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लेखक: space4knews

म्यान्चेस्टर युनाइटेड ने च्याम्पियन्स लिग में जगह बनाई

म्यान्चेस्टर युनाइटेड ने लिवरपूल को ३-२ से हराकर दो साल बाद यूरोपीय च्याम्पियन्स लिग में प्रवेश किया है। इंग्लिश प्रीमियर लीग में शीर्ष ४ स्थान हासिल करके यूनाइटेड ने च्याम्पियन्स लिग के लिए क्वालिफाई किया है। अंतरिम कोच माइकल कायरिक के नेतृत्व में यूनाइटेड ने १४ मैचों में १० जीत, २ हार और २ ड्रॉ के साथ प्रभावशाली प्रदर्शन किया है।

इंग्लिश फुटबॉल क्लब म्यान्चेस्टर युनाइटेड ने दो साल बाद यूरोपीय च्याम्पियन्स लिग में वापसी की है। इंग्लिश प्रीमियर लीग के तहत पिछली रात लिवरपूल के खिलाफ रोमांचक मुकाबले में ३-२ से जीत हासिल करते हुए यूनाइटेड ने शीर्ष ४ स्थान पक्का किया और च्याम्पियन्स लिग क्वालिफाई करने की घोषणा की। अपने घरेलू मैदान ओल्ड ट्रैफर्ड में हुआ मैच म्यान्चेस्टर युनाइटेड ने शुरू से ही आक्रामक खेल दिखाया।

मैच के छठे मिनट में माथियस कुन्हा ने गोल कर टीम को बढ़त दिलाई, जबकि १४वें मिनट में बेंजामिन सेस्को के गोल से पहला हाफ यूनाइटेड के लिए २-० की बढ़त के साथ समाप्त हुआ। हालांकि, दूसरे हाफ की शुरुआत में लिवरपूल ने वापसी की कोशिश की। ४७वें मिनट में डोमिनिक सोबोस्लाई ने गोल कर स्कोर १-२ किया, और ५६वें मिनट में कोडी गाक्पो ने गोल कर बराबरी कराई। लेकिन ७७वें मिनट में कोबी माइनु ने निर्णायक गोल कर म्यान्चेस्टर युनाइटेड को ३-२ से जीत दिलाई। हाल ही में पांच वर्षीय अनुबंध पर हस्ताक्षर करने वाले माइनु ने ये निर्णायक गोल किया, जिसने टीम को च्याम्पियन्स लिग में लौटाया।

पूर्व कोच रुबेन अमोरिम के तहत माइनु प्रारंभिक चयन में नहीं थे। इस जीत ने म्यान्चेस्टर युनाइटेड को २०१५-१६ के बाद पहली बार लिवरपूल के खिलाफ लीग डबल पूरा करने में मदद की है। साथ ही, अंतरिम कोच माइकल कायरिक ने बड़ी टीमों को लगातार हराकर स्थायी कोच बनने की अपनी दावेदारी को मजबूत किया है। कायरिक के नेतृत्व में यूनाइटेड ने १४ मैचों में १० जीत, २ हार और २ ड्रॉ हासिल किए हैं।

नेपाल दलित संघका अध्यक्ष विश्वकर्माले दिए राजीनामा

नेपाल दलित संघ के अध्यक्ष लोकबहादुर विश्वकर्मा ने पद से इस्तीफा दिया

नेपाल दलित संघ के अध्यक्ष लोकबहादुर विश्वकर्मा ने पारिवारिक और शारीरिक समस्याओं के कारण अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने सोमवार को अध्यक्ष गगनकुमार थापा को अपना इस्तीफा सौंपा। निवर्तमान अध्यक्ष शेरबहादुर देउवाल ने १३असोज २०८० को विश्वकर्मा को दलित संघ का अध्यक्ष नियुक्त किया था। २१ वैशाख, काठमांडू।

अध्यक्ष विश्वकर्मा ने अपने इस्तीफे में उल्लेख किया है कि पारिवारिक और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के कारण पद पर रहते हुए अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने में असमर्थ होने के कारण उन्होंने इस्तीफा देने का निर्णय लिया है। इससे पहले नेपाल की तरुण दल के अध्यक्ष बिद्धान गुरुङ भी अध्यक्ष थापा के समक्ष अपना इस्तीफा सौंप चुके हैं।

संरचनात्मक सुधार एवं परीक्षा प्रणाली सुधार के लिए १०० दिनों के भीतर परिणाम प्रकाशित करने का संकल्प

