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लेखक: space4knews

चीन के चेंगदू ट्रेल दौड़ में राममाया बुढाले महिला ६० किलोमीटर श्रेणी में प्रथम स्थान प्राप्त किया

नेपाली अल्ट्रा धावक राममाया बुढाले चीन के चेंगदू ट्रेल दौड़ में महिला ६० किलोमीटर श्रेणी में प्रथम स्थान हासिल किया है। उन्होंने निर्धारित दूरी ६ घंटे ६ मिनट ५७ सेकंड में पूरी कर अंतरराष्ट्रीय ट्रेल दौड़ में अपनी उत्कृष्टता बनाए रखी। राममाया ने आगामी दिनों में भी अल्ट्रा दौड़ में बेहतरीन प्रदर्शन करने का लक्ष्य व्यक्त किया है।

१५ चैत, काठमांडू। नेपाली महिला ट्रेल धावक राममाया बुढा चीन में आयोजित चेंगदू ट्रेल पावर्ड बाई टीसाइगु प्रतियोगिता में विजेता रहीं। उन्होंने ६ घंटे ६ मिनट ५७ सेकंड में निर्धारित दूरी पूरी की। चीन के टेन ती दूसरे स्थान पर रहे जबकि लि यिंग तीसरे स्थान पर रहे। जीत के बाद राममाया ने खुशी व्यक्त करते हुए कहा, ‘मैं जीतकर बहुत उत्साहित हूं।’

उनका कहना था कि वह आने वाले दिनों में भी अल्ट्रा दौड़ में उत्कृष्ट प्रदर्शन जारी रखेंगी। राष्ट्रीय एथलेटिक्स प्रतियोगिता, क्रॉस कंट्री दौड़ और रोड रेस में सफलता प्राप्त करने के बाद राममाया अब अल्ट्रा दौड़ में स्थाई रूप से खुद को स्थापित कर रही हैं। विश्वप्रसिद्ध अल्ट्रा धावक दिदी सुनमाया के पदचिन्हों पर चलते हुए राममाया ने भी उत्कृष्ट अल्ट्रा धावक बनने का संकेत दिया है। पिछले साल हांगकांग में सम्पन्न हांगकांग १०० अल्ट्रा मैराथन में बुढा बहनों ने अलग-अलग विधाओं में प्रतिस्पर्धा करते हुए उपाधि जीतकर इतिहास रचा था।

मन्त्रिपरिषद् बैठक बस्दै – Online Khabar

मंत्रिपरिषद् की बैठक होने वाली है

मंत्रिपरिषद् की बैठक १५ चैत्र को दोपहर २ बजे होने वाली है। नया सरकार गठित होने के बाद यह दूसरी मंत्रिपरिषद् की बैठक होगी। १५ चैत्र, काठमांडू। मंत्रिपरिषद् की बैठक आयोजित की जा रही है। दोपहर २ बजे के लिए बैठक बुलाए जाने की जानकारी एक मंत्री ने दी। नई सरकार गठन के बाद यह दूसरी मंत्रिपरिषद् की बैठक होगी। पहली मंत्रिपरिषद् की बैठक में चार महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए थे। जनजातीय जनजागरण आंदोलन के दमन के संबंध में जांच आयोग की रिपोर्ट को लागू करने का निर्णय सरकार ने लिया था। इसके अलावा, सरकारी सुधारों की सौ पहलों की सूची भी उस बैठक में स्वीकृत की गई थी।

नेपाल बार एसोसिएशन: सरकार ने गैरकानूनी निर्णय लिया

नेपाल बार एसोसिएशन के अध्यक्ष डॉ. विजयप्रसाद मिश्र ने पूर्वप्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली और पूर्वगृहमंत्री रमेश लेखक को गिरफ्तार करने के सरकार द्वारा लिए गए निर्णय को अपने अधिकार क्षेत्र से बाहर बताया है। मिश्र ने कार्की आयोग की रिपोर्ट को पूर्वाग्रही करार देते हुए कहा कि कैबिनेट के पास इस निर्णय को लागू करने का अधिकार नहीं है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कैबिनेट को मुकदमा चलाने का अधिकार नहीं है और कानून का प्रयोग पक्षपातपूर्ण तरीके से नहीं होना चाहिए।

१५ चैत, काठमाडौं। पूर्वप्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली और पूर्वगृहमंत्री रमेश लेखक को गिरफ्तार करने के लिए सरकार के निर्णय को नेपाल बार एसोसिएशन ने पूर्वाग्रही बताया है। रविवार को काठमाडौं में आयोजित एक संवाद कार्यक्रम में बार के अध्यक्ष डॉ. विजयप्रसाद मिश्र ने कहा कि इस प्रकार के निर्णय लेने का अधिकार मंत्री परिषद के पास नहीं है।

उन्होंने कहा कि कार्की आयोग की रिपोर्ट स्वयं में ही पूर्वाग्रही है और इसे लागू करने के लिए कैबिनेट द्वारा निर्णय लेना सरकार के क्षेत्राधिकार में नहीं आता। उन्होंने बताया कि सरकार के पास जो अधिकार नहीं है, उसे प्रयोग कर आयोग की रिपोर्ट को लागू कराने की कोशिश करना गलत है।

