदि कुछ विचार करना होगा तो फिर निर्णय लिया जाएगा,’’ उन्होंने जोड़ा। उन्होंने आयोग की रिपोर्ट में भदौ २३ की घटना जैसी २४ तारीख की घटना की जांच न होने पर सवाल उठाए। ‘‘२४ तारीख की घटना को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। यह जनता को बताना जरूरी है कि २४ तारीख को किसने विध्वंस कराया था। दोषी कौन हैं, यह पता लगाना आवश्यक है,’’ उन्होंने प्रश्न किया।

प्रश्नैप्रश्न माथि उभिएका बालेनको अभिभारा

प्रश्नों का सामना कर रहे बालेन का नेतृत्व

बालेन अब केवल प्रश्नकर्ता ही नहीं हैं, बल्कि रास्वपा के पक्षधर भी नहीं हैं। लगभग दो तिहाई मतों के साथ सत्ता में आने वाले इन व्यक्तियों ने खुद को जितना भी जवाबदेह बनाने की कोशिश की हो, उनकी प्रासंगिकता अभी भी साबित होगी।

लाओस प्रस्थान के बाद नेपाली फुटबॉल टीम घोषित, अन्जन विष्ट टीम में नहीं

एएफसी एशियन कप क्वालीफाइंग के तहत लाओस के खिलाफ मैच के लिए नेपाली राष्ट्रीय फुटबॉल टीम शनिवार को लाओस के लिए प्रस्थान कर चुकी है। अखिल नेपाल फुटबॉल संघ को राष्ट्रीय खेल परिषद द्वारा निलंबित किए जाने के बाद एन्फा ने तत्कालीन परिस्थिति में टीम को लाओस भेजा था। नए मुख्य कोच गुग्लिएल्मो एरेना के डेब्यू मैच के लिए पांच नए खिलाड़ियों को शामिल करते हुए टीम की घोषणा की गई है।

लाओस पहुंचने के बाद एन्फा ने रविवार सुबह अपने फेसबुक पेज के माध्यम से नेपाली टीम का घोषणा की है। गोलकीपर किरण चेम्जोङ की कप्तानी में घोषित टीम में नेपाल के लिए संयुक्त रूप से सबसे अधिक 13 गोल करने वाले अन्जन विष्ट शामिल नहीं हो सके। नवनियुक्त मुख्य कोच एरेना के पहले मैच में पांच नए चेहरे शामिल किए गए हैं।

नई खिलाड़ियों में गोलकीपर योगेश धिमाल, मिडफील्डर पेम्बा दोर्जे लामा और मिलन राय, तथा फॉरवर्ड युवराज खड्का और रोमन भुजेल हैं। योगेश और रोमन राष्ट्रीय लीग में प्लानिंग बॉयज यूनाइटेड से खेलते हैं जबकि मिलन चर्च बॉयज और युवराज एपीएफ के खिलाड़ी हैं।

एशियन कप क्वालीफाइंग के तहत नेपाल को लाओस के खिलाफ अपना मैच घरेलू मैदान पर खेलना था, लेकिन हाल ही में दशरथ रंगशाला अंतरराष्ट्रीय मैच के लिए अयोग्य घोषित होने की वजह से यहां मैच आयोजित नहीं हो सका। खेल परिषद के कार्यकारी निकाय राखेप द्वारा एन्फा को निलंबित किए जाने के कारण नेपाली फुटबॉल की वर्तमान स्थिति अनिश्चित बनी हुई है। समूह एफ में शामिल नेपाल एशियन कप के लिए क्वालीफाई करने की दौड़ से पहले ही बाहर हो चुका है।

ट्रम्प के खिलाफ अमेरिका भर में 3,000 से अधिक स्थानों पर लाखों लोगों ने किया विरोध प्रदर्शन