त्रिभुवन विश्वविद्यालय के उपकुलपति प्रो. डॉ. दीपक अर्याल ने ९ महीने २४ दिन के नेतृत्व के बाद १७ वैशाख को इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपने कार्यकाल में विश्वविद्यालय में संरचनात्मक सुधार, परीक्षा प्रणाली सुधार और ऑनलाइन सेवा विस्तार के लिए काम किए जाने की जानकारी दी है। अर्याल ने विश्वविद्यालय की भूमि संरक्षण, कैंपस उन्नयन और सेवा प्रवाह सरलीकरण के लिए विभिन्न समितियां भी गठित की गईं, इसके बारे में उन्होंने बताया। २१ वैशाख, काठमाडौं।

प्रो. डॉ. दीपक अर्याल को तत्कालीन प्रधानमंत्री एवं कुलपति केपी ओली ने २०८२ असार २५ को उपकुलपति के पद पर नियुक्त किया था। उनका कार्यकाल चार वर्ष का था, लेकिन नई सरकार के गठन के बाद १७ वैशाख को उन्होंने इस्तीफा दे दिया। ९ माह के दौरान राजनीतिक पक्षपात न करने का दावा करते हुए उन्होंने कहा, “किसी भी राजनीतिक पक्षधरता या पद का दुरुपयोग किए बिना मर्यादित और निष्पक्ष तरीके से कार्य संपादन के लिए ईमानदारी से प्रयास किया गया।”

अर्याल ने अपने कार्यकाल में किए गए सुधारों को जनता के सामने रखा। उन्होंने कहा कि शिक्षा में गुणवत्ता सुधार के उद्देश्य से त्रिवि के संरचनात्मक और प्रबंधकीय सुधार किए गए। परीक्षा प्रणाली के अंतर्गत शैक्षणिक पात्रो को लागू कर परीक्षा समाप्ति की तारीख से १०० दिनों के भीतर परिणाम प्रकाशित करने की शुरुआत की गई है, यह भी उन्होंने जानकारी दी। उन्होंने आगे कहा, “विश्वविद्यालय के अभिलेखों की सुरक्षा के लिए सूचना तथा नवप्रवर्तन केंद्र को सशक्त बनाया गया तथा ऑनलाइन सेवाओं का विस्तार और सुदृढ़ीकरण किया गया। शिक्षकों और कर्मचारियों के पेशेवर विकास, कार्य प्रदर्शन में पारदर्शिता और निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए ठोस पहल की गई थी।”

कांग्रेस के प्रमुख चेहरा गौरव गोगोई जोरहाट में हार गए

असम विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई जोरहाट निर्वाचन क्षेत्र से भारतीय जनता पार्टी के हितेंद्र नाथ गोस्वामी से 23 हजार से अधिक वोटों के अंतर से पराजित हुए हैं। चुनाव आयोग के आंकड़ों के अनुसार, गोस्वामी को 64,439 वोट मिले जबकि गोगोई ने 46,257 वोट हासिल किए।

गोगोई को कांग्रेस ने मुख्य रणनीतिकार और प्रमुख चेहरा के रूप में प्रस्तुत किया था, लेकिन वे अपने गढ़ को बचा पाने में असफल रहे। 21 वैशाख, काठमांडू। असम विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के प्रभावशाली नेता एवं प्रदेश अध्यक्ष गौरव गोगोई जोरहाट से हार गए हैं। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के हितेंद्र नाथ गोस्वामी ने 23 हजार से अधिक वोट के अंतर से जीत दर्ज की है।

जोरहाट लोकसभा सीट से सांसद रहे गोगोई को कांग्रेस ने इस चुनाव में मुख्य रणनीतिकार और प्रमुख चेहरा के रूप में आगे बढ़ाया था। लेकिन अपने गढ़ को बचा न पाने के कारण गोगोई की हार को असम कांग्रेस के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।

सरुको गोल से किकस्टार्ट ने जीती, एन्जिला के साथ सेथु भी विजयी

इंडियन विमेंस लीग में नेपाली मिडफिल्डर सरु लिम्बु के गोल से किकस्टार्ट ने सेसा फुटबाल एकेडमी को ३-० के शानदार अंतर से हराया है। इस मैच में सरु ने २९वें मिनट में गोल किया। नाइजीरियाई खिलाड़ी इमेम पिस इसियन ने १७वें मिनट में गोल दागा जबकि बबिसाना देवी ने ६७वें मिनट में टीम का तीसरा गोल दागा। किकस्टार्ट ने १० अंक जुटाकर छठे स्थान पर कब्जा किया है।

वहीं, नेपाली राष्ट्रीय टीम की गोलरक्षक एन्जिला तुम्बापो सुब्बा शामिल सेथु एफसी ने श्रीभूमि फुटबाल क्लब को २-१ से मात दी। सेथु के लिए सुमती कुमारी ने १३वें, स्लिन्डा कोम ने २०वें और घाना की खिलाड़ी फिलोमेना अबकाश ने पेनल्टी के जरिए ३८वें मिनट में गोल किया। सेथु १९ अंकों के साथ दूसरे स्थान पर है जबकि ईस्ट बंगाल २७ अंकों के साथ शीर्ष स्थान पर है। अब किकस्टार्ट शीर्ष स्थान की टीम ईस्ट बंगाल के खिलाफ मैच खेलेगा जबकि सेथु एफसी निता फुटबाल एकेडमी से मुकाबला करेगा।