उन्होंने कहा, ‘कैबिनेट का कार्य नीति निर्धारण, बजट प्रबंधन और राज्य की शांतिपूर्ण व्यवस्था को बनाए रखना है। किसी शिकायत के मामले में पुलिस प्रारंभिक जांच करती है और रिपोर्ट सरकारी वकील के कार्यालय भेजती है। इसके बाद सरकारी वकील फैसला करता है कि मुकदमा चलाना है या नहीं। कैबिनेट के पास ऐसा निर्णय लेने का अधिकार नहीं है। इसलिए यह एक पूर्वाग्रह है। कानूनी प्रणाली का उपयोग किसी को हमेशा दबाव में रखने या जोखिम में डालने के लिए नहीं किया जाना चाहिए। यह रिपोर्ट खंडित और अस्वीकार्य है।’

अध्यक्ष मिश्र ने यह भी स्पष्ट किया कि सरकार के पास किसी भी आयोग की रिपोर्ट को अदालत की अनुमति के बिना लागू करने का कोई कानूनी प्रावधान नहीं है।

सट्टेबाजी एप और वेबसाइटें बंद करने का निर्णय

सरकार ने नेपाल में संचालित सट्टेबाजी एप और संबंधित वेबसाइटों को बंद करने का निर्णय लिया है। प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह के नेतृत्व में हुई मंत्रिपरिषद की पहली बैठक में १०० बिंदुओं वाले शासकीय सुधार कार्यक्रम के तहत इस निर्णय को स्वीकृति दी गई है। नेपाल में विदेशी सट्टेबाजी एप और वेबसाइटें भी सक्रिय हैं।

१५ चैत, काठमाडौँ। सरकार ने देशभर संचालित सट्टेबाजी एप (बेटिंग एप) और संबंधित वेबसाइटों को २४ घंटे के भीतर पूर्ण रूप से बंद करने का निर्णय लिया है। प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह के नेतृत्व में हुई मंत्रिपरिषद की पहली बैठक में स्वीकृत १०० बिंदुओं के ‘शासकीय सुधार कार्यक्रम’ के अंतर्गत यह निर्णय लिया गया है। नेपाल में सट्टेबाजी गैरकानूनी है, लेकिन मोबाइल एप और वेबसाइटों के माध्यम से इसका तीव्र रूप से संचालन हो रहा है।

इसके साथ ही, नेपाल में विदेशी सट्टेबाजी एप और वेबसाइटें भी सक्रिय हैं और सोशल मीडिया पर बेटिंग से संबंधित विभिन्न पेज बनाकर प्रचार-प्रसार किया जा रहा है। इस विषय में कानूनी अस्पष्टता के कारण नियंत्रण में कठिनाई आए होने की जानकारी दी गई है। पूरे देश में संचालित विभिन्न खेलकूद आयोजनों में सट्टेबाजी में संलग्न व्यक्तियों को पुलिस द्वारा गिरफ्तार करने का क्रम जारी है।

र्‍यालीसहित विरोध पत्र बुझाउन ललितपुर सीडीओ कार्यालयमा एमाले कार्यकर्ता

ललितपुर सीडीओ कार्यालय में एमाले कार्यकर्ताओं की रैली के साथ विरोध प्रदर्शन एवं पत्र सौंपने का कार्यक्रम

नेकपा एमाले के जनवर्गीय संगठनों द्वारा अध्यक्ष केपी शर्मा ओली की गिरफ्तारी के विरोध में देश के विभिन्न जिलों के प्रशासनिक कार्यालयों में विरोध पत्र प्रस्तुत किए जा रहे हैं। ललितपुर जिला प्रशासन कार्यालय में एमाले के कार्यकर्ता रैली के साथ प्रदर्शन कर रहे हैं। भदौ माह में हुए जनजीवन (जेनजी) आन्दोलन के दमन के बाद ओली और रमेश लेखक की गिरफ्तारी के बाद एमाले ने विरोध प्रदर्शन शुरू किया है।

१५ चैत, काठमाडौं। अध्यक्ष केपी शर्मा ओली की गिरफ्तारी के खिलाफ नेकपा एमाले के जनवर्गीय संगठनों ने आज पूरे देश में जिले के प्रशासनिक कार्यालयों के समक्ष विरोध पत्र प्रस्तुत कर रहे हैं। इसी क्रम में, ललितपुर जिला प्रशासन कार्यालय के सामने एमाले कार्यकर्ता रैली के साथ पहुंचे और प्रदर्शन कर रहे हैं।

एमाले के कार्यकर्ताओं ने पिछले कुछ दिनों से ही प्रदर्शन शुरू कर रखा है। शनिवार को माइतीघर, बबरमहल क्षेत्र में भी एमाले के प्रदर्शनकारी देखे गए थे। भदौ २३ और २४ को हुए जेनजी आंदोलन को दमन किया गया था। उस समय ओली प्रधानमंत्री और कांग्रेस के नेता रमेश लेखक गृह मंत्री थे। ओली और लेखक की गिरफ्तारी के बाद एमाले ने इसका विरोध करते हुए प्रदर्शन शुरू किया है।

