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लेखक: space4knews

राखेप के उपाध्यक्ष ध्रुव आचार्य सहित 19 सदस्य पदमुक्त

राष्ट्रीय खेलकूद परिषद (राखेप) के उपाध्यक्ष ध्रुव आचार्य सहित 19 सदस्य पदमुक्त हुए हैं। युवा एवं खेलकूद मंत्रालय ने सार्वजनिक पदाधिकारियों की पदमुक्ति से संबंधित अध्यादेश के तहत वैशाख 19 से यह पदमुक्ति लागू होने की जानकारी दी है। राखेप के बोर्ड में अब केवल सदस्य सचिव, मंत्रालय के प्रतिनिधि, सात प्रदेशों के सदस्य सचिव और तीन विभागों के प्रतिनिधि शेष हैं। 22 वैशाख, काठमांडू।

राष्ट्रीय खेलकूद परिषद (राखेप) के उपाध्यक्ष ध्रुव आचार्य सहित कुल 19 सदस्य पदमुक्त हुए हैं। सार्वजनिक पदाधिकारियों की पदमुक्ति के लिए विशेष प्रावधान करने वाले अध्यादेश के अनुसार ये सदस्य स्वतः पदमुक्त हो गये हैं, यह जानकारी युवा एवं खेलकूद मंत्रालय ने दी है। यह व्यवस्था वैशाख 19 से प्रभावी हो गई थी।

युवा एवं खेलकूद मंत्रालय ने सोमवार को राष्ट्रीय खेलकूद परिषद को इस अध्यादेश के कार्यान्वयन के संबंध में पत्राचार किया था। मंगलवार को मंत्रालय ने सार्वजनिक सूचना जारी करते हुए बताया कि राखेप के उपाध्यक्ष ध्रुव आचार्य सहित 19 सदस्य अपने पद से स्वतः मुक्त हो चुके हैं। इनमें विभिन्न सरकारों के कार्यकाल में नियुक्त 18 सदस्य शामिल हैं। उपाध्यक्ष आचार्य ने पहले ही अपने पद से त्यागपत्र दे दिया था।

इन 18 सदस्यों के नामों में जिन्नियों (मतदाता सूची में नाम न होने वाले) तथा नगद संतुलन न दिखने के साथ-साथ उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी वाले सामान और अन्य किसी भी दायित्व का हिसाब-किताब करने को भी कहा गया है। अब राखेप बोर्ड में केवल सदस्य सचिव, मंत्रालय के प्रतिनिधि, सात प्रदेशों के सदस्य सचिव और तीन विभागों के प्रतिनिधि ही बचे हैं। राखेप के अध्यक्ष के पद पर युवा एवं खेलकूद मंत्री रहेंगे। इसी तरह, राखेप के कार्यकारी बोर्ड के चार सदस्य पदमुक्त होने के बाद कार्यकारी समिति अल्पमत में आ गई है।

ट्रकमा मोटरसाइकल ठोक्किँदा एक जनाको मृत्यु, २ जना घाइते

ट्रक और मोटरसाइकिल की टक्कर में एक की मौत, दो घायल

मोरंग के सुंदरहरैंचा नगरपालिका-7 सलकपुर में ट्रक और मोटरसाइकिल की टक्कर के कारण 20 वर्षीय अनिष बुढाथोकी की मृत्यु हो गई है। दुर्घटना में घायल अन्य दो लोगों को नोबेल अस्पताल विराटनगर भेजा गया है। पुलिस ने ट्रक चालक को हिरासत में लेकर आवश्यक जांच शुरू कर दी है।

22 वैशाख, काठमांडू। मोरंग में ट्रक और मोटरसाइकिल की टक्कर से एक व्यक्ति की मौत हो गई जबकि दो अन्य घायल हो गए। मोरंग के सुंदरहरैंचा नगरपालिका-7 सलकपुर स्थित सड़क पर प्र.1-01-001 ख 4303 नंबर की ट्रक और को.10 प 8128 नंबर की मोटरसाइकिल आपस में टकराई, जिससे मंगलवार दोपहर दुर्घटना हुई।

इस दुर्घटना में मोटरसाइकिल चालक, धनकुटा छथरजोरपाटी गाउँपालिका-1 के 20 वर्षीय अनिष बुढाथोकी गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें स्वास्थ्य उपचार के लिए कोशी अस्पताल विराटनगर ले जाया गया था, लेकिन इलाज के दौरान उनकी मृत्यु हो गई, पुलिस सूत्रों ने जानकारी दी है। दुर्घटना में घायल अन्य दो मोटरसाइकिल सवारों को उपचार के लिए नोबेल अस्पताल विराटनगर भेजा गया है। पुलिस ने ट्रक चालक को हिरासत में लेकर जरूरी जांच-पड़ताल कर रही है।

फेसबुक और इंस्टाग्राम छोड़ने वाले दो करोड़ उपयोगकर्ताओं का कारण क्या है?