भूमिहीनलाई सडकमा बस्न बाध्य बनाउने नीति स्वीकार्य छैन : हर्क साम्पाङ

भूमिहीन लोगों को सड़क पर रहने पर मजबूर करने वाली नीति स्वीकार्य नहीं: हर्क साम्पाङ

२१ वैशाख, काठमाडौं। श्रम संस्कृति पार्टी के अध्यक्ष हर्कराज राई ने सुकुम्बासी बस्ती खाली कराने की सरकार की योजना का कड़ा विरोध किया है। सोमवार को काठमाडौं के थापाथली में सरकार द्वारा हटाई गई सुकुम्बासी बस्ती का दौरा करने के बाद अध्यक्ष राई ने कहा कि गरीब और भूमिहीन नागरिकों को सड़क पर रहने को मजबूर करने वाली नीति अस्वीकार्य है। उन्होंने कहा कि सुकुम्बासी भी नेपाली नागरिक हैं और उनके आवास, भोजन और रहने के अधिकारों का सम्मान किया जाना चाहिए।

२३-२४ भदौको प्रतिवेदन तुरुन्त सार्वजनिक गर्न र सुकुमवासीको अवस्था अनुगमन गर्न नेविसंखको माग

नेपाल विद्यार्थी संघले २३–२४ भदौको घटनासम्बन्धी राष्ट्रिय मानवअधिकार आयोगको अध्ययन प्रतिवेदन तत्काल सार्वजनिक गर्न माग गरेको छ। आयोगले ६ चैतमै प्रतिवेदन बुझाइसकेको भए तापनि हालसम्म सार्वजनिक नगर्नु संवैधानिक दायित्व र पारदर्शितामाथि प्रश्न उठाउने विषय भएको नेविसंखले बताएका छन्।

भूमिहीन सुकुमवासी बस्ती हटाइएपछि विस्थापित नागरिकले न्यूनतम मानवीय सेवा नपाएको र होल्डिङ सेन्टरहरू अव्यवस्थित रहेको गुनासो नेविसंखले आयोगलाई गराएको छ। २१ वैशाख, काठमाडौं। नेपाल विद्यार्थी संघ (नेविसंख) ले २३–२४ भदौको घटनासम्बन्धी राष्ट्रिय मानवअधिकार आयोगले तयार पारेको अध्ययन प्रतिवेदन तत्काल सार्वजनिक गर्न माग गर्दै आयोगका सचिव मुरारीप्रसाद खरेललाई ध्यानाकर्षण पत्र बुझाएको छ।

नेविसंखका तर्फबाट केन्द्रीय कार्यालय, काठमाडौंले आज आयोग सचिव खरेललाई बुझाएको पत्रमा २३–२४ भदौका घटनाबारे आयोगले गठन गरेको अध्ययन टोलीले आफ्नो प्रतिवेदन ६ चैतमै बुझाइसके पनि हालसम्म सार्वजनिक नगरिएकोप्रति गम्भीर आपत्ति जनाइएको छ। पत्रमा प्रतिवेदन सार्वजनिक नगर्नु आयोगको संवैधानिक दायित्व, पारदर्शिता र जवाफदेहितामाथि गम्भीर प्रश्न उठाउने विषय भएको उल्लेख गरिएको छ।

पश्चिम बंगाल में भाजपा विस्तार के ५ मुख्य कारण

समाचार सारांश: पश्चिम बंगाल में भारतीय जनता पार्टी ने २९४ में से १९३ सीटों पर बढ़त लेकर तृणमूल कांग्रेस के १५ वर्षों के शासन को खत्म करने की संभावनाएं बढ़ा दी हैं। भाजपा ने महिला सुरक्षा, भ्रष्टाचार और बेरोजगारी के खिलाफ नाराजगी को चुनावी मुद्दा बनाया है। भाजपा ने ‘ब्रांड मोदी’ और हिन्दू मतध्रुवीकरण की रणनीति के साथ विकास और सामाजिक योजनाओं का वादा करके चुनावी मैदान में प्रभाव जमाया है। २१ वैशाख, काठमाडौं। पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी के नेतृत्व वाली तृणमूल कांग्रेस की १५ वर्ष पुरानी किले को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) द्वारा ध्वस्त किए जाने की संभावना लगभग तय हो गई है। विधानसभा चुनाव में राज्य की २९४ सीटों में से २९३ सीटों की मतगणना जारी है और भाजपा पूर्ण बहुमत की ओर बढ़ रही है। बहुमत के लिए १४८ सीटें आवश्यक थीं, लेकिन खबर तैयार होने तक भाजपा १९३ सीटों पर आगे चल रही थी।