नेपाल के थापा और दार्जिलिंग की प्रिया ने जीता गोर्खा ट्रेल ब्लेजर का खिताब

१५ चैत, सुनसरी । गोर्खा सिमेट्री ट्रस्ट नेपाल द्वारा धरान में आयोजित गोर्खा ट्रेल ब्लेजर १० के मीटर दौड़ में पुरुष वर्ग में धरान के उमेश थापा और महिला वर्ग में भारत के दार्जिलिंग की धाविका प्रिया तामाङ ने शीर्ष स्थान हासिल किया। महिला विजेता तामाङ दो महीने पहले धरान में सम्पन्न १४वें धरान रन की तीसरे स्थान पर रही थीं। उन्होंने ६०० से अधिक धावकों को पीछे छोड़ते हुए यह खिताब जीता। थापा ने निर्धारित १० किलोमीटर की दूरी २५ मिनट ५१ सेकंड में पूरी की, जबकि प्रिया ने इसे ३० मिनट ४६ सेकंड में पूरा किया। दोनों विजेताओं को पदक, प्रमाण पत्र और प्रति व्यक्ति २० हजार रुपये नकद पुरस्कार दिया गया।

पुरुष वर्ग में विकास भुजेल ने २५ मिनट ५३ सेकंड में दूरी पूरी कर दूसरे स्थान पर कब्जा जमाया और १० हजार रुपये नकद प्राप्त किया। अमिर लिम्बु ने २५ मिनट ५४ सेकंड में दूरी पूरी कर तीसरा स्थान हासिल किया तथा ५ हजार रुपये नकद पुरस्कार से सम्मानित हुए। महिला वर्ग में पुष्पा सेर्मा लिम्बु ने ३० मिनट ५४ सेकंड में दूरी पूरी कर दूसरे स्थान प्राप्त किया। वह पिछले वर्ष सम्पन्न धरान रन की उपविजेता भी रह चुकी हैं। ३० मिनट ५५ सेकंड में दूरी पार कर दीपा बस्नेत तीसरे स्थान पर रहीं। दोनों महिलाओं को क्रमशः १० हजार और ५ हजार रुपये नकद के साथ ट्रॉफी, पदक और प्रमाण पत्र प्रदान किए गए।

पुरुष वेटरन वर्ग में रेशम लिम्बु प्रथम, विजयकुमार राई दूसरे और विमान राई तीसरे स्थान पर रहे। महिला वेटरन वर्ग में जमुना लिम्बु ने पहला, कुसुम लिम्बु दूसरा और असुली राई तीसरा स्थान प्राप्त किया। इन्हें क्रमशः ५ हजार, ३ हजार और २ हजार रुपये नकद पुरस्कार के साथ ट्रॉफी और प्रमाण पत्र दिलाए गए। सुनसरी, झापा, मोरङ, उदयपुर, भोजपुर और धनकुटा समेत विभिन्न जिलों के ६०० से अधिक धावकों ने इस दौड़ में भाग लिया। यह दौड़ धरान-१८ स्थित रत्न चोक से शुरू होकर मंगलवारे, सर्दुखोलाको नया पुल होते हुए विष्णुपादुका स्थित भन्ज्याङ में समाप्त हुई। विजेताओं को ट्रस्ट के अध्यक्ष महेन्द्रकुमार राई और धरान-२० के वडाध्यक्ष पदमबहादुर राई ने पुरस्कार प्रदान किए।

ऑस्ट्रेलिया के ट्रेल दौड़ में नेपाल के मनकुमार मगर ने दर्ज की दूसरी जगह

ऑस्ट्रेलिया में आयोजित बफेलो स्टेमपेड 100 किलोमीटर ट्रेल दौड़ में नेपाली अल्ट्रा धावक मनकुमार मगर ने पुरुष यू-23 वर्ग में दूसरा स्थान हासिल किया। मनकुमार ने 10 घंटे 36 मिनट 45 सेकंड में दौड़ पूरी कर उपविजेता बने, जबकि जॉर्ज नाइट ने 9 घंटे 45 मिनट 01 सेकंड में प्रथम स्थान प्राप्त किया।

मनकुमार ने पिछले फागुन में एशिया ट्रेल मास्टर चैंपियनशिप फाइनल्स 2026 के तहत ‘द 9 ड्रैगन रेस’ में पहला स्थान हासिल किया था। वे हाल के समय में नेपाली अल्ट्रा धावकों में एक संभावित प्रतिभा के रूप में पहचाने जाते हैं। इसी दौड़ में बेन लिसन तीसरे स्थान पर रहे, जिन्होंने 10 घंटे 38 मिनट 57 सेकंड में दूरी पूरी की।

बफेलो स्टेमपेड फेस्टिवल को ऑस्ट्रेलिया की प्रमुख ट्रेल रनिंग प्रतियोगिताओं में गिना जाता है।

केपी ओलीलाई भर्चुअल रुपमा अदालत उपस्थित गराउने तयारी

केपी ओली को वर्चुअल माध्यम से अदालत में पेश करने की तैयारी शुरू

15 चैत्र, काठमांडू। पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली को वर्चुअल (वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग) माध्यम से अदालत में पेश करने की तैयारी शुरू कर दी गई है। ओली की स्वास्थ्य स्थिति के कारण उन्हें भौतिक रूप से अदालत में पेश करना संभव नहीं होने के कारण वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उन्हें अदालत में उपस्थित कराने की योजना बनाई गई है। शनिवार सुबह गुंडु से गिरफ्तार किए गए ओली त्रिवि शिक्षण अस्पताल में भर्ती हैं। शनिवार शाम और रविवार सुबह किए गए स्वास्थ्य जांच के अनुसार, उन्हें चलाने के बजाय अस्पताल में ही रखने की चिकित्सकों ने सलाह दी थी। चिकित्सकों की इस सलाह के अनुसार सरकारी वकील कार्यालय ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उन्हें अदालत में उपस्थित कराने की तैयारी शुरू कर दी है, सूत्रों ने बताया। वर्तमान में, काठमांडू जिला अदालत और जिला पुलिस परिसर काठमांडू के आसपास बड़ी संख्या में सुरक्षा कर्मी तैनात किए गए हैं। शनिवार को गिरफ्तार पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को अदालत में पेश कर दिया गया है। ओली और लेखक दोनों को भदौ 23 को हुए जनजी आंदोलन दमन से संबंधित जांच आयोग की रिपोर्ट के आधार पर गिरफ्तार किया गया था।