फेसबुक और इंस्टाग्राम के दैनिक सक्रिय उपयोगकर्ताओं की संख्या करीब दो करोड़ से कम हो गई है। इन लोकप्रिय सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स के फीड की घटती गुणवत्ता, अत्यधिक विज्ञापन और बार-बार दोहराई जाने वाली सामग्री ने उपयोगकर्ताओं को असंतुष्ट कर दिया है। जब उपयोगकर्ता यह महसूस करने लगे कि प्लेटफॉर्म उनकी अपेक्षाओं पर खरा नहीं उतर रहा, तो मेटा ने अपने एल्गोरिदम में व्यापक परिवर्तन शुरू किए। रिपोर्टों के अनुसार, मेटा अब फेसबुक और इंस्टाग्राम में मूल सामग्री को प्राथमिकता देने का लक्ष्य रखती है।

हाल के समय में फेसबुक और इंस्टाग्राम के उपयोगकर्ताओं ने शिकायत की है कि उनका फीड पहले से अलग और कम आकर्षक हो गया है। वे पाते हैं कि फीड में अधिकतर पोस्ट प्रायोजित होते हैं, सामग्री बार-बार दोहराई जाती है और एल्गोरिदम के आधार पर सुझाई गई पोस्टों की संख्या बढ़ गई है। इससे दोस्तों और फॉलो किए गए खातों से आने वाली पोस्टें कम दिखाई देने लगी हैं। कई उपयोगकर्ता इसे एक एल्गोरिदम-संचालित मनोरंजन प्लेटफॉर्म जैसा अनुभव कर रहे हैं।

विशेषज्ञ बताते हैं कि मेटा ने यूजर एंगेजमेंट बढ़ाने के लिए सुझाई गई सामग्री पर ज्यादा ध्यान दिया है, लेकिन इससे उपयोगकर्ता अनुभव पर नकारात्मक प्रभाव पड़ा है। मेटा का व्यापार मॉडल विज्ञापनों पर आधारित है, लेकिन वर्तमान रणनीति से उपयोगकर्ताओं का अनुभव प्रभावित हो रहा है। उन्हें नियमित रूप से बहुत अधिक प्रायोजित विज्ञापन और प्रचार सामग्री दिखाई जाती है, जिससे वे परेशान हो जाते हैं।

मेटा ने बढ़ती आलोचनाओं को देखते हुए अपने रिकमेंडेशन एल्गोरिदम में बदलाव शुरू कर दिया है। इंस्टाग्राम में भी उल्लेखनीय परिवर्तन किए जा रहे हैं, जिनमें मूल सामग्री को अधिक प्राथमिकता दी जाएगी जबकि रिपोस्ट की गई या कम संपादित सामग्री की पहुंच घटाई जाएगी। मेटा के लिए सबसे बड़ी चुनौती मुद्रीकरण और उपयोगकर्ता संतुष्टि के बीच संतुलन बनाए रखना है।

सिंहदरबार में मंत्रिमंडल की बैठक शुरू

सूचना संक्षेप संसदीय समीक्षा के बाद। प्रधान मंत्री एवं मंत्रिमंडल कार्यालय में २३ वैशाख को मंत्रिमंडल की बैठक शुरू हुई है। कल भी मंत्रिमंडल की बैठक आयोजित हुई थी। २३ वैशाख, काठमांडू। मंत्रिमंडल की बैठक शुरू हो चुकी है। कुछ समय पहले प्रधान मंत्री एवं मंत्रिमंडल कार्यालय में बैठक शुरू हुई। इससे पहले कल भी मंत्रिमंडल की बैठक हुई थी।

न्यूयोर्क विमानस्थल पर लैंडिंग के दौरान विमान लोरी से टकराया

न्यूयोर्क सिटी के बाहर स्थित विमानस्थल पर लैंडिंग के दौरान यूनाइटेड एयरलाइंस का एक विमान बिजली के खंभे और लोरी से टकरा गया है। न्यूअर्क लिबर्टी अंतरराष्ट्रीय विमानस्थल पर सामान लाने-जाने वाली लोरी में लगे डैशकैम ने उस समय का वीडियो रिकॉर्ड किया। घटना उस वक्त हुई जब लोरी विमानस्थल के एक रनवे के पास सड़क पर चल रही थी।

वेंिस से आए विमान में चालक दल के सदस्यों सहित कुल २३१ लोग सवार थे। विमान सुरक्षित रूप से रुक गया, लेकिन लोरी के ड्राइवर को मामूली चोटें आई हैं। नेशनल ट्रांसपोर्टेशन सेफ्टी बोर्ड ने इस घटना की जांच शुरू कर दी है। अमेरिका की विमान दुर्घटना संबंधी जांच एजेंसी ने यूनाइटेड एयरलाइंस को कॉकपिट वॉयस रिकॉर्डर और फ्लाइट डेटा रिकॉर्डर उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। उस एयरलाइंस की मरम्मत टीम ने विमान को हुए नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है।