सन् २०११ के विधानसभा चुनाव में भी भाजपा ने सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस को कड़ी चुनौती दी थी, मगर अंतिम परिणाम तृणमूल के पक्ष में आया था। उस चुनाव में तृणमूल कांग्रेस ने १७७ सीटें जीतकर सत्ता बनाए रखी थीं। उस समय भाजपा पहली बार मुख्य विपक्षी दल बनी थी और प्रभावशाली प्रदर्शन करते हुए ७७ सीटें जीती थीं। लेकिन इस बार भाजपा सहज बहुमत हासिल करने की दिशा में बढ़ रही है। हालांकि, ममता बनर्जी ने दावा किया है कि अंतिम विजेता तृणमूल कांग्रेस ही होगी।

पश्चिम बंगाल के मतदाताओं ने भाजपा को चुनने के ५ संभावित कारण निम्नलिखित हैं:

  1. सत्ता विरोधी लहर और भाजपा का बढ़ता जनाधार: तृणमूल कांग्रेस २०११ में सत्ता में आई थी और ममता बनर्जी ने वामपंथी किले को ध्वस्त कर इतिहास रचा था। लेकिन १५ साल सत्ता में रहने के दौरान सरकार के खिलाफ असंतोष बढ़ता गया। इसका फायदा भाजपा ने उठाया है। पिछले दस वर्षों में भाजपा ने मजबूत विपक्षी दल के रूप में खुद को बदला। सन् २०१६ में १० प्रतिशत वोट पाने वाली भाजपा ने सन् २०२१ में ३८ प्रतिशत और सन् २०२४ के लोकसभा चुनाव में लगभग ३९ प्रतिशत वोट हासिल किए।
  2. तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ असंतोष और भ्रष्टाचार के खिलाफ आक्रोश: ममता बनर्जी अभी भी लोकप्रिय हैं, लेकिन बेरोजगारी, भ्रष्टाचार और सुशासन में विपक्षी दल की आक्रामक भूमिका ने अनिश्चित मतदाताओं को भाजपा की ओर आकर्षित किया है। तृणमूल सरकार पर शिक्षक भर्ती घोटाला, राशन घोटाला सहित बड़े भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं। पूर्व मंत्री पार्थ चटर्जी की गिरफ्तारी जैसी घटनाओं ने पार्टी की छवि पर प्रभाव डाला है।
  3. महिला सुरक्षा का मुद्दा: राजी कर अस्पताल जैसी घटनाओं ने महिला सुरक्षा को बड़ा चुनावी मुद्दा बनाया है। कोलकाता के सरकारी अस्पताल में कार्यरत महिला चिकित्सक के साथ यौन दुर्व्यवहार की घटना सार्वजनिक होने के बाद देशव्यापी आक्रोश फैला। उत्तर २४ परगना जिले के सन्देशखाली इलाके की स्थानीय महिलाओं ने कुछ प्रभावशाली व्यक्तियों पर यौन शोषण, जमीन कब्जा और धमकी देने के आरोप लगाए, जिनमें सत्तारूढ़ दल के नेता शामिल बताए गए।
  4. ‘ब्रांड मोदी’ का प्रभाव और हिन्दू मतध्रुवीकरण: नरेंद्र मोदी की लोकप्रियता को आगे रखते हुए भाजपा चुनाव मैदान में उतरी है। ममता की प्रभावशाली राज्य सरकार का सामना करने में ‘मोदी ब्रांड’ निर्णायक भूमिका निभा रहा है। प्रधानमंत्री मोदी ने ‘डबल इंजन सरकार’ का सूत्रपात किया है और विकास का वादा किया है। खासकर महिलाओं को लक्षित करते हुए मासिक तीन हजार रुपये खाते में भेजने का वादा किया गया है। इसके साथ ही भाजपा ने हिन्दू मतदाताओं को एकजुट करने का प्रयास किया है। तृणमूल कांग्रेस को मुस्लिम समर्थक पार्टी के रूप में प्रचारित करके भाजपा ने मतध्रुवीकरण की रणनीति अपनाई है।
  5. बंगालादेशी घुसपैठ का मुद्दा और मतदाता सूची संशोधन का प्रभाव: पश्चिम बंगाल में बंगालादेशी घुसपैठ लंबे समय से विवादित विषय है। विपक्ष ने सरकार पर नरमी बरतने का आरोप लगाते हुए कड़ी आलोचना की है। चुनाव से पहले मतदाता सूची संशोधन अभियान चलाया गया, जिसमें लाखों मतदाताओं के नाम हटाए जाने के आरोप लगे। यह चुनावी समीकरणों पर महत्वपूर्ण प्रभाव डालने वाला माना जा रहा है।