खेलकूद से राजनीति को हटाने की नई सरकार की योजना

देश का प्रतिनिधित्व करने वाले खिलाड़ी राज्य से कोई प्रोत्साहन नहीं पाते हैं। कई खेलों के खिलाड़ियों के लिए राज्य से मिलने वाला धन सामान्य नाश्ते के लिए भी पर्याप्त नहीं होता। अखिल नेपाल फुटबाल संघ (एन्फा) ने कानून के विपरीत अधिवेशन करने की वजह से राष्ट्रिय खेलकूद परिषद् (राखेप) से निलंबित होकर अंतरराष्ट्रीय प्रतिबंध के खतरे में आ गया है। राजनीतिक टकराव के कारण दसवें राष्ट्रीय खेलकूद २०७८ मंसिर में नहीं हो पाया है और खेल क्षेत्र में विवाद जारी है। नई सरकार खेलकूद में राजनीतिकरण रोकने और योग्य विशेषज्ञ नियुक्त कर सुधार करने की योजना बना रही है।

१३ चैत, काठमाडौं। यदि कानूनी तरीके से अधिवेशन किया गया होता तो इस समय अखिल नेपाल फुटबाल संघ (एन्फा) का अधिवेशन हो रहा होता। शुक्रवार नए सरकार बनने पर एन्फा को भी नया नेतृत्व मिलना था। लेकिन खेलकूद विकास ऐन २०७७ के विपरीत अधिवेशन आयोजित करने का प्रयास करने पर एन्फा न केवल राष्ट्रिय खेलकूद परिषद् (राखेप) से निलंबित हुआ है, बल्कि नेपाली फुटबाल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिबंधों के खतरे में भी है। एन्फा ने राखेप के निर्देशों का पालन नहीं किया और राखेप भी इसे किसी भी कीमत पर रोकना चाहता था, इसी कारण यह स्थिति बनी। नेपाल ओलम्पिक कमिटी और राखेप के बीच लम्बे समय से विवाद भी समाप्त नहीं हो पाया है।

राजनीतिक टकराव के कारण गत वर्ष मंसिर में होने वाला दसवां राष्ट्रीय खेलकूद प्रतियोगिता आयोजित नहीं हो सका। इसी तरह के अन्य विवाद और असंवेदनशीलताएं नेपाली खेलकूद में व्याप्त हैं। २०७९ असोज-कार्तिक में गण्डकी प्रदेश में आयोजित नवम राष्ट्रीय खेलकूद से दसवें राष्ट्रीय खेलकूद २०८१ मंसिर में कर्णाली प्रदेश में आयोजित करने की घोषणा की गई थी। लेकिन राजनीतिक उतार-चढ़ाव ने अभी तक दसवें खेलकूद को स्थगित रखा है। भाद्र २३ एवं २४ को हुए जनजी आंदोलन के बाद खेलकूद मंत्री बने बब्लु गुप्ता भी चार बार निर्धारित तिथि पर दसवें खेलकूद का आयोजन नहीं कर पाए। कभी सदस्य सचिव और मंत्री अलग-अलग पार्टी के होने, कभी विषयगत समिति में अपने लोग न होने के कारण दसवें खेलकूद स्थगित होते रहे हैं।

दसवें खेलकूद से लेकर एन्फा की निलंबन, ओलम्पिक कमिटी के साथ पुराने विवादों को सुलझाने की जिम्मेदारी नई बनी सरकार पर होगी। एन्फा, ओलम्पिक कमिटी समेत कई खेल संघ देश के खेलकूद कानून का उल्लंघन करते हुए आगे बढ़ रहे हैं। नेपाल के कानून के अनुसार विजिट वीज़ा पर आने वाले व्यक्ति खेल नहीं सकते, पर कुछ खेल संघ श्रम स्वीकृति के बिना विदेशी खिलाड़ियों को खेला रहे हैं। हाल ही में अध्यागमन विभाग ने एन्फा को विजिट वीज़ा पर आए व्यक्तियों को खेलने से मना करने के निर्देश दिए हैं, जिसके बाद प्रतियोगिताएं रुकी हैं। नेपाल फुटबाल खिलाड़ी संघ के अध्यक्ष विक्रम लामाले खेलकूद में निरीक्षण की नीति के अभाव की बात कही है।