शेखर गोल्छालाई हिरासतमा नराख्न जिल्ला अदालतको आदेश

जिला अदालत का आदेश: शेखर गोल्छा को हिरासत में न रखने का निर्देश

जिला अदालत काठमाडौँ ने उद्योगपति शेखर गोल्छा को हिरासत में रखकर जांच के लिए अवधि बढ़ाने से इंकार कर दिया है। न्यायाधीश मोना सिंह की अदालत ने गिरफ्तारी की अवधि न बढ़ाने का आदेश जारी किया है। इसके अनुसार, केन्द्रीय अनुसन्धान ब्यूरो को उन्हें हिरासत से मुक्त कर जांच जारी रखनी होगी।

२३ वैशाख, काठमाडौँ। जिला अदालत काठमाडौँ ने उद्योगपति शेखर गोल्छा को हिरासत में रखकर जांच के लिए अवधि बढ़ाने से मना कर दिया है। इस आदेश के बाद जांच करने वाली पुलिस की केन्द्रीय अनुसन्धान ब्यूरो को उन्हें हिरासत मुक्त कर जांच आगे बढ़ानी होगी। न्यायाधीश मोना सिंह की अदालत ने पहले से जारी गिरफ्तारी की अवधि न बढ़ाने का निर्देश दिया है।

आदेश में उल्लेख है, ‘प्रतिवादी शेखर गोल्छा को हिरासत में रखकर मामले की जांच करने की स्थिति के कोई विश्वसनीय प्रमाण नहीं दिखे हैं, इसलिए मुलुकी फौजदारी कार्यविधि संहिता २०७४ की धारा १४ (३) के अनुसार हिरासत में रखकर जांच के लिए अवधि नहीं बढ़ाई जाएगी।’ इससे पहले सोमवार को सर्वोच्च अदालत ने जमानत और धरौटी की व्यवस्था के बावजूद गिरफ्तारी में रहकर जांच करने पर सवाल उठाए थे, जो धितोपत्र अपराध के संबंध में जांच के दौरान आया था।

भाषा संरक्षण के लिए निवेश को प्रभावी बनाने पर मंत्री श्रेष्ठ का बल

२२ वैशाख, काठमाडौं। बागमती प्रदेश के संस्कृति तथा पर्यटन मंत्री सुरेश श्रेष्ठ ने भाषा संरक्षण और संवर्धन के लिए सरकार द्वारा किए गए निवेश की प्रभावशीलता दिखाने की आवश्यकता जताई है। भाषा दिवस के अवसर पर आयोजित एक संवाद कार्यक्रम में उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार प्रदेश में बोली जाने वाली भाषाओं के विकास के लिए करोड़ों रुपये खर्च कर रही है, लेकिन निवेश का उचित परिणाम अभी तक सामने नहीं आया है। उन्होंने प्रदेश सरकार की तरफ से भाषा और संस्कृति के संरक्षण के लिए हर संभव प्रयास किए जाने की बात कही।

मंत्री श्रेष्ठ ने कहा कि भाषा संवर्धन कार्यक्रमों को केवल औपचारिकता तक सीमित नहीं रखना चाहिए, बल्कि वास्तविक उपलब्धि पाने के लिए सभी पक्षों को मिलकर काम करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि राज्य निवेश करता रहेगा, लेकिन यदि नई पीढ़ी अपनी भाषा नहीं सीखेगी तो वह निवेश बर्बाद होगा। उन्होंने घर-घर, मोहल्ले-टोल और विद्यालय स्तर पर भाषा शिक्षा पर ज़ोर देने की आवश्यकता को भी रेखांकित किया।

मंत्री ने बताया कि मंत्रालय द्वारा किए गए निवेश के आधार पर कितने लोगों ने भाषा और लिपि सीख ली इसका आंकड़ा संकलन और मूल्यांकन करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि बागमती प्रदेश में नेवा और तामांग भाषाओं को सरकारी भाषा के रूप में स्थापित किया गया है, लेकिन भाषा संबंधी नियमावली को अंतिम रूप देने में कुछ देरी हुई है। वे बताते हैं कि भाषा दिवस के अवसर पर २४ वैशाख को नियमावली जारी करने की योजना थी, लेकिन लगातार लंबी छुट्टियों के कारण इसे लागू नहीं किया जा सका।