अमेरिका भर में 3,000 से अधिक स्थानों पर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और उनकी नीतियों के खिलाफ बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हुए। मिनेसोटा के सेंट पॉल में ट्रम्प की कठोर अप्रवासन नीति के विरुद्ध एक विशाल रैली आयोजित की गई थी। यूरोप के विभिन्न शहरों में भी अमेरिकी नागरिकों ने ट्रम्प प्रशासन के विरोध में प्रदर्शन किए। 15 चैत, काठमांडू। अमेरिका के प्रमुख शहरों से लेकर छोटे गांवों तक राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प और उनकी सरकार की नीतियों के खिलाफ भारी संख्या में प्रदर्शन हो रहे हैं। ‘किंग्सनो किंग्स’ अर्थात् ‘कोई राजा नहीं’ नारे के साथ यह राष्ट्रव्यापी विरोध प्रदर्शनों का तीसरा संस्करण है। इससे पहले भी लाखों लोग सड़कों पर उतर चुके हैं और अपनी असंतुष्टि जताई है। शनिवार को अमेरिका भर में 3,000 से अधिक जगहों पर छोटे-बड़े रैलियां आयोजित की गईं। प्रदर्शनकारियों ने मुख्य रूप से ट्रम्प प्रशासन की नीतियों को निशाना बनाया, जिनमें खासतौर पर ईरान के साथ संभावित युद्ध, सख्त संघीय अप्रवासन नीति और बढ़ती महंगाई प्रमुख थे। आयोजकों का कहना था कि यह लोकतंत्र की रक्षा और निरंकुश शासन के खिलाफ शांतिपूर्ण नागरिक विद्रोह है। जारी विज्ञप्ति में कहा गया, “किंग्सट्रम्प हम पर निरंकुश शासक की तरह राज करना चाहते हैं, लेकिन यह अमेरिका है और शक्तियां जनता के हाथ में हैं, न कि किसी राजा या उनके धनी सहायक के हाथ में।”

इसी बीच व्हाइट हाउस ने इन प्रदर्शनों को नजरअंदाज करते हुए इसे ‘किंग्सट्रम्प डिरेन्जमेन्ट थेरापी’ यानि ट्रम्प विरोधी अंध विरोध से मुक्त होने के लिए आवश्यक उपचार करार दिया। एक प्रवक्ता ने कहा कि इस मामले में सिर्फ वे पत्रकार चिंतित हैं जिन्हें समाचार लिखने के लिए पैसा मिलता है।

आंदोलन का मुख्य केंद्र – मिनेसोटा
शनिवार को ‘किंग्सनो किंग्स’ आंदोलन का सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण कार्यक्रम मिनेसोटा के सेंट पॉल में स्थित स्टेट कैपिटल बिल्डिंग के बाहर हुआ। जनवरी में संघीय अप्रवासन एजेंसी की कार्रवाई में दो अमेरिकी नागरिक – रेनी निकोल गुड और एलेक्स प्रेटी की मृत्यु के बाद यह राज्य ट्रम्प की अप्रवासन नीति विरोध का केंद्र बन गया है। उनकी मौत ने पूरे देश में गहरा आक्रोश और संगठित विरोध प्रदर्शनों को जन्म दिया। हजारों लोग प्लेकार्ड लेकर सड़कों पर प्रदर्शन करते नजर आए और इस रैली में उच्च पदस्थ डेमोक्रेट नेता भी मौजूद थे। मिनेसोटा के गवर्नर टिम वाल्ज ने ट्रम्प की अप्रवासन नीतियों की कड़ी आलोचना की। सीनेटर बर्नी सैंडर्स ने मिनेसोटा के लोगों का सम्मान करते हुए इसे अमेरिकी इतिहास के एक अभूतपूर्व और खतरनाक क्षण के रूप में वर्णित किया। सांसद इल्हान ओमार ने कहा, “हम मिनेसोटा के लोग भिन्न दृष्टिकोण के हैं,” और नागरिक अधिकारों के समर्थन में आवाज उठाई। रैली में प्रसिद्ध रॉक संगीतकार ब्रूस स्प्रिंगस्टीन ने नया विरोध गीत ‘स्ट्रिट्स ऑफ मिनियापोलिस’ प्रस्तुत कर भीड़ को उत्साहित किया, उन्होंने मिनेसोटा को पूरे देश के लिए प्रेरणा स्रोत बताया। अभिनेत्री और प्रगतिशील कार्यकर्ता जेन फोंडा ने रैली में उपस्थित न होकर मृतक रेनी गुड की पत्नी, बेका गुड का संदेश पढ़कर सुनाया।