निरीक्षण और अनुगमन होने से खेल संघों के विवादों का समाधान हो सकता है, उनका अनुभव है। ‘अभी खेलकूद क्षेत्र में जितना बजट खर्च होता है, उसका कभी निरीक्षण नहीं होता,’ उन्होंने कहा, ‘यह निरीक्षण केवल खेल से जुड़े विशेषज्ञों द्वारा ही किया जाना चाहिए। सरकारी स्तर पर साफ नीति बनानी होगी कि कहाँ और कितना खर्च होगा, जिससे खेल संघ बेहतर होंगे।’ खेल संघों में राजनीतिकरण के साथ-साथ पारदर्शिता और जवाबदेही की कमी भी है। खिलाड़ी चयन के मानदंड से लेकर आर्थिक हिसाब-किताब तक कई खेल संघ गुप्त रखते हैं। देश के लोकप्रिय नेपाल क्रिकेट संघ (क्यान) ने पिछले साल हुए पहले संस्करण के नेपाल प्रीमियर लीग (एनपीएल) का हिसाब-किताब अभी तक सार्वजनिक नहीं किया है। खेल संघों में १०-१५ वर्षों से एक ही व्यक्ति नेतृत्व में है और नेतृत्व चयन राजनीतिक सहमति पर आधारित होता है। योग्यता से अधिक राजनीतिक ताकत वाले व्यक्ति खेल संघ में नेतृत्व प्राप्त करते हैं।

राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण नेपाली खेलकूद समस्याओं में फंसा हुआ है, यह राखेप के पूर्व सदस्य सचिव युवराज लामाको अनुभव है। वे कहते हैं, ‘राजनीतिक हस्तक्षेप के कारण खेल संघ विवादों में फंसे हैं।’ खेल संघ बार-बार विवादों में पड़ते हैं तो खिलाड़ियों के पक्ष में कम समय और अदालत में ज्यादा समय खर्च होता है। नेपाली खेलकूद को सक्रिय बनाने के लिए राखेप पुनर्संरचना और खेलकूद कानून संशोधन की मांगें उठ रही हैं। राखेप बोर्ड में ३७ सदस्य हैं, जिन्हें सभी पार्टीगत रूप से नियुक्त किया जाता है। ‘बोर्ड बहुत बड़ा है। पार्टी के हिस्से वाले लोग बोर्ड में आते हैं जो खेलकूद को नहीं समझते, फिर खेल क्षेत्र में काम कैसे होगा?’ एक बोर्ड सदस्य ने कहा, ‘बोर्ड सदस्यों की संख्या कम करनी चाहिए और मेरिट आधारित सदस्य नियुक्ति प्रणाली लागू करनी चाहिए।’ ओलम्पिक कमिटी के विवाद के बाद गत जेठ में तत्कालीन खेलकूद मंत्री तेजुलाल चौधरी ने खेलकूद विकास ऐन २०७७ में संशोधन हेतु विधेयक लाया था, लेकिन यह विधेयक आलोचनाओं के कारण आगे बढ़ नहीं पाया।

प्रक्रियागत देरी के कारण विश्व स्तर पर नाम कमा चुके खिलाड़ियों को वर्षो तक उनके पुरस्कार नहीं मिल पाते। खिलाड़ी सार्वजनिक रूप से पुरस्कार मांगने को मजबूर होते हैं, जो नेपाली खेलकूद में विडंबना बनी हुई है। नेपाली फुटबाल की सबसे बड़ी प्रतियोगिता ‘ए’ डिविजन लीग फुटबाल पिछले हजार दिन से आयोजित नहीं हुई है। लीग न होने से खिलाड़ी भविष्य सुनिश्चित करने के लिए विदेश चले गए हैं। खेल के बाद कैरियर के लिए सरकार के पास कोई ठोस योजना नहीं है, जिसके कारण खिलाड़ी खेल छोड़कर विदेश जा रहे हैं। विभाग में होने वाले खिलाड़ी भी नेपाल में भविष्य नहीं देख पा रहे हैं। प्रतिभा दिखाने के लिए प्रतियोगिताएं कम होती जा रही हैं, जबकि नेता और पार्टी के नाम पर होने वाली प्रतियोगिताएं बढ़ रही हैं। योग्य आधार पर चयन प्रक्रिया लागू होने से कम से कम आधे समस्याएं हल हो सकती हैं, राखेप के पूर्व सदस्य सचिव लामाले बताया। ‘संघों के चुनाव और कर्मचारी व्यवस्था में मेरिटोक्रेसी और ऑनलाइन प्रक्रिया अपनाने से आधी समस्याएं सुलझ जाएंगी,’ वे कहते हैं।

खेलकूद को शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से मौजूदा सरकार ने शिक्षा, विज्ञान तथा प्रौद्योगिकी मंत्रालय और युवा एवं खेलकूद मंत्रालय को मिलाकर एक ही मंत्रालय बनाया है, जिसका नेतृत्व सस्मित पोखरेल करेंगे। नए सरकार ने खेल संघ विवाद समाधान और खेलकूद में राजनीतिकरण रोकने पर ध्यान देने की योजना बनाई है। राखेप के पूर्व सदस्य सचिव लामाका सुझाव हैं, ‘खेल संघों में बजट का राजनीतिक और पार्टीगत उपयोग रोकना होगा और सभी संघों को समान बजट आवंटन करना चाहिए। पार्टी के राजनीतिक संगठनों को बजट और नेतृत्व के लिए प्रोत्साहित किए बिना खेलकूद क्षेत्र के लोगों को ही प्रबंधन सौंपी जानी चाहिए।’ उनके अनुसार भुइँतह से खेलकूद का विकास करने हेतु एक खेल शिक्षक की नियुक्ति करनी चाहिए। राष्ट्रीय खेल वॉलीबॉल के लिए कोई कवर हॉल भी नहीं है। देश का प्रतिनिधित्व करने वाले खिलाड़ियों को राज्य से कोई प्रोत्साहन नहीं मिलता। कई खिलाड़ी तो राज्य के पैसों से सामान्य भोजन भी नहीं कर पाते। निचले स्तर से खेलकूद विकास के लिए न तो संघों के पास योजना है और न ही सरकार के पास। स्कूल स्तर पर खेलकूद गतिविधियों की मात्रा बहुत कम है। खेल से जुड़े लोगों के लिए कोई निवेश या प्रोत्साहन नहीं है। नेपाली खेलकूद की तीनों बड़ी समस्याओं का समाधान नई सरकार के सामने चुनौती है।