फिर भी उन्होंने शीघ्र ही नियमावली जारी करने का संकल्प व्यक्त किया। मंत्री श्रेष्ठ ने यह भी कहा कि बागमती प्रदेश में अपना प्रज्ञा प्रतिष्ठान स्थापित करने की प्रक्रिया चल रही है। प्रदेश सरकार भाषा संवर्धन के लिए विभिन्न संस्थाओं के साथ सहयोग के लिए पूरी तरह तैयार है और आगामी आर्थिक वर्ष २०८३/८४ में अतिरिक्त बजट आवंटन पर चर्चा की जाएगी। उन्होंने कहा, ‘भाषाओं के लिए बागमती प्रदेश सरकार ने करोड़ों रुपये निवेश किए हैं। इस निवेश से क्या उपलब्धि हुई, हम कितना काम कर पाए? नेवा देय दबुः और तामांग घेदुङ ने अपनी प्रदेश में भाषाओं को चलाने और उन्हें सरकारी भाषा के रूप में स्थापित करने के लिए काफी संघर्ष किया है। बागमती प्रदेश सरकार भाषा संवर्धन और संस्कृति संरक्षण के लिए मंत्रालय की पूरी शक्ति लगा रही है।’

शोभा पाठक पर हमला करने 10 लोगों के खिलाफ हत्या प्रयास का मामला दर्ज करने के लिए पुलिस की सिफारिश

काठमांडू पुलिस ने शोभा पाठक पर हमला करने वाले 10 लोगों के खिलाफ हत्या प्रयास के आरोप में मामला दर्ज करने के लिए सरकारी वकील कार्यालय में रिपोर्ट प्रस्तुत की है। पाठक माइतीघर में सुधान गुरुङ को पुनः गृह मन्त्री नियुक्त करने की मांग करते हुए धरना दे रही थीं। इसी दौरान नेकपा एमाले के सचिव महेश बस्नेती की पत्नी अम्बिका बस्नेत समेत एक समूह ने उन पर हमला किया था। पुलिस ने इन 10 लोगों को हिरासत में लेकर विस्तार से जांच की है और सरकारी वकील कार्यालय ने रिपोर्ट की समीक्षा के बाद अदालत में मामला दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू करने का बताया है। २२ वैशाख, काठमांडू।

जिला पुलिस परिसर काठमांडू के एसपी पवनकुमार भट्टराई के अनुसार मंगलवार को जांच पूरी कर रिपोर्ट सरकारी वकील कार्यालय में प्रस्तुत की गई। उनके अनुसार 10 लोगों के खिलाफ हत्या प्रयास के मामले में कार्रवाई करने की सिफारिश की गई है। पाठक सुधान गुरुङ को पुनः गृह मन्त्री बनाने की मांग करते हुए माइतीघर में धरना दे रही थीं। उसी स्थान पर नेकपा एमाले सचिव महेश बस्नेती की पत्नी अम्बिका बस्नेत समेत एक समूह ने उन पर हमला किया था। अम्बिका बस्नेत सहित उन 10 लोगों को हिरासत में लेकर जांच के बाद पुलिस ने हत्या प्रयास के आरोप में मामला दर्ज करने की रिपोर्ट दी है। सरकारी वकील कार्यालय रिपोर्ट की समीक्षा के बाद अदालत में कानूनी प्रक्रिया आगे बढ़ाएगा।

काभा महिला वॉलीबॉल चैंपियनशिप का मैच शेड्यूल जारी, 8 टीमों के बीच मुकाबले होंगे

सेंट्रल एशियन वॉलीबॉल एसोसिएशन ने जेठ 8 से 15 तक काभा महिला वॉलीबॉल चैंपियनशिप का मैच शेड्यूल जारी किया है। इस प्रतियोगिता में नेपाल के साथ कर्गिस्तान, भारत, मालदीव, ईरान, कजाखस्तान, श्रीलंका और बांग्लादेश की आठ टीमें हिस्सा लेंगी। नेपाल अपना पहला मैच जेठ 8 को भारत के खिलाफ खेलेगा जबकि फाइनल मैच जेठ 15 को दशरथ रंगशाला में होगा।

22 वैशाख, काठमांडू – नेपाल में आयोजित होने वाली काभा महिला वॉलीबॉल चैंपियनशिप का मैच शेड्यूल सेंट्रल एशियन वॉलीबॉल एसोसिएशन (काभा) ने मंगलवार को जारी किया। यह प्रतियोगिता जेठ 8 से 15 तक त्रिपुरेश्वर स्थित दशरथ रंगशाला के कवर हॉल में आयोजित होगी जिसमें नेपाल समेत सेंट्रल एशिया के 8 टीमों की भागीदारी होगी।

घरेलू टीम नेपाल के साथ कर्गिस्तान, भारत और मालदीव समूह ए में हैं, जबकि ईरान, कजाखस्तान, श्रीलंका और बांग्लादेश समूह बी में हैं। नेपाल अपना पहला मैच जेठ 8 को भारत के खिलाफ खेलेगा। उसी दिन कर्गिस्तान और मालदीव के बीच तथा ईरान और बांग्लादेश के बीच भी मैच होंगे। दोनों समूहों की टॉप दो टीमें सेमीफाइनल में प्रवेश करेंगी। फाइनल मैच जेठ 15 को संपन्न होगा।