इंटर ने 21वीं बार सीरी ए की उपाधि जीती

इंटर मिलान ने 21वीं बार इटालियन सीरी ए की उपाधि अपने नाम की है। इंटर ने पार्मा को 2-0 से हराते हुए 3 मैचों के बाद भी उपाधि पक्की कर ली है। मार्कस ठुराम और हेनरिक मिखिटरयान ने समान एक-एक गोल किए।

21 वैशाख, काठमांडू। रविवार रात हुए मुकाबले में इंटर ने पार्मा को 2-0 से हराते हुए ट्रॉफी अपने नाम की। सान सिरो में खेले गए मैच में इंटर के लिए मार्कस ठुराम ने पहले हाफ के इन्जूरी टाइम में गोल कर टीम को बढ़त दिलाई, जबकि मिखिटरयान ने 80वें मिनट में गोल कर जीत सुनिश्चित की।

इस जीत के बाद शीर्ष स्थान पर मौजूद इंटर ने दूसरे स्थान पर चल रहे नापोली के खिलाफ 12 अंकों का बड़ा अंतर बना लिया है। इंटर ने 35 मैचों में कुल 82 अंक जुटाए हैं और शीर्ष पर है। दूसरी तरफ नापोली के 35 मैचों में 70 अंक हैं। नापोली बाकी मैच जीत भी ले तो भी इंटर को पीछे नहीं छोड़ पाएगा। सन् 2024 में चैम्पियन बनी इंटर ने एक सत्र के बाद फिर से लीग उपाधि जीती है। इंटर, सीरी ए में सबसे अधिक उपाधि जीतने वाली टीमों में दूसरे स्थान पर है। युवेन्त्स ने सर्वाधिक 36 बार सीरी ए का खिताब जीता है, जबकि एसी मिलान 19 बार जीतकर तीसरे स्थान पर है।

कांग्रेस नेतृत्वको यूडीएफलाई अग्रता – Online Khabar

केरल विधानसभा चुनाव में कांग्रेस नेतृत्व वाली यूडीएफ ने स्पष्ट बढ़त बनाई

केरल विधानसभा चुनाव के प्रारंभिक परिणामों में कांग्रेस नेतृत्व वाली संयुक्त डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) ने स्पष्ट बढ़त हासिल की है। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के अपने निर्वाचन क्षेत्र में पीछे रहने की खबर के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं में उत्साह की लहर दौड़ गई है। वर्ष 2021 में एलडीएफ द्वारा तोड़े गए सत्ता परिवर्तन के दौर को इस बार यूडीएफ फिर से सत्ता में लौटने की संभावना दिखा रहा है। 21 वैशाख, काठमांडू। केरल विधानसभा चुनाव के प्रारंभिक परिणामों में सत्तारूढ़ वामपंथी गठबंधन एलडीएफ को पीछे छोड़ते हुए कांग्रेस नेतृत्व वाली यूडीएफ ने स्पष्ट बढ़त बनाए रखी है। मुख्यमंत्री पिनराई विजयन के अपने निर्वाचन क्षेत्र में पिछड़ने की खबर के बाद राजधानी स्थित कांग्रेस मुख्यालय ‘इंदिरा भवन’ में कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाना शुरू कर दिया है। अब तक की गणना के अनुसार यूडीएफ ने बढ़त कायम की है, जबकि मुख्यमंत्री विजयन के पीछे होने की खबर ने विपक्षी खेमे में उमंग बढ़ा दी है। हालांकि, नवीनतम चरण की गिनती में विजयन ने मामूली वोटों से बढ़त हासिल करने की स्थिति भी बनती दिखाई है। केरल में दशकों से चली आ रही सत्ता परिवर्तन की परंपरा को साल 2021 में एलडीएफ ने भंग किया था, बावजूद इसके इस बार के प्रारंभिक रूझान ने कांग्रेस नेतृत्व वाले गठबंधन को फिर से सत्ता में लौटने की मजबूत संभावना दिखाई है।

आंध्र महासागर में यात्रा कर रहे क्रूज जहाज में हंटावायरस का प्रकोप फैला

समाचार सारांश

समीक्षा पश्चात तैयार किया गया।

  • आंध्र महासागर में यात्रा कर रहे एमवी होन्डियस क्रूज जहाज में हंटावायरस का प्रकोप फैल गया है और विश्व स्वास्थ्य संगठन ने तीन मौतों की पुष्टि की है।
  • विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने एक व्यक्ति में संक्रमण की पुष्टि की है और पांच लोगों को संदिग्ध रूप से संक्रमित की रिपोर्ट की है, जबकि दक्षिण अफ्रीका ब्रिटिश संक्रमित यात्री को आईसीयू में रखकर इलाज कर रहा है।
  • डब्ल्यूएचओ वायरस के आनुवंशिक संरचना की खोज में जुटा है और जहाज संचालक व सदस्य देशों के साथ तालमेल करते हुए बचाव और जोखिम मूल्यांकन में मदद कर रहा है।