सस्मित पोखरेल, नवनियुक्त मंत्री, ने कहा कि वे खेलकूद क्षेत्र में राजनीति को पूरी तरह खत्म करने का संकल्प लेकर कार्यभार संभालेंगे। ‘अब खेलकूद क्षेत्र में केवल खिलाड़ी और विशेषज्ञ होंगे, राजनीति करने वाले नहीं,’ उन्होंने कहा, ‘राखेप और खेलकूद से जुड़े सभी निकायों में क्षेत्र के अनुभवी विशेषज्ञों को नियुक्त किया जाएगा।’ मंत्री पोखरेल के अनुसार, खेल क्षेत्र में राजनीतिकरण सबसे बड़ा शत्रु है। ‘बहुत अधिक राजनीतिकरण से खेल क्षेत्र खराब हुआ है, हर जगह राजनीति होनी जरूरी नहीं है। अब खेलकूद क्षेत्र से राजनीतिकरण हटाया जाएगा,’ उन्होंने बताया।

जाँचबुझ आयोगको प्रतिवेदन कार्यान्वयनका लागि परिसर काठमाडौं पुग्यो

जाँचबुझ आयोग की रिपोर्ट जिले पुलिस परिसर काठमांडू में हस्तांतरित

१५ चैत, काठमांडू। गत भदौ २३ एवं २४ तारीख को हुई घटनाओं की जांच के लिए गठित जाँचबुझ आयोग की रिपोर्ट जिले पुलिस परिसर काठमांडू में हस्तांतरित की गई है। पूर्व न्यायाधीश गौरीबहादुर कार्की के नेतृत्व में तैयार इस रिपोर्ट को कार्यान्वित करने का निर्णय सरकार द्वारा लिया गया था। इसके बाद, उक्त रिपोर्ट को प्रधानमंत्री तथा मंत्रिपरिषद् कार्यालय से गृह मंत्रालय भेजा गया था। गृह मंत्रालय ने रिपोर्ट के कार्यान्वयन की जिम्मेदारी पुलिस प्रधान कार्यालय को सौंपी थी।

पुलिस प्रधान कार्यालय से काठमांडू घाटी पुलिस कार्यालय रानीपोखरी के माध्यम से यह रिपोर्ट जिले पुलिस परिसर काठमांडू तक पहुंचाई गई है। परिसर काठमांडू के प्रवक्ता एवं एसपी पवनकुमार भट्टarai ने रिपोर्ट प्राप्त होने की जानकारी दी। उन्होंने कहा, “हमारे पास रिपोर्ट आ चुकी है। अब इसे कार्यान्वयन के चरण में ले जाया जाएगा।”

रिपोर्ट के कार्यान्वयन के निर्णय के साथ ही शनिवार सुबह पूर्व प्रधानमंत्री केपी शर्मा ओली और पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक को गिरफ्तार किया गया है। अन्य सुरक्षा संबंधित मामलों की विस्तृत जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। जनेजी आंदोलन के दौरान हुई हत्याकांड के संदर्भ में कार्की आयोग ने हत्या से संबंधित अपराध में ओली और लेखक के खिलाफ कार्रवाई की सिफारिश की थी।

त्रिवि शिक्षण अस्पताल ने केपी शर्मा ओली के सामान्य स्वास्थ्य स्थिति की पुष्टि की

१४ चैत, काठमाडौं। नेकपा एमाले के अध्यक्ष केपी शर्मा ओली के स्वास्थ्य स्थिति कोत्रिवि शिक्षण अस्पताल ने सामान्य बताया है। आज सुबह गिरफ्तार किए गए ओली को महाराजगंज स्थित शिक्षण अस्पताल में भर्ती कर उपचार शुरू किया गया है। अस्पताल के प्रवक्ता डॉ. गोपाल सेढ़ाईं ने पुष्टि करते हुए कहा कि, ‘उनका आज स्वास्थ्य परीक्षण किया गया और सभी जांच के नतीजे सामान्य पाए गए हैं।’ उन्होंने आगे कहा, ‘सुबह अस्पताल में भर्ती करते समय दिल की धड़कन तेज थी, लेकिन अब स्थिति ठीक है। गुर्दे भी सामान्य हैं।’

प्रवक्ता डॉ. सेढ़ाईं के अनुसार अध्यक्ष ओली की पित्ताशय में पत्थरी पाई गई है, जिसके कारण उन्हें अस्पताल में ही रखकर उपचार जारी रखा जा रहा है। उन्हें भदौ २३ और २४ को हुए जेएनजे आंदोलन से संबंधित जांच के लिए पूर्व न्यायाधीश गौरीबहादुर कार्की की अध्यक्षता में गठित आयोग की सिफारिश के आधार पर पुलिस द्वारा गिरफ्तार किया गया है। –रासस