प्रतियोगिता की तैयारी के लिए नेपाल वॉलीबॉल संघ ने पहले ही 20 खिलाड़ियों को बंद प्रशिक्षण में रखा है। पीएम कप एनवीए लीग के कारण कुछ समय के लिए रोकी गई राष्ट्रीय टीम की ट्रेनिंग पुनः शुरू हो रही है। काभा महिला वॉलीबॉल चैंपियनशिप का प्रत्यक्ष प्रसारण हिमालय स्पोर्ट्स के माध्यम से किया जाएगा।

चार दिनपछि सेयर बजारमा सुधार – Online Khabar

चार दिन बाद शेयर बाजार में सुधार

समाचार सारांश

  • शेयर बाजार में मंगलवार नेप्से सूचकांक ८.७८ अंकों की बढ़त के साथ २७१२ अंक पर पहुंचा।
  • लेनदेन राशि घटकर ३ अर्ब ४३ करोड़ रुपये पर सीमित रही और १६२ कंपनियों के शेयर मूल्य बढ़े।
  • माथिल्लो लोहोरेखोला हाइड्रोपावर का शेयर मूल्य ११.१६ प्रतिशत की वृद्धि के साथ सबसे अधिक बढ़ा।

२२ वैशाख, काठमाडौं। लगातार चार दिन गिरावट के बाद मंगलवार को शेयर बाजार में सामान्य सुधार देखा गया।

आज बाजार सूचकांक नेप्से पिछले दिन की तुलना में ८.७८ अंक ऊपर गया। इस वृद्धि के साथ नेप्से सूचकांक २७१२ अंक पर बना हुआ है। पिछली बार बाजार ३४ अंक गिरा था। कारोबार के दौरान दोपहर १२:४० बजे नेप्से २७२५ अंक तक पहुंचा, लेकिन टिक नहीं सका। २७२५ वही दिन का उच्चतम अंक रहा।

लेनदेन राशि में गिरावट आई है। पिछले दिन ४ अर्ब २६ करोड़ के मुकाबले आज ३ अर्ब ४३ करोड़ की सीमा तक कारोबार हुआ। १६२ कंपनियों के शेयर मूल्य बढ़े, जबकि ९० कंपनियों के मूल्य घटे और १६ कंपनियों के मूल्य स्थिर रहे।

आज हाइड्रोपावर समूह में सबसे अधिक १.०२ प्रतिशत की वृद्धि हुई। इसके साथ ही बैंकिंग क्षेत्र ०.४३, लगानी ०.१८, जीवन बीमा ०.१०, उत्पादन तथा प्रसंस्करण ०.६३, और अन्य समूह ०.०८ प्रतिशत बढ़े। वहीं विकास बैंक ०.०४, फाइनेंस ०.१२, होटल तथा पर्यटन ०.०६, माइक्रोफाइनेंस ०.२१, निर्जीवन बीमा ०.१२, और व्यापार समूह ०.२९ प्रतिशत घटे।

माथिल्लो लोहोरेखोला हाइड्रोपावर का शेयर मूल्य सबसे ज्यादा ११.१६ प्रतिशत बढ़ा। इसके अलावा सोलु हाइड्रोपावर का मूल्य ७.५६, धौलागिरी लघुवित्त का ७.०४, और झापा इनर्जी का ४.८० प्रतिशत बढ़ा। फर्वाड माइक्रोफाइनेंस का मूल्य सबसे अधिक ९.३१ प्रतिशत घटा। सुपरखुदी हाइड्रोपावर का मूल्य ३.१३, और रावा इनर्जी का मूल्य ३ प्रतिशत घटा।

आज सबसे अधिक कारोबार वाले पांच कंपनियों में सोलु हाइड्रोपावर, रिलायंस स्पिनिंग मिल्स, नेशनल हाइड्रोपावर, आँखुखोला जलविद्युत कम्पनी, और पाल्पा सिमेन्ट शामिल हैं।

बेरोजगारी ने यौन व्यवसाय की ओर धकेला, अपमान से बढ़ा डिप्रेशन

नेपाल में लगभग २९ हजार तृतीयलिंगी हैं, जिनमें से ७६ प्रतिशत से अधिक यौनकर्म से अपनी आजीविका चलाते हैं। तृतीयलिंगी नागरिकता पाने की प्रक्रिया में अभी भी संघर्ष कर रहे हैं, क्योंकि मेडिकल प्रमाण पत्र मांगने की प्रवृत्ति ने प्रक्रिया को और जटिल बना दिया है। तृतीयलिंगी समुदाय में आत्महत्या, हिंसा और नशे की लत अधिक है, जबकि सरकार की सुरक्षा और रोजगार के अवसरों की कमी है।