21 वैशाख, काठमांडू। आंध्र महासागर में एक पर्यटक क्रूज जहाज में घातक हंटावायरस के प्रकोप का खतरा व्यक्त किया गया है। इस प्रकोप से अब तक तीन लोगों की मौत हो चुकी है, यह जानकारी विश्व स्वास्थ्य संगठन ने दी है।

अर्जेंटीना से केप वर्डे जाने वाले एमवी होन्डियस नामक जहाज पर यह समस्या सामने आने के बाद विश्व स्वास्थ्य संगठन ने एक व्यक्ति में संक्रमण की पुष्टि की है और पांच लोगों को संदिग्ध बीमारियों की सूची में रखा है।

दक्षिण अफ्रीका के स्वास्थ्य मंत्रालय ने बताया कि एक ब्रिटिश यात्री में संक्रमण की पुष्टि हुई है और उसे आईसीयू में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। इस कारण जहाज पर अन्य यात्रियों में भी डर का माहौल बना हुआ है।

इस प्रकोप से पहली मौत 70 वर्षीय पुरुष की हुई है, जिन्हें जहाज में अचानक बुखार, सिरदर्द और पेट दर्द के लक्षण दिखाई दिए थे और जब वे सेंट हेलेना द्वीप पहुंचे तब उनकी मौत हो गयी।

कुछ समय बाद उनकी 69 वर्षीय पत्नी को भी वही लक्षण दिखे, जिन्हें दक्षिण अफ्रीका के अस्पताल में इलाज के दौरान मृत घोषित किया गया है, स्वास्थ्य अधिकारियों ने इसकी पुष्टि की है।

विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए आंध्र महासागर इलाके में हो रहे जनस्वास्थ्य संकट की जांच और सहायता प्रारंभ की है।

संस्थान ने बताया कि प्रयोगशाला परीक्षण और महामारी संबंधित जांच जारी है और वैज्ञानिक वायरस के जीन संरचना का पता लगाने के लिए सक्रिय हैं। डब्ल्यूएचओ जहाज संचालकों और सदस्य देशों के साथ सहयोग करके संक्रमित यात्रियों के बचाव और बाकी जोखिम का मूल्यांकन कर रहा है।

डच ध्वज वाला यह क्रूज जहाज लगभग तीन सप्ताह पहले अर्जेंटीना के उशुआया से रवाना हुआ था, जिसमें करीब 150 विभिन्न देशों के पर्यटक सवार थे। इसने अंटार्कटिका, फॉकलैंड द्वीप, दक्षिण जॉर्जिया और सेंट हेलेना सहित कई द्वीपों का दौर किया है और रविवार रात को केप वर्डे की राजधानी प्रया पहुंचा।

ब्रिटिश विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि वे अपने नागरिकों की स्थिति पर स्थानीय अधिकारियों के साथ नियमित संपर्क में हैं और आवश्यक सहायता देने के लिए तैयार हैं।

बार्सिलोना को उपाधि जितने के लिए एल क्लासिको तक इंतजार करना होगा, इतिहास रचने की संभावना

रियल मैड्रिड ने इस्पान्योल को 2-0 से हराने के साथ ही बार्सिलोना को ला लीगा का खिताब जीतने के लिए और प्रतीक्षा करनी पड़ेगी। बार्सिलोना आगामी रविवार को नोउ कैंप में रियल मैड्रिड के साथ होने वाले एल क्लासिको मैच में अगर केवल ड्रॉ करते हैं तो भी चैंपियन बन सकते हैं। अगर बार्सिलोना ने सीजन के अंतिम चार मैच जीते तो वे 100 अंकों के साथ ला लीगा का अब तक का सबसे अधिक 33वां खिताब जीतने की संभावना बनाएंगे। 21 वैशाख, काठमांडू।

आगामी एल क्लासिको मैच जीतने पर बार्सिलोना ला लीगा का खिताब अपने नाम कर लेंगे। गत रात हुए मैच में रियल मैड्रिड ने इस्पान्योल को हराने से बार्सिलोना की उपाधि जीतने की राह में बाधा डाली है। आरसीडीई स्टेडियम में हुए मैच में रियल मैड्रिड ने 2-0 की जीत दर्ज की। विनीसियस जुनियर ने दूसरे हाफ में दोनों गोल किए, जिससे टीम की जीत सुनिश्चित हुई। विनीसियस ने पहला गोल शानदार वन-टू पास के बाद गोंसालो गार्सिया से प्राप्त गेंद पर किया था, जबकि दूसरा गोल जुड बेलिंघम के बैकहील पास से किया।