वाशिंगटन डीसी और न्यूयॉर्क में मानव सागर
शनिवार दोपहर से अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन डीसी की सड़कें प्रदर्शनकारियों से भरी हुई थीं। हजारों लोग नेशनल मॉल और लिंकन मेमोरियल की सीढ़ियों पर जमा हुए थे। पिछले बार की तरह इस बार भी प्रदर्शनकारियों ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प, उपराष्ट्रपति जेडी वांस और प्रशासन के अन्य शीर्ष अधिकारियों की पुतलियाँ बनाई थीं। उन्होंने वर्तमान प्रशासन को हटाने और ट्रम्प को गिरफ्तार करने की मांग के साथ नारे लगाए। वर्जीनिया के आर्लिंग्टन से एक विशाल समूह पुल पार करते हुए राजधानी में दाखिल हुआ। इसी तरह न्यूयॉर्क के टाइम्स स्क्वायर, मैनहट्टन और अन्य स्थानों पर भी हजारों लोगों ने मार्च किया। भीड़ की संख्या बढ़ने पर पुलिस को सामान्यतः व्यस्त सड़कों को बंद करना पड़ा। पिछली अक्टूबर में न्यूयॉर्क में पांच मुख्य स्थलों पर एक लाख से अधिक लोग प्रदर्शन में शामिल हुए थे, वाशिंगटन पुलिस ने बताया था। इस बार भी ईरान युद्ध के विरोध और अप्रवासन नीति के खिलाफ बैनर दिखाए गए। न्यूयॉर्क के प्रदर्शन में ट्विच स्ट्रीमर हसन पिकर और टिकटॉक स्टार हैरी सिसन समेत प्रगतिशील प्रभावशाली हस्तियों ने युवाओं को लोकतंत्र बचाने का आह्वान किया।

लॉस एंजिल्स, शिकागो और अन्य प्रमुख शहरों में भी जोश
पश्चिमी तट के शहरों में भी प्रदर्शन की ऊर्जा उच्च रही। लॉस एंजिल्स के ग्लोरिया मोलिना ग्रैंड पार्क में हजारों जुटे जहां वातावरण अलग और सृजनात्मक था। वहां साल्सा संगीत बज रहा था और प्रदर्शनकारी ‘बच्चा ट्रम्प’ नामक 20 फुट ऊँचा विशाल गुब्बारा उड़ाते देखे गए। कुछ ने फ्लेमिंगो और शार्क जैसे इन्फ्लेटेबल पोशाकें पहन रखीं थीं और ‘अप्रवासन एजेंसी खत्म करो’ के बैनर भी रखे हुए थे। हालांकि, डाउनटाउन के संघीय भवन के बाहर प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच झड़प हुई और कुछ को गिरफ्तार किया गया, लॉस एंजिल्स पुलिस ने बताया। शिकागो के ग्रांट पार्क और पोर्टलैंड में भी हजारों लोग संगीत बैंड के साथ मार्च करते नजर आए। पूर्व सैनिक क्रिस होली ने कहा, “देश में हो रहे अन्याय को देखकर मैं पहली बार सड़कों पर आया हूं। मैं ट्रम्प प्रशासन की नीतियों से बेहद असहमत हूं।”

रिपब्लिकन गढ़ और छोटे शहरों में भी असंतोष
‘किंग्सनो किंग्स’ आंदोलन का एक महत्वपूर्ण पहलू यह है कि यह केवल बड़े डेमोक्रेट बहुल शहरों तक सीमित नहीं है। आयोजकों के अनुसार लगभग आधे प्रदर्शन उन राज्यों में हुए जो पारंपरिक रूप से रिपब्लिकन पार्टी के गढ़ माने जाते हैं। इनमें टेक्सास (डलास, फोर्ट वर्थ), फ्लोरिडा, जॉर्जिया, इडाहो, यूटाह और अलास्का जैसे राज्य शामिल हैं। मिसिगन के हवेल और केंटकी के शेल्बीविल जैसे छोटे शहरों में भी ईरान युद्ध विरोधी और बढ़ती महंगाई के खिलाफ प्लेकार्ड लिए लोग दिखे। एक प्रदर्शनकारी ने कहा, “हम चाहते हैं कि हमारी समस्याएं एक समान समझी जाएं, अगर हम सब एक साथ खड़े हों तो परिवर्तन संभव है।”

अंतरराष्ट्रीय एकजुटता
न केवल अमेरिका में, यूरोप में रहने वाले अमेरिकी नागरिकों ने भी ट्रम्प प्रशासन के विरोध में प्रदर्शन किए। फ्रांस के पेरिस, ब्रिटेन के लंदन और पुर्तगाल के लिस्बन में जमा लोगों ने ट्रम्प को फासीवादी और युद्ध अपराधी बताते हुए उनकी सरकार से हटाने की मांग की।

ट्रम्प क्या कहते हैं?
जनवरी 2025 में व्हाइट हाउस में पुनः स्थापित होने के बाद डोनाल्ड ट्रम्प ने राष्ट्रपति अधिकारों का व्यापक विस्तार किया है। उन्होंने कार्यकारी आदेशों के जरिए संघीय सरकार के विभिन्न विभागों को विघटित करने की कोशिश की है और राज्य के गवर्नरों के विरोध के बावजूद कई अमेरिकी शहरों में नेशनल गार्ड तैनात किया है। इसके अलावा राजनीतिक विपक्षियों के खिलाफ अभियोजन की दिशा में न्याय विभाग के शीर्ष अधिकारियों को निर्देश देने के आरोप भी लगे हैं। आलोचक ट्रम्प के इन कदमों को असंवैधानिक और अमेरिकी लोकतंत्र के लिए गंभीर खतरा मानते हैं। हालांकि ट्रम्प इसे देश के संकट के पुनर्निर्माण के लिए आवश्यक बताते हैं। तानाशाह होने के आरोप को वे उन्मादपूर्ण बताते हुए खारिज कर चुके हैं। पिछले अक्टूबर में फॉक्स न्यूज से बातचीत में उन्होंने कहा था, “मुझे राजा कहा जा रहा है, पर मैं कोई राजा नहीं हूं।” अक्टूबर की रैली में लगभग 7 लाख लोगों की भागीदारी हुई थी। इस बार भी प्रदर्शनकारियों की ऊर्जा और उत्साह कम नहीं हुआ है। आयोजक आगामी 1 मई को श्रमिक अधिकारों, आप्रवासी समुदाय और सार्वजनिक स्कूलों के समर्थन में होने वाले वार्षिक ‘किंग्समे डे’ प्रदर्शन के लिए व्यापक जनसहभागिता जुटाने की तैयारी कर रहे हैं। देश भर में युद्ध, महंगाई और सख्त अप्रवासन नीतियों के कारण जनसामान्य में बढ़ती असंतोष आगामी मध्यावधि चुनावों पर किस प्रकार का राजनीतिक प्रभाव डालती है, यह विषय अब कई लोगों की चिंता का केन्द्र बन गया है। एक मैनहट्टन निवासी प्रदर्शनकारी ने कहा, “हम केवल अपने भविष्य के लिए नहीं, बल्कि लोकतंत्र की रक्षा के लिए सड़क पर आए हैं।” नागरिकों की इस आवाजू श्रृंखला के तुरंत बंद होने का कोई संकेत नहीं दिखता।

सञ्चारमन्त्रीद्वारा कर्मचारीहरूलाई निर्देशन- धेरै अपेक्षाहरू छन्, जनतामा अनुभूति हुनेगरी काम गर्नुस्


१४ चैत, काठमाडौं । सञ्चार तथा सूचना प्रविधि मन्त्री डा. विक्रम तिमिल्सिनाले कर्मचारीहरूलाई जनताले छिट्टै अनुभूति गर्ने गरी काम गर्न निर्देशन दिएका छन्।

शनिवार मन्त्रालयको कामकाजबारे जानकारी लिँदै सञ्चार मन्त्री तिमिल्सिनाले सञ्चार मन्त्रालयलाई सरकारको अनुहार तथा नागरिकसँग प्रत्यक्ष सम्बन्ध राख्ने मन्त्रालय भएको बताए र जनतामा छिटो लाभ र परिणाम ल्याउने गरी काम गर्न आग्रह गरे।

‘देशमा नयाँ राजनीतिक परिवेश आएको छ। निर्वाचनले हामीलाई अभूतपूर्व ‘म्यान्डेट’ दिएको छ। जनताका अपेक्षाहरू पनि धेरै छन्,’ उनले भने, ‘त्यसैले सरकारले जनताले छिट्टै अनुभूति गर्ने गरी काम गर्नुपर्छ।’

मन्त्रीले नवगठित सरकारको भावना अनुसार जनतालाई केन्द्रमा राखेर सरल, छिटो र छरितो सेवा प्रवाह सुनिश्चित गर्न जोड दिए। ‘सेवा छिटो र छरितो हुनुपर्छ। कुनै विवादित काम हुन नदिनुपर्छ,’ उनले भने।

सेवाग्राहीले समस्या महसुस गर्नु अघि नै समाधान प्रदान गर्नुपर्नेमा उनले जोड दिए। ‘जनभावनाको सम्मान गर्दै देशले खोजेको बाटोमा मुलुकलाई अघि बढाउन सबैले योगदान दिनुपर्छ,’ उनले थपे।

सञ्चार मन्त्रालयले तत्काल सुधार र दीर्घकालीन कार्ययोजना लिएर उच्चपदस्थ अधिकारीसँग अघि बढ्नुपर्ने बताउँदै मन्त्रीले मन्त्रालयलाई नमूना मन्त्रालय बनाउनुपर्ने दिशामा काम गर्नुपर्नेमा जोड दिए।

निजी र सरकारी अस्पतालमा १० प्रतिशत शय्याबाट विपन्नको उपचार नि:शुल्क

निजी और सरकारी अस्पतालों में गरीबों के लिए 10 प्रतिशत बेड नि:शुल्क आरक्षित करने का निर्णय

सरकार ने सरकारी और निजी अस्पतालों में गरीब, असहाय और बेवारिसे मरीजों के लिए कम से कम 10 प्रतिशत बेड नि:शुल्क उपलब्ध कराने की योजना को कड़ाई से लागू करने का निर्णय लिया है। इस योजना को प्रभावी ढंग से कार्यान्वित करने के लिए सरकार ने आगामी 30 दिनों के भीतर देशभर में ‘फ्री हेल्थ पोर्टल’ शुरू करने का निर्देश दिया है, जो निशुल्क सेवा से संबंधित विवरण और सेवा उपयोग की निगरानी करेगा।

प्रदेशों के अस्पतालों में जलन उपचार के लिए ‘बर्न वार्ड’ स्थापना की प्रक्रिया 30 दिनों के अंदर शुरू की जाएगी। इसके साथ ही, पहाड़ी क्षेत्रों के लिए एयर एम्बुलेंस ‘स्टैंडबाय’ रखने की योजना भी आगे बढ़ाई गई है। 14 चैत को Kathmandu में आयोजित एक कार्यक्रम में सरकार ने स्वास्थ्य क्षेत्र सुधार के लिए विभिन्न योजनाएँ शामिल करते हुए 100 दिवसीय कार्यसूची प्रस्तुत की है।

सरकार की इस योजना का उद्देश्य आर्थिक तंगी के कारण इलाज से वंचित रह गए व्यक्तियों तक सेवा पहुंचाना है। अस्पतालों द्वारा प्रदान की जाने वाली नि:शुल्क सेवाओं का विवरण और सेवा उपयोग का वास्तविक समय में निगरानी हेतु तीन महीनों के भीतर डिजिटल और एकीकृत ‘पेशेंट रिकॉर्ड सिस्टम’ विकसित किया जाएगा।

निजी अस्पतालों में गैरज़रूरी रिफरल की प्रवृत्ति को नियंत्रित करने के लिए स्पष्ट रिफर प्रोटोकॉल लागू किया जाएगा। सरकारी अस्पतालों में स्वास्थ्यकर्मियों की उपस्थिति, व्यवहार, स्वच्छता और सेवा प्रवाह सुनिश्चित करने के लिए ‘अटेंडेंस मॉनिटरिंग’, ‘कंडक्ट रिव्यू’ और ‘क्लीनलीनेस ऑडिट’ एक हफ्ते के भीतर अनिवार्य कर दिए जाएंगे।

एमाले समर्थित युवा संघ ने काठमांडू में मशाल जुलूस का आयोजन किया


१४ चैत, काठमांडू। नेकपा एमाले से जुड़े जनवर्गीय संगठन युवा संघ ने काठमांडू में एक मशाल जुलूस निकाला है।

काठमांडू के बिजुलीबजार क्षेत्र में युवा संघ के नेता और कार्यकर्ताओं ने इस जुलूस का आयोजन किया था।

शनिवार दोपहर को एमाले के विभिन्न संगठनों ने अध्यक्ष केपी शर्मा ओली की गिरफ्तारी के विरोध में प्रदर्शन किया। माइतीघर–बबरमहल क्षेत्र में भी एमाले कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया और घोषणा की है कि कल भी यह प्रदर्शन जारी रहेगा।

युवा संघ के नेताओं ने बताया कि कल से शुरू होने वाला प्रदर्शन और भी आक्रामक होगा।

गत २३ व २४ भदौ को जेनजी आंदोलन हुआ था, जिसमें दमन किया गया था।

उस समय एमाले अध्यक्ष ओली प्रधानमंत्री थे और कांग्रेस के नेता रमेश लेखक गृहमंत्री थे। उनकी गिरफ्तारी के विरोध में एमाले ने प्रदर्शन शुरू किया है।

कोहली र पडिक्कलको अर्धशतकमा बेंगलुरुको शानदार विजयी सुरुवात

कोहली और पडिक्कल के अर्धशतकों से बेंगलुरु ने शानदार जीत के साथ की शुरुआत

समाचार सारांश

संकलन एवम् सम्पादन किया गया।

  • आईपीएल २०२६ के पहले मैच में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने सनराइज़र्स हैदराबाद को ७ विकेट से हराया।
  • बेंगलुरु ने 15.4 ओवरों में 202 रन का लक्ष्य पूरा किया, जो आईपीएल में 200 से ज्यादा का सबसे तेज़ पीछा है।
  • विराट कोहली ने नाबाद 69 रन बनाए, जबकि देवदत्त पडिक्कल ने 61 और कप्तान रजत पाटिदार ने 31 रन की आक्रामक पारी खेली।

14 चैत्र, काठमांडू। देवदत्त पडिक्कल और विराट कोहली के अर्धशतक और कप्तान रजत पाटिदार की आक्रामक पारी की बदौलत शनिवार से शुरू हुए इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) क्रिकेट 2026 में पूर्व विजेता रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु ने शानदार जीत के साथ शुरुआत की।

घरेलू मैदान एम चिन्नास्वामी में खेले गए मुकाबले में बेंगलुरु ने सनराइज़र्स हैदराबाद को 7 विकेट से पराजित किया। हैदराबाद ने 202 रन का मजबूत लक्ष्य दिया था जिसे बेंगलुरु ने 15.4 ओवर में पूरा कर दिखाया। यह आईपीएल में 200 से अधिक रनों का अब तक का सबसे तेज़ सफल पीछा है।

बेंगलुरु की जीत में कोहली ने नाबाद रहकर 38 गेंदों में 5 चौके और 5 छक्के की मदद से 69 रन बनाए। पडिक्कल ने 26 गेंदों में 7 चौकों और 4 छक्कों की श्रृंखला के साथ 61 रन बनाए। कप्तान रजत पाटिदार ने 12 गेंदों में 31 रन की तीव्र पारी खेली।

हैदराबाद के लिए डेविड पेन ने 2 विकेट लिए, जबकि जयदेव उनादकट और हर्ष दुबे ने एक-एक विकेट हासिल किया।

पहले बल्लेबाजी करते हुए हैदराबाद ने 20 ओवरों में 9 विकेट खोकर 201 रन बनाए। कप्तान ईशान किशन ने 38 गेंदों में सर्वाधिक 80 रन बनाए जबकि अनिकेत वर्मा ने 21 गेंदों में 43 रन का योगदान दिया। हेनरिक क्लासन ने भी 31 रन बनाए।

हैदराबाद की टीम 29-3 की स्थिति से किशन और क्लासन ने मिलकर 97 रनों की साझेदारी की थी। क्लासन फिल साल्ट के शानदार कैच में आउट हुए, वहीं सेट बल्लेबाज किशन का कैच भी साल्ट ने ही लपका।

आरसीबी के लिए जैकब डफी ने 4 ओवर में 22 रन देकर 3 विकेट लिए। रोमारियो शेपहर्ड ने 4 ओवर में 54 रन खर्च करते हुए 3 विकेट हासिल किए। भुवनेश्वर कुमार, अभिनंदन सिंह और सुयश शर्मा ने एक-एक विकेट लिए।