काठमाडौं के थापाथली में भीड़ कम होती जा रही है। कुछ दूरी पर चाय की दुकानों में एक-दो ग्राहक ही नजर आते हैं। सड़क की बत्तियों की रोशनी में लोगों की परछाईयां साफ दिखने लगी हैं। उसी रोशनी में छिपी हुई हैं, बोबी तामांग (परिवर्तित नाम)। २९ वर्षीया बोबी ट्रांसजेंडर हैं और यौनकर्मी भी। उन्होंने चार वर्ष पहले इसी तरह सड़क पर उतरकर रातें बिताना शुरू किया था। ये चारों साल की हर रात एक अनंत प्रतीक्षा में बीती।

बोबी एक प्रतिनिधि हैं, जो ट्रांसजेंडर होने के कारण यौनकर्म में हैं। उनकी तरह और भी कई लोग इस पेशे में हैं, केवल जीने के लिए। राष्ट्रीय तथ्यांक कार्यालय के अनुसार नेपाल में लगभग २९ हजार तृतीयलिंगी हैं, जिनमें से लगभग ७६ प्रतिशत से अधिक की मुख्य आजीविका यौनकर्म है। शीतल गुरुङ कहती हैं, “हम क्या करके जीवित रहें? न तो कोई नौकरी देता है, न काम पर रखता है।”

जब जीविका के लिए पैसे चाहिए और सभी रास्ते बंद हो जाते हैं, तो उनके लिए सड़क ही आखिरी सहारा बचता है। यह कोई पेशा नहीं, बल्कि जीवित रहने का अंतिम विकल्प और मजबूरी होती है। तृतीयलिंगी के पेशेवर विकल्पों में मुख्यतः नृत्य और देह व्यापार ही बचे हैं, बताते हैं जनकपुर के मानवाधिकार कार्यकर्ता प्रदीप कुमार। उन्होंने कहा, “समाज पहले हमारी समझ नहीं पाता था, बाद में घृणा करता था, अब कुछ जगह स्वीकार भी करने लगा है।”

यात्री सुरक्षा के लिए प्राधिकरण ने जारी किया निर्देश

राष्ट्रीय विपद् जोखिम न्यूनीकरण तथा प्रबंधन प्राधिकरण ने जोखिमयुक्त सड़कों पर वाहन आवागमन रोकने और यात्रियों तथा वाहनों की सुरक्षा सुनिश्चित करने हेतु सभी जिला प्रशासन कार्यालयों को निर्देश जारी किया है। प्राधिकरण ने जोखिमयुक्त स्थानों पर वाहन आवागमन बंद करने के निर्देशों की अवहेलना करने वाले चालकों और वाहन मालिकों के खिलाफ कार्रवाई करने का भी निर्देश दिया है।

सोमवार शाम काभ्रे के रोशी खोल में जल प्रवाह बढ़ने के बाद संभावित जोखिम को ध्यान में रखते हुए पाँच वाहनों को सुरक्षा कारणों से रोक दिया गया था, जिससे यात्रु बाढ़ में फंस गए थे। उन ८९ यात्रियों को सुरक्षित रूप से बचा लिया गया है। कुछ चालकों के कारण यात्रियों की सुरक्षा को लेकर जटिल सवाल उठने पर प्राधिकरण ने स्थानीय स्थिति और सड़क जोखिम का विश्लेषण कर आवश्यकतानुसार वाहन आवागमन रोकने का निर्देश दिया है, यह जानकारी प्राधिकरण के उपसचिव रामबहादुर केसी ने दी। प्राधिकरण ने जल तथा मौसम विज्ञान विभाग की मौसम पूर्वानुमान और उससे संबंधित जारी की गई पूर्वसूचनाओं, चेतावनियों तथा सूचनाओं का पालन करने का भी अनुरोध किया है।

ट्रेड युनियनका नाममा गतिविधि गर्ने कर्मचारीमाथि सरकारको सूक्ष्म निगरानी, हुनसक्छ कारबाही