उससे पहले विनीसियस का एक शॉट पोस्ट से टकराकर वापस आया था। इस्पान्योल के ओमार एल हिलाली ने विनीसियस पर फाउल किया, जिसके कारण रेफरी ने उन्हें रेड कार्ड दिखाया, लेकिन वीडियो असिस्टेंट रेफरी (वीएआर) की सलाह पर निर्णय पलटा गया। इस परिणाम ने बार्सिलोना को उपाधि जीतने के लिए और प्रतीक्षा करनी पड़ी। अब उन्हें अगले रविवार को नोउ कैंप में रियल मैड्रिड के खिलाफ होने वाले ‘एल क्लासिको’ मैच में कम से कम ड्रॉ हासिल करना होगा तभी वे चैंपियन बन सकेंगे।

ला लीगा के 97 वर्ष के इतिहास में ‘एल क्लासिको’ में उपाधि जीतने का कोई उदाहरण नहीं है, जो इस बार इतिहास रचने की संभावना को दर्शाता है। बार्सिलोना इस समय रियल मैड्रिड से 11 अंक आगे है और यदि बाकी के चार मैच जीतता है तो 100 अंकों का रिकॉर्ड बनाएगा, जो कीर्तिमान बराबरी होगी। इससे पहले रियल मैड्रिड (2011–12) और बार्सिलोना (2012–13) ने 100 अंक बनाए थे। इसी तरह, यदि इस सीजन बार्सिलोना उपाधि जीतता है तो यह उनका 29वां ला लीगा खिताब होगा और साथ ही एक ही सीजन में सबसे ज्यादा 33 मैच जीतने का नया रिकॉर्ड भी कायम होगा। दूसरी ओर, रियल मैड्रिड के लिए यह सीजन निराशाजनक साबित हो रहा है। 2009–10 के बाद यह दूसरी बार है जब वे ट्रॉफी से वंचित रहने वाले हैं।

थापाथलीमा भत्काइएको सुकमवासी बस्ती पुग्नासाथै फर्किए हर्क साम्पाङ

थापाथली में ध्वस्त सुकुमवासी बस्ती का दौरा कर हर्क साम्पाङ लौटे

२१ वैशाख, काठमाडौं । श्रम संस्कृति पार्टी के अध्यक्ष एवं प्रतिनिधि सभा सदस्य हर्क साम्पाङ थापाथली में ध्वस्त हुई सुकुमवासी बस्ती का दौरा कर वापस लौट गए हैं। उन्होंने हाथ में हैंड माइक्रोफोन लेकर थापाथली स्थित बागमती नदी के किनारे पहुँचकर स्थिति का अवलोकन किया। जब मीडिया कर्मी उनसे प्रतिक्रिया लेने के प्रयास में घेराबंदी करने लगे, तो अत्यधिक मीडिया की मौजूदगी के कारण वे असहज महसूस करने लगे और कोई प्रतिक्रिया दिए बिना वापस लौटने का निर्णय लिया।

वैशाख १२ और १३ तारीख को सरकार ने डोजर का उपयोग कर थापाथली की सुकुमवासी बस्ती के घरों को ध्वस्त कर दिया था। वर्तमान में उस क्षेत्र में केवल भग्नावशेष ही शेष हैं। हर्क साम्पाङ ने सुकुमवासियों को बेघर करके सरकार द्वारा किए गए इस कदम की कड़ी आलोचना की है।

गुल्मी में सशस्त्र पुलिस ने मानसून संबंधित आपदा उद्धार के लिए अस्थायी बेस स्थापित किया

सशस्त्र पुलिस बल नेपाल ने गुल्मी में मानसून जनित आपदाओं के उद्धार के लिए मुसिकोट नगरपालिका–7, वामीटक्सार स्थित रुद्रावती बहुमुखी कैंपस में अस्थायी उद्धार बेस स्थापित किया है। सशस्त्र पुलिस बल संख्या 37 गुल्मी से 15 सदस्यों की टीम इस अवधि में उद्धार कार्य के लिए उक्त बेस में तैनात है। मानसून के कारण बाढ़, भूस्खलन, जलमग्नता और नदी कटाव के जोखिम बढ़ने के कारण मुसिकोट, चन्द्रकोट और सत्यवती गाउँपालिकाओं में तत्काल उद्धार के लिए टीम सतर्क अवस्था में रखी गई है। 21 वैशाख, गुल्मी।

गुल्मी में मानसून जनित आपदाओं को ध्यान में रखते हुए सशस्त्र पुलिस बल नेपाल ने अस्थायी मानसून प्रतिक्रिया बेस स्थापित किया है। मुसिकोट नगरपालिका–7 वामीटक्सार स्थित रुद्रावती बहुमुखी कैंपस की इमारत में मानसून अवधि के दौरान संचालन हेतु उद्धार बेस बनाया गया है। सशस्त्र पुलिस बल नंबर 37 गुल्मी मुख्यालय से सशस्त्र पुलिस उप निरीक्षक टोपबहादुर कुमाल के कमान्ड में 15 सदस्यों की टीम इस बेस में तैनात की गई है।