महिलाका लागि ‘ब्लु बस’ सञ्चालन गर्ने सरकारको घोषणा

महिलाओं की सुरक्षा के लिए ‘ब्लू बस’ संचालित करने की सरकार की घोषणा

समाचार सारांश

संपादकीय रूप से समीक्षा किया गया।

  • सरकार ने महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए सातों प्रदेशों में निशुल्क ब्लू बस सेवा संचालन की योजना प्रस्तावित की है।
  • सरकार ने पहले चरण में 100 दिनों के भीतर कम से कम 25 ब्लू बसें चलाने का लक्ष्य रखा है।
  • सार्वजनिक परिवहन में लैंगिक हिंसा रोकने के लिए सभी वाहनों में सीसी कैमरा लगाने और राइड शेयरिंग ऐप में एसओएस बटन अनिवार्य करने की योजना बनाई है।

14 चैत्र, काठमांडू। सरकार ने महिलाओं की सुरक्षा के लिए ‘ब्लू बस’ संचालित करने की योजना का सार्वजनिक किया है।

शुक्रवार को हुए मंत्रिपरिषद् की बैठक ने स्वीकृत किए गए 100 कार्यसूचियों में इस योजना को भी शामिल किया है।

‘महिलाओं के सुरक्षित आवागमन को सुनिश्चित करने के लिए सातों प्रदेशों में निशुल्क ब्लू बस सेवा चलाने का प्रावधान है,’ सरकार की कार्यसूची में कहा गया है, ‘पहले चरण में 100 दिनों के अंदर कम से कम 25 बसें संचालित की जाएंगी।’

साथ ही सार्वजनिक परिवहन में होने वाले लैंगिक हिंसा को रोकने के लिए सभी वाहनों में सीसी कैमरे लगाना, राइड शेयरिंग ऐप में एसओएस बटन अनिवार्य करना ताकि आकस्मिक और खतरे की स्थिति में सूचना पुलिस को तुरंत उपलब्ध कराई जा सके, इस योजना को भी सरकार ने 30 दिनों के भीतर पूरा करने का प्रस्ताव रखा है।

नेपाल कबड्डी लिग सिजन २ के ६ टीम मालिकों की घोषणा

नेपाल कबड्डी लिग सिजन २ के टीम मालिकों की घोषणा कर दी गई है। नेशनल इन्वेस्टमेंट होल्डिंग्स की भवानी राणा ने विराटनगर बाहुबली टीम का स्वामित्व लिया है। एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट के साथ किए गए 10 साल के समझौते का उद्देश्य नेपाल कबड्डी के व्यावसायिक विकास को बढ़ावा देना है। १५ चैत्र, काठमांडू।

आगामी जेठ २२ से शुरू हो रहे नेपाल कबड्डी लिग (एनकेएल) सिजन २ में हिस्सा लेने वाली ६ टीमों के मालिकों का उद्घाटन कर दिया गया है। एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट द्वारा होटल याक एण्ड यती में शनिवार को आयोजित कार्यक्रम में एनकेएल सिजन २ की ६ फ्रेंचाइजी टीमों के मालिकों की घोषणाएं की गईं। नेपाल उद्योग वाणिज्य महासंघ की पूर्व अध्यक्ष भवानी राणा कबड्डी लिग में शामिल हुई हैं। उनकी कंपनी नेशनल इन्वेस्टमेंट होल्डिंग्स ने विराटनगर टीम का स्वामित्व हासिल किया है। इस टीम का नाम बदलकर विराटनगर बैंडिट्स से विराटनगर बाहुबली कर दिया गया है।

पहले सत्र के विजेता जनकपुर नाइट्स का स्वामित्व नेको इन्श्योरेंस लिमिटेड के पास ही है। उपविजेता काठमाडौं मावरिक्स टीम का स्वामित्व काठमाडौं मावरिक्स प्रा. लि. के पास है। वहीं, फेवा कंस्ट्रक्सन ने पोखरा लेकर्स का स्वामित्व लिया है जबकि मोराई कॉर्पोरेशन ने बुटवल बुल्स की टीम का अधिग्रहण किया है। इसके साथ ही हिमालयन राइडर्स का नाम बदलकर बुटवल बुल्स कर दिया गया है। धनगढी वाइल्डकैट्स प्रा. लि. ने सुदूरपश्चिम प्रदेश के प्रतिनिधि टीम धनगढी वाइल्डकैट्स का स्वामित्व लिया है।

देश में लोकप्रियता हासिल करते एनकेएल की व्यावसायिक और व्यापारिक सगाई पर खुशी जताते हुए एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट के प्रमुख अमितकुमार बेगानी ने कहा, ‘पहले संस्करण को हमने भव्य रूप से आयोजित किया था। दूसरा संस्करण इससे भी बेहतर होगा। कॉर्पोरेट परिवारों की भागीदारी लिग की उत्कृष्टता को बढ़ाएगी। हमारा लक्ष्य नेपाली कबड्डी को विश्वव्यापी उत्कृष्टता की ओर ले जाना है।’ कार्यक्रम में नेपाली राष्ट्रीय स्तर पर श्रीलंकाई राजदूत रुवन्थी डेलपिटिया, अखिल नेपाल कबड्डी संघ के महासचिव अरविंदकुमार झल सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद थे। महासचिव झल ने बताया कि एस्ट्रोनिक्स मैनेजमेंट के साथ नेपाल कबड्डी लिग के लिए 10 साल का समझौता हुआ है, जो देश के कबड्डी खेल के विकास में अहम भूमिका निभाएगा। एनकेएल को व्यवसायिक तरीके से संचालित करने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। जेठ २२ से शुरू होने वाले एनकेएल सिजन २ के खिलाड़ियों के ड्राफ्ट के लिए देशी खिलाड़ियों का चयन पूरा हो चुका है। इसके अतिरिक्त 15 देशों के 100 से अधिक विदेशी खिलाड़ियों ने भी नाम दर्ज कराया है, आयोजकों ने बताया।

सहकारीका साना बचतकर्ताको बचत फिर्ता सय दिनभित्रै थाल्ने सरकारको घोषणा

सरकार सहकारी के छोटे बचतकर्ताओं की राशि वापसी प्रक्रिया 100 दिनों के भीतर शुरू करने की तैयारी में

सरकार सहकारी के छोटे बचतकर्ताओं की राशि वापसी प्रक्रिया 100 दिनों के भीतर शुरू करने की योजना प्रस्तुत कर चुकी है। छोटे एवं लघु उद्योगों के सहकारी समितियों में बड़ी रकम जमा है, जो अर्थव्यवस्था पर प्रभाव डाल रही है। राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी के घोषणापत्र के अनुसार यह घोषणा 100 बिंदुओं की कार्यसूची में शामिल है।

सरकार ने आपराधिक संपत्ति प्रबंधन प्रक्रिया को सरल और समरूप बनाने के लिए रोक, नियंत्रण और जब्ती से संबंधित नियमावली को दो महीने के भीतर संशोधित करने की प्रतिबद्धता भी जताई है। इससे सहकारी बचत राशि वापसी प्रक्रिया को प्रभावी बनाने में सहायता मिलने की उम्मीद है।

१४ चैत, काठमांडू।

आजका लागि फलफूल र तरकारीहरूको थोक मूल्य निर्धारण

१५ चैत, काठमाडौं । कालीमाटी फलफूल तथा तरकारी बजार विकास समितिले आजका लागि कृषिउपजहरूको थोक मूल्य निर्धारण गरेको छ । समितिका अनुसार गोलभेँडा ठूलो (भारतीय) प्रतिकिलो ८०, गोलभेँडा सानो (लोकल) प्रतिकिलो ३०, गोलभेँडा सानो (भारतीय) प्रतिकिलो ३५, गोलभेँडा सानो (तराई) प्रतिकिलो ४०, आलु रातो प्रतिकिलो २०, आलु रातो (भारतीय) प्रतिकिलो २२ र प्याज सुकेको (भारतीय) प्रतिकिलो ३६ रहेको छ । यसै गरी, गाजर (लोकल) प्रतिकिलो ३०, गाजर (तराई) प्रतिकिलो २०, बन्दा (लोकल) प्रतिकिलो ३०, बन्दा (नरिबल) प्रतिकिलो २०, काउली स्थानीय प्रतिकिलो ७०, काउली स्थानीय (ज्यापु) प्रतिकिलो ९०, काउली तराई प्रतिकिलो ६०, सेतो मूला (लोकल) प्रतिकिलो २०, सेतो मूला (हाइब्रिड) प्रतिकिलो ३०, भन्टा लाम्चो प्रतिकिलो ६० र भन्टा डल्लो प्रतिकिलो ७० कायम गरिएको छ ।

त्यसैगरी, बोडी (तने) प्रतिकिलो ९०, मटरकोसा प्रतिकिलो ६०, घिउ सिमी (लोकल) प्रतिकिलो १००, घिउ सिमी (हाइब्रिड) प्रतिकिलो ८०, घिउ सिमी (राजमा) प्रतिकिलो १००, टाटे सिमी प्रतिकिलो ८०, तिते करेला प्रतिकिलो १५०, लौका प्रतिकिलो ८०, परवर (तराई) प्रतिकिलो १००, घिरौँला प्रतिकिलो ९०, फर्सी पाकेको प्रतिकिलो ६०, हरियो फर्सी (लाम्चो) प्रतिकिलो ५०, हरियो फर्सी (डल्लो) प्रतिकिलो ४०, भिन्डी प्रतिकिलो ११०, सखरखण्ड प्रतिकिलो ७०, बरेला प्रतिकिलो ६५, पिँडालु प्रतिकिलो ६० र स्कुस प्रतिकिलो ५० कायम गरिएको छ । रायोसाग प्रतिकिलो ८०, पालुङ्गो प्रतिकिलो ११०, चमसुर प्रतिकिलो ११०, तोरीसाग प्रतिकिलो ६०, मेथी प्रतिकिलो ११०, हरियो प्याज प्रतिकिलो १००, बकुला प्रतिकिलो ५०, तरुल प्रतिकिलो ७०, च्याउ (कन्य) प्रतिकिलो १३०, च्याउ (डल्ले) प्रतिकिलो ३५०, राजा च्याउ प्रतिकिलो ३०० र सिताके च्याउ प्रतिकिलो १,००० निर्धारण गरिएको छ ।