सरकार की कड़ी निगरानी में ट्रेड यूनियन गतिविधियों पर कार्रवाई की संभावना

समाचार सारांश: सरकार ने अध्यादेश के माध्यम से सिविल कर्मचारियों के ट्रेड यूनियनों को भंग कर दिया है, लेकिन कर्मचारी संगठन सक्रिय गतिविधियां जारी रखे हुए हैं। संघीय मामले एवं सामान्य प्रशासन मंत्रालय ने कर्मचारियों के संगठनों की गतिविधियों पर नजर रखते हुए आवश्यक कार्रवाई के लिए तैयार रहने की बात कही है। कर्मचारी संगठन ट्रेड यूनियन पुनर्स्थापना की मांग करते हुए आंदोलन की चेतावनी दे रहे हैं और सरकार के निर्णय वापस न लेने पर चरणबद्ध आंदोलन की बात कर रहे हैं। २२ वैशाख, काठमांडू। सरकार ने अध्यादेश के माध्यम से सिविल कर्मचारियों के ट्रेड यूनियनों को भंग करने के बाद भी कर्मचारी संगठन व्यवस्थित रूप से अपनी गतिविधियां जारी रखे हुए हैं। संघीय मामले एवं सामान्य प्रशासन मंत्रालय ने इन गतिविधियों पर कड़ी नजर रखी हुई है और आवश्यक कदम उठाने की तैयारी में है। राष्ट्रपति रामचंद्र पौडेल द्वारा ‘‘कुछ कानूनों को संशोधित करने वाले अध्यादेश’’ जारी करने के बाद, बीते रविवार से कर्मचारियों के ट्रेड यूनियन व्यवस्था समाप्त हो चुकी है। कर्मचारी कानून में कर्मचारी संगठनों के अस्तित्व को प्रतिबंधित किया गया है, जबकि पार्टी संबंधित कर्मचारी संगठनों ने सोमवार को बयान जारी किया था। सरकारी कर्मचारियों के द्वारा जारी बयान को मंत्रालय ने गंभीरता से लिया है और इसकी सख्त निगरानी कर रहा है। मंत्रालय के एक अधिकारी ने कहा, ‘सिविल सेवा कानून २०४९ का प्रबंधन मंत्रालय करता है। यह कानून कर्मचारियों के ट्रेड यूनियनों को प्रतिबंधित करता है। कर्मचारियों का ध्यान नागरिकों को सेवा प्रदान करने पर होना चाहिए, न कि партий राजनीति में शामिल होने पर। ऐसी गतिविधियां दोहराई गईं तो आवश्यकतानुसार सख्त कदम उठाए जाएंगे।’ अध्यादेश के अनुसार सभी प्रकार के कर्मचारी संगठन भंग किए गए हैं, इसलिए यदि कर्मचारियों की ओर से पुनः कोई घोषणा जारी की जाती है तो मंत्रालय स्पष्टीकरण मांगेगा और सावधानी बरतेगा। नेपाल सिविल कर्मचारी संगठन के अध्यक्ष भवानी न्यौपाने दाहाल, नेपाल सिविल कर्मचारी यूनियन के अध्यक्ष उत्तमकुमार कटुवाल, नेपाल राष्ट्रीय सिविल संगठन के अध्यक्ष अम्बदत्त भट्ट, एकीकृत सरकारी कर्मचारी संगठन के अध्यक्ष यामबहादुर खत्री, नेपाल मधेसी सिविल कर्मचारी मंच के कार्यवाहक अध्यक्ष विजयकुमार यादव और स्वतंत्र राष्ट्रसेवक कर्मचारी संगठन की अध्यक्ष सीता गुरुङ ने संयुक्त बयान जारी कर ट्रेड यूनियन व्यवस्था पुनः स्थापित करने की मांग की है। प्रधानमंत्री बालेन शाह ने मंगलवार सुबह एक बयान जारी कर कहा कि ट्रेड यूनियन भंग करने का निर्णय किसी पार्टी के खिलाफ संघर्ष नहीं, बल्कि प्रणाली की सुरक्षा के प्रयास के तहत लिया गया है। उन्होंने कहा, ‘यह किसी भी पार्टी के खिलाफ लड़ाई नहीं है, यह प्रणाली को बचाने और भविष्य के लिए उठाया गया कदम है। इससे देश को पार्टीगत कब्ज़े से मुक्त कर संस्थागत मार्ग पर ले जाया जाएगा। शिक्षा और कर्मचारी प्रणाली को पार्टीगत संक्रमण से मुक्त करने का प्रयास है।’ सोमवार को छह कर्मचारी संगठनों की बैठक में ट्रेड यूनियन व्यवस्था कायम न रहने पर आंदोलन की चेतावनी मिलने के बाद मंत्रालय ने इसे अंतिम रूप से गंभीरता से लेना शुरू कर दिया है। मंत्रालय के सूत्रों के अनुसार, ‘कर्मचारी संगठनों के नाम पर हो रही गतिविधियों की निगरानी कर रहे हैं और इस पर चर्चा भी हो चुकी है।’ ट्रेड यूनियन भंग हो जाने के बावजूद यदि कोई संगठित गतिविधि की जाती है तो मंत्रालय आवश्यक कदम उठाएगा। छः कर्मचारी संगठनों ने ट्रेड यूनियन व्यवस्था भंग करने के फैसले को वापस न लेने पर चरणबद्ध आंदोलन की धमकी दी है। इन संगठनों ने संयुक्त बयान जारी कर ट्रेड यूनियन अधिकार पुनः स्थापित करने की मांग की है। यदि सरकार कर्मचारी संगठनों की मांगों की अनदेखी करती है तो वे कानूनी कदमों के साथ सम्बंधित सभी पक्षों के सहयोग से चरणबद्ध आंदोलन की ओर बढ़ेंगे।