मानसून शुरू होते ही जिले के विभिन्न स्थानों पर बाढ़, भूस्खलन, जलमग्नता एवं नदी कटाव की घटनाओं के बढ़ने की संभावना को ध्यान में रखते हुए उद्धार कार्य को तीव्र, प्रभावी और सुनियोजित बनाने के लिए बेस स्थापित किया गया है, जिसे सशस्त्र पुलिस ने बताया है। विशेष रूप से बढ़ीगाड खोला क्षेत्र के आस-पास के क्षेत्रों में प्रत्येक वर्ष मानसून के दौरान जोखिम बढ़ने के कारण मुसिकोट नगरपालिका, चन्द्रकोट और सत्यवती गाउँपालिकाओं में संभावित आपदाओं के तत्काल उद्धार और राहत के लिए टीम सतर्क स्थिति में रहेगी।

सशस्त्र पुलिस बल संख्या 37 गुल्मी के प्रमुख डीएसपी सुदीप प्रसाईं के अनुसार, आपदा प्रबंधन को प्रभावी बनाने हेतु आवश्यक उद्धार सामग्री के साथ टीम परिचालित की गई है। मानसून अवधि में गुल्मी के विभिन्न ग्रामीण क्षेत्रों में सड़कें अवरुद्ध होने, नालों के उग्र प्रवाह और भूस्खलन की समस्या दोहराने की संभावना के कारण स्थानीय लोगों से सतर्क रहने का भी आग्रह किया गया है।

एआई कौशल वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियरों की तलब में 25 फीसदी तक वृद्धि

समाचार सारांश

संपादकीय समीक्षा के साथ।

  • नोडफ्लेयर के टेक सैलरी रिपोर्ट 2026 के अनुसार एआई कौशल वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियरों को 25 प्रतिशत तक अधिक वेतन मिलता है।
  • सिंगापुर के एआई विशेषज्ञ इंजीनियर अपने सीनियरिटी के आधार पर 13 से 25 प्रतिशत तक ज्यादा पे प्रीमियम पा रहे हैं।
  • नोडफ्लेयर के संस्थापक इथान आङ ने कहा, “एआई में प्रवीण होना अब वेतन वृद्धि का एक ठोस फायदा बन गया है।”

21 वैशाख, काठमांडू। आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) में कौशल रखने वाले सॉफ्टवेयर इंजीनियर अपने समकक्षों की तुलना में 25 प्रतिशत तक अधिक वेतन पाने वाले पाए गए हैं।

प्रौद्योगिकी क्षेत्र में मानव संसाधन प्रबंधन करने वाली संस्था नोडफ्लेयर द्वारा जारी टेक सैलरी रिपोर्ट 2026 से पता चलता है कि एआई कौशल अब केवल अतिरिक्त योग्यता नहीं बल्कि आकर्षक पारिश्रमिक का मुख्य आधार बन चुका है।

विभिन्न बाजारों और पदों के 2 लाख 30 हजार से अधिक प्रमाणित वेतन आंकड़ों के विश्लेषण में यह दिखा कि सिंगापुर में इंजीनियर अपने वरिष्ठता के आधार पर 13 से 25 प्रतिशत तक अधिक वेतन प्रीमियम प्राप्त कर रहे हैं।

नोडफ्लेयर के अनुसार, वेतन अंतर केवल सामान्य सॉफ्टवेयर विकास कौशल के कारण नहीं, बल्कि प्रोडक्शन वातावरण में एआई टूल्स का सफलतापूर्वक उपयोग करने वाले इंजीनियरों की बढ़ती मांग से उत्पन्न हुआ है।

रिपोर्ट में उल्लेख है कि एआई-सम्बंधित यह वेतन वृद्धि करियर के सभी स्तरों पर देखी गई है, विशेष कर अनुभवी इंजीनियरों में यह वृद्धि अधिक स्पष्ट है। इससे पता चलता है कि तकनीकी क्षेत्र में लंबे अनुभव वाले व्यक्ति यदि अपनी दक्षता में एआई कौशल जोड़ते हैं तो वे अधिक आर्थिक लाभ कमा सकते हैं।

इस परिवर्तन पर नोडफ्लेयर के संस्थापक इथान आङ का कहना है, “एआई में कुशल होना अब केवल अच्छा होना नहीं रहा, यह अब सीधे तौर पर वेतन वृद्धि का ठोस लाभ बन चुका है।”

वे बताते हैं कि AI-सहायता प्राप्त कोडिंग उपकरण और एजेंटिक वर्कफ़्लो के व्यापक इस्तेमाल ने इंजीनियरिंग टीमों के सॉफ्टवेयर विकास के तरीके को बदल दिया है, जिससे यह बदलाव तेजी से आगे बढ़ रहा है।