सांसद अशोक चौधरी ने चैत माह की रिपोर्ट कार्ड जारी की

फाइल तस्वीर समाचार सारांश संपादकीय समीक्षा सहित। राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी के सांसद अशोककुमार चौधरी ने अपने संसदीय कार्यों का पहला महीने का रिपोर्ट कार्ड जारी किया है। उन्होंने चैत १९ से २७ तक चले पहले अधिवेशन में उठाए गए मुद्दे और अपनी भागीदारी को इस रिपोर्ट कार्ड में शामिल किया है। २२ वैशाख, काठमांडू। राष्ट्रीय स्वतंत्र पार्टी के सांसद अशोककुमार चौधरी ने अपने संसदीय कार्यों का पहला महीने का रिपोर्ट कार्ड प्रस्तुत किया है। प्रतिनिधि सभा का पहला अधिवेशन २१ फागुन से शुरू होकर चैत १९ से चैत २७ तक सम्पन्न हुआ था। इस दौरान उन्होंने उठाए गए विषयों और संसदीय गतिविधियों में अपनी सक्रिय भागीदारी को रिपोर्ट कार्ड में उल्लेखित किया है। इसी महीने ४ वैशाख को संसदीय विषयगत समितियों के अध्यक्षों के निर्वाचन हुआ, जिसमें चौधरी कृषि, सहकारी तथा प्राकृतिक स्रोत समिति के अध्यक्ष बने। सुनसरी निर्वाचन क्षेत्र नंबर ३ से चुने गए चौधरी पिछली प्रतिनिधि सभा के सदस्य भी थे। उस समय वे समानुपातिक सूची के माध्यम से चुने गए थे, जबकि इस बार वे प्रत्यक्ष निर्वाचित हुए हैं। रिपोर्ट देखने के लिए नीचे देखें :

नेपालले ओमानलाई दियो २५७ रनको लक्ष्य – Online Khabar

नेपाल ने ओमान को 257 रन का लक्ष्य दिया

नेपाल ने आईसीसी क्रिकेट विश्वकप लीग टू के तहत काठमांडू में ओमान को 257 रन का लक्ष्य दिया है। आसिफ शेख ने 94 रन बनाकर सबसे बड़ा योगदान दिया, जबकि अर्जुन कुमाल ने 48 और आरिफ शेख ने 43 रन जोड़े। नेपाल ने 49.5 ओवर में 256 रन बनाए, जिसमें ओमान के नदिम खान ने 3 विकेट लिए।

22 वैशाख, काठमांडू। आईसीसी क्रिकेट विश्वकप लीग टू के अंतर्गत काठमांडू में हो रही श्रृंखला के अंतिम मुकाबले में नेपाल ने ओमान को 257 रन का लक्ष्य दिया है। कीर्तिपुर स्थित टीयू अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट मैदान में टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए नेपाल ने 49.5 ओवर में अपनी सभी विकेट गंवा कर 256 रन बनाए। बल्लेबाजी में आसिफ और आरिफ शेख दाजुभाई चमके। नेपाल के ओपनर आसिफ शेख ने सर्वाधिक 94 रन बनाए, जबकि अर्जुन कुमाल ने 48, आरिफ शेख ने 43 और उपकप्तान दीपेन्द्र सिंह ऐरी ने 33 रन जोड़े।

आसिफ ने 97 गेंदों पर 7 चौके और 5 छक्के लगाए। बड़े शॉट खेलते हुए 35वें ओवर की तीसरी गेंद पर आउट हुए आसिफ का कैच आउट बॉउंड्री लाइन के पास लिया गया। यह ODI में आसिफ का 14वां अर्धशतक है। 66 मैचों में उन्होंने एक शतक और 14 अर्धशतक लगाए हैं। दूसरे ओपनर विनोद भंडारी दूसरे ओवर में ही बिना कोई रन बनाए आउट हो गए, जिसके बाद आसिफ और अर्जुन कुमाल ने दूसरे विकेट के लिए 123 रन की साझेदारी की।

अर्जुन ने 87 गेंदों पर 4 चौकों की मदद से 48 रन बनाए, लेकिन दो रन की कमी से अर्धशतक से चूक गए। उपकप्तान दीपेन्द्र सिंह ऐरी ने 42 गेंदों पर 1 चौका लगाते हुए 33 रन बनाए। गुल्सन ने 23 गेंदों में 2 चौकों की मदद से 17 रन जोड़े। कप्तान रोहित पौडेल ने 16 गेंदों में सिर्फ 9 रन ही बनाए। 49 ओवर में नेपाल का स्कोर 237/9 था, जहां आसिफ ने आखिरी ओवर में लगातार तीन छक्के मारे और टीम का स्कोर बढ़ाया। लेकिन अंत के पांचवे गेंद पर आरिफ के आउट होते ही नेपाल की टीम ऑलआउट हो गई। ओमान के लिए नदिम खान ने सर्वाधिक 3 विकेट लिए, जबकि सकिल अहमद ने 2 विकेट हासिल